{"_id":"65564097334fbce283080e84","slug":"mathura-firecracker-fire-one-teenager-died-during-treatment-death-toll-reaches-five-2023-11-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"मथुरा पटाखा अग्निकांड: उपचार के दौरान एक किशोर की मौत, पांच पहुंची मृतकों की संख्या; एम्स में था भर्ती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मथुरा पटाखा अग्निकांड: उपचार के दौरान एक किशोर की मौत, पांच पहुंची मृतकों की संख्या; एम्स में था भर्ती
Thu, 16 Nov 2023 09:47 PM IST
धीरेन्द्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Thu, 16 Nov 2023 09:47 PM IST
सार
मथुरा के राया में दिवाली पर पटाखा बाजार में लगी आग में झुलसे एक किशोर की मौत हो गई। उसका उपचार दिल्ली के एम्स में चल रहा था।
विज्ञापन
पटाखा बाजार में लगी आग
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मथुरा में राया के पटाखा बाजार में दिवाली के दिन भीषण अग्निकांड में झुलसे लोगों की मौत का सिलसिला रुक नहीं रहा है। बृहस्पतिवार को नौहझील निवासी राजेश (17) ने दिल्ली एम्स में दम तोड़ दिया। उसके पिता और दो भाई जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे हैं। इस हादसे में अब तक पांच लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें से दो हाथरस के हैं। वे राजेश के मामा थे। फिलहाल सात लोग गंभीर हालत में उपचाराधीन हैं। इधर, जिला प्रशासन ने मृतकों के आश्रितों को चार-चार लाख का मुआवजा देने की घोषणा की है।
नौहझील के आजाद नगर निवासी मोहन सिंह ने राया के गोपाल बाग में पटाखों की दुकान लगाई थी। पिता की मदद के लिए बड़ा बेटा रिंकू (26), राजेश और जतिन (15) भी दुकान पर मौजूद थे। आग से चारों लोग झुलस गए थे। मोहन सिंह की पत्नी के भाई सुशील व ठाकुरदास निवासी बमनई, हाथरस ने भी पटाखों की दुकान लगाई थी। इनकी मंगलवार को मौत हो गई। बृहस्पतिवार को एम्स में उपचार के दौरान राजेश ने भी दम तोड़ दिया। शाम को दिल्ली से शव गांव पहुंचा तो परिजन बिलख उठे। परिवार की पीड़ा देख हर किसी की आंखें नम हो गईं। देर शाम गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार कर दिया गया।
ये भी पढ़ें - मथुरा: एक्सप्रेसवे पर चलती स्लीपर बस में लगी आग, यात्रियों ने कूदकर बचाई जान
विज्ञापन
दैवीय आपदा कोष दी जाएगी सहायता राशि
मृतकों के आश्रितों को प्रशासन चार-चार लाख रुपये मुआवजा देगा। दैवीय आपदा कोष से इस सहायता राशि को दिया जाएगा। डीएम शैलेद्र कुमार सिंह ने बताया कि हादसा बेहद दुखद है। शासन को इस घटना की गंभीरता से अवगत कराते हुए मृतकों के परिजनों की आर्थिक स्थिति भी बताई गई है, जिसके बाद शासन ने मृतक आश्रितों को चार-चार लाख रुपये मुआवजा देने की मंजूरी दे दी है।
विज्ञापन
नौहझील के आजाद नगर निवासी मोहन सिंह ने राया के गोपाल बाग में पटाखों की दुकान लगाई थी। पिता की मदद के लिए बड़ा बेटा रिंकू (26), राजेश और जतिन (15) भी दुकान पर मौजूद थे। आग से चारों लोग झुलस गए थे। मोहन सिंह की पत्नी के भाई सुशील व ठाकुरदास निवासी बमनई, हाथरस ने भी पटाखों की दुकान लगाई थी। इनकी मंगलवार को मौत हो गई। बृहस्पतिवार को एम्स में उपचार के दौरान राजेश ने भी दम तोड़ दिया। शाम को दिल्ली से शव गांव पहुंचा तो परिजन बिलख उठे। परिवार की पीड़ा देख हर किसी की आंखें नम हो गईं। देर शाम गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार कर दिया गया।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - मथुरा: एक्सप्रेसवे पर चलती स्लीपर बस में लगी आग, यात्रियों ने कूदकर बचाई जान
विज्ञापन
दैवीय आपदा कोष दी जाएगी सहायता राशि
मृतकों के आश्रितों को प्रशासन चार-चार लाख रुपये मुआवजा देगा। दैवीय आपदा कोष से इस सहायता राशि को दिया जाएगा। डीएम शैलेद्र कुमार सिंह ने बताया कि हादसा बेहद दुखद है। शासन को इस घटना की गंभीरता से अवगत कराते हुए मृतकों के परिजनों की आर्थिक स्थिति भी बताई गई है, जिसके बाद शासन ने मृतक आश्रितों को चार-चार लाख रुपये मुआवजा देने की मंजूरी दे दी है।