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वृंदावन: रंगनाथ मंदिर में शुरू हुआ गोदाम्माजी का विवाहोत्सव, पांच दिन तक चलेगा अनूठा उत्सव
Fri, 10 Jan 2020 08:44 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा-वृंदावन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा-वृंदावन
Published by: मुकेश कुमार
Updated Fri, 10 Jan 2020 08:44 PM IST
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मां गोदाम्माजी
- फोटो : अमर उजाला
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वृंदावन के रंगनाथ मंदिर में शुक्रवार को गोदाम्माजी (लक्ष्मी जी) का पांच दिवसीय विवाह उत्सव शुरू हो गया। यह उत्सव प्रत्येक वर्ष सिर्फ वृंदावन स्थित दक्षिण भारतीय शैली के रंगनाथ मंदिर में धूमधाम से मनाया जाता है। इसमें विवाह से जुड़ी हर रस्म निभाई जाएंगी।
उत्सव के पहले दिन गोदाम्मा जी अपनी सखियों को निमंत्रण देने हल्दी के पत्ते, हल्दी की ताजा गांठ, पान सुपारी, ताजा फूलों की माला व अन्य शुभ सूचकों को लेकर निज मंदिर से निकलीं। घूंघट ओढ़े गोदाम्मा जी की शोभायात्रा भगवान रंगनाथ मंदिर में पहुंचीं, जहां पूजन अर्चन किया गया।
मान्यता है कि एक महीने तक चलने वाले धनुर्मास के दौरान गोदाम्मा जी भगवान विष्ण को वर के रूप में प्राप्ति के लिए व्रत करती हैं। इसके फलस्वरूप धनुर्मास के अंत में भगवान से उनका विवाह हुआ। तब से आज तक उत्तर भारत के प्रथम दिव्यदेश रंगनाथ मंदिर में इस पांच दिवसीय विवाह उत्सव का आयोजन किया जाता है।
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उत्सव के पहले दिन गोदाम्मा जी अपनी सखियों को निमंत्रण देने हल्दी के पत्ते, हल्दी की ताजा गांठ, पान सुपारी, ताजा फूलों की माला व अन्य शुभ सूचकों को लेकर निज मंदिर से निकलीं। घूंघट ओढ़े गोदाम्मा जी की शोभायात्रा भगवान रंगनाथ मंदिर में पहुंचीं, जहां पूजन अर्चन किया गया।
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मान्यता है कि एक महीने तक चलने वाले धनुर्मास के दौरान गोदाम्मा जी भगवान विष्ण को वर के रूप में प्राप्ति के लिए व्रत करती हैं। इसके फलस्वरूप धनुर्मास के अंत में भगवान से उनका विवाह हुआ। तब से आज तक उत्तर भारत के प्रथम दिव्यदेश रंगनाथ मंदिर में इस पांच दिवसीय विवाह उत्सव का आयोजन किया जाता है।
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मकर संक्रांति पर होगा विवाह
इस उत्सव के पहले चार दिन हल्दी, कुमकुम, गीत झूला आदि के कार्यक्रम होंगे, जिनकी शुरुआत हो गई है। पांचवें दिन विवाह उत्सव होता है। इस दौरान प्रत्येक दिन भगवान रंगनाथ की माला और एक विशेष आभूषण माता गोदाम्मा जी को पहनाया जाता है।
माता गोदाम्मा जी का विवाह उत्सव 14 जनवरी मकर संक्रांति के अवसर पर पूर्वी द्वार के नजदीक स्थित बारहद्वारी मंडप में होगा। गोदाम्मा जी का रंगमन्नार भगवान से विवाह होता है। इस उत्सव के दौरान बिल्कुल ऐसा लगता है जैसे घर की बेटी की शादी हो रही है। उत्सव में शामिल होने देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु आए हैं।
माता गोदाम्मा जी का विवाह उत्सव 14 जनवरी मकर संक्रांति के अवसर पर पूर्वी द्वार के नजदीक स्थित बारहद्वारी मंडप में होगा। गोदाम्मा जी का रंगमन्नार भगवान से विवाह होता है। इस उत्सव के दौरान बिल्कुल ऐसा लगता है जैसे घर की बेटी की शादी हो रही है। उत्सव में शामिल होने देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु आए हैं।