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मदर डेयरी दूध कलेक्शन सेंटर का लाइसेंस रद
ब्यूरो, अमर उजाला अागरा
Updated Wed, 17 Jun 2015 02:05 AM IST
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दूध में डिटरजेंट मिलने पर खाद्य एवं औषधि सुरक्षा विभाग ने मदर डेयरी के दूध कलेक्शन सेंटर का लाइसेंस रद कर दिया है। अधिकारी ने बताया कि 24 जून से सभी डेरियाें के कलेक्शन सेंटर और दूध के कारोबारियों के यहां छापेमारी अभियान चलाया जाएगा।
अभिहीत अधिकारी राम नरेश यादव ने बताया कि शासन का सख्त आदेश है कि किसी खाद्य पदार्थ के सैंपल में परीक्षण के बाद खतरनाक पदार्थ की मिलावट पाई जाती है तो सबसे पहले उसका लाइसेंस निलंबित किया जाए। अधोमानक के संबंध में लाइसेंस निलंबन की प्रक्रिया नहीं अपनाई जाती है। इसी के तहत बाह क्षेत्र के गांव शाहपुर ब्राह्मण में संचालित मदर डेयरी के दूध कलेक्शन सेंटर के खिलाफ कार्रवाई की गई है। गौरतलब है कि एफडीए की टीम ने नवंबर 2014 में बाह के गजौरा गांव निवासी विजेंद्र के कलेक्शन सेंटर और शाहपुर ब्राह्मण के रामेंद्र के सेंटर से दूध के सैंपल लिए थे।
कोलकाता की लैब में हुई जांच के बाद विजेंद्र के यहां से लिया सैंपल अधोमानक पाया गया था, जबकि रामेंद्र के यहां से लिए सैंपल में डिटरजेंट की मिलावट पाई गई थी। रामेंद्र का लाइसेंस तत्काल प्रभाव निलंबित कर दिया गया है। राम नरेश यादव ने बताया कि दूध और दूध से बने खाद्य पदार्थों में मिलावट की संभावना अधिक होती है। इसी लिए विशेष सतर्कता बरती जाती है। दूध की जांच लिए 24 जून से जिले भर में विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसमें लखनऊ की टीम सहयोग करेगी।
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अभिहीत अधिकारी राम नरेश यादव ने बताया कि शासन का सख्त आदेश है कि किसी खाद्य पदार्थ के सैंपल में परीक्षण के बाद खतरनाक पदार्थ की मिलावट पाई जाती है तो सबसे पहले उसका लाइसेंस निलंबित किया जाए। अधोमानक के संबंध में लाइसेंस निलंबन की प्रक्रिया नहीं अपनाई जाती है। इसी के तहत बाह क्षेत्र के गांव शाहपुर ब्राह्मण में संचालित मदर डेयरी के दूध कलेक्शन सेंटर के खिलाफ कार्रवाई की गई है। गौरतलब है कि एफडीए की टीम ने नवंबर 2014 में बाह के गजौरा गांव निवासी विजेंद्र के कलेक्शन सेंटर और शाहपुर ब्राह्मण के रामेंद्र के सेंटर से दूध के सैंपल लिए थे।
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कोलकाता की लैब में हुई जांच के बाद विजेंद्र के यहां से लिया सैंपल अधोमानक पाया गया था, जबकि रामेंद्र के यहां से लिए सैंपल में डिटरजेंट की मिलावट पाई गई थी। रामेंद्र का लाइसेंस तत्काल प्रभाव निलंबित कर दिया गया है। राम नरेश यादव ने बताया कि दूध और दूध से बने खाद्य पदार्थों में मिलावट की संभावना अधिक होती है। इसी लिए विशेष सतर्कता बरती जाती है। दूध की जांच लिए 24 जून से जिले भर में विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसमें लखनऊ की टीम सहयोग करेगी।
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