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आगरा: माता-पिता के झगड़ों में बिगड़ रहा मासूमों का भविष्य, इस तरह पड़ रहा असर 

Mon, 25 Apr 2022 10:31 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Mon, 25 Apr 2022 10:31 AM IST
सार

घर में अक्सर दंपती के बीच झगड़े होते हैं, वो भी छोटी-छोटी बातों को लेकर, जिसका  सीधा असर उनके बच्चे पर पड़ता है। बच्चों की इन झगड़ों से पढ़ाई तो प्रभावित होती ही है साथ ही बच्चे भावनात्मक रूप से भी कमजोर हो सकते हैं।
 

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parents quarrels deteriorating future of innocents know how it is affecting
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

ताजनगरी आगरा में पति-पत्नी के बीच होने वाली तकरार को सुलझाने के लिए  परिवार परामर्श केंद्र में कई मामले सामने आते हैं। इनमें देखा ये जाता है कि माता-पिता के बीच होने वाले झगड़ों की मार बच्चों पर पड़ रही है। परिवार परामर्श केंद्र में आए मामलों में लगभग 70 से 80 फीसदी दंपतियों के बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है। स्कूल ससुराल के पास है और मां बच्चों के साथ मायके में रह रही है, जो स्कूल से बहुत दूर है। कई मामलों में पति बच्चों की पढ़ाई और खर्चे के लिए पैसे भी नहीं देता है। 
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केस-1: बेटी का नहीं हुआ दाखिला

धनौली निवासी युवती की शादी छह साल पहले ताजगंज के रहने वाले युवक के साथ हुई थी। दोनों की दो बेटियां हैं। महिला ने बताया कि वह तीन साल से अपने मायके में है। बड़ी बेटी का स्कूल में दाखिला नहीं हो पाया है। पति बच्चियों की परवाह नहीं करता। परिवार परामर्श केंद्र में छह महीने से मामला चल रहा है। केंद्र पर खर्चा उठाने और साथ रखने की बात करता है लेकिन लेने नहीं आता। 
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केस-2: बीच में छूटी बेटे की पढ़ाई

एत्मादपुर निवासी युवती की शादी सात साल पहले ताजगंज के रहने वाले युवक के साथ हुई थी। दोनों के एक बेटा। पत्नी का कहना है कि वह पिछले पांच महीने से मायके में रह रही है। ऐसे में बेटे की पढ़ाई रुक गई है। पति खर्चे के लिए पैसे नहीं देता। पति का कहना है कि पत्नी बच्चेे से मिलने भी नहीं देती। ऐसे में मैं उसका खर्चा नहीं उठाऊंगा। मामला चार महीने से केंद्र पर चल रहा है।
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जानें क्या कहते हैं काउंसलर 

परिवार परामर्श केंद्र के काउंसलर डॉ. आलोक तोमर का कहना है कि  पति-पत्नी के झगडे़ की वजह से बच्चों की बेकदरी हो रही है। ऐसे मामलों में दोनों को बच्चों का हवाला देकर सुलह कराने की कोशिश होती है। कई मामलों में तो ये प्रयोग सफल रहता है, पर कुछ मामलों में बड़ी समस्या रहती है।

आठ में सुलह, दो मामलों में मुकदमा दर्ज किया

परिवार परामर्श केंद्र प्रभारी कमर सुल्ताना ने बताया कि  रविवार को परिवार परामर्श केंद्र पर कुछ 30 फाइलों की काउंसिलिंग की गई। इनमें से आठ की सुलह करा दी गई। दो मामलों में मुकदमा दर्ज किया गया है। अन्य मामलों में अगली तारीख दी गई है।
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