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यूपी: भर्ती करने में देरी क्यों? एसएन में प्रसूता की मौत पर जांच शुरू, तीन सदस्यीय टीम ने तलब की रिपोर्ट
Mon, 05 Oct 2026 12:08 PM IST
Dhirendra Singh
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Mon, 05 Oct 2026 12:08 PM IST
सार
एसएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती में देरी के आरोपों के बीच प्रसूता की मौत के मामले की जांच शुरू हो गई है और तीन सदस्यीय समिति ने संबंधित विभागों से रिपोर्ट मांगी है। इमरजेंसी और स्त्री रोग विभाग के प्रभारियों के साथ चिकित्सकीय स्टाफ और पीड़ित पक्ष के बयान भी दर्ज किए जाएंगे।
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एसएन मेडिकल कॉलेज
विस्तार
आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती में देरी होने पर प्रसूता की मौत के मामले की जांच शुरू हो गई है। तीन सदस्यीय समिति ने इमरजेंसी और स्त्री रोग विभाग के प्रभारियों से रिपोर्ट मांगी है। चिकित्सकीय स्टाफ और पीड़ित के भी बयान दर्ज किए जाएंगे।
शुक्रवार को तांतपुर निवासी विजय कुमारी करीब तीन घंटे तक एंबुलेंस में तड़पती रही थीं। परिजन गौरव ने भर्ती नहीं करने का आरोप लगाते हुए इमरजेंसी और स्त्री रोग विभाग में चक्कर लगवाने की बात कही थी। पुलिस और सीएम पोर्टल पर शिकायत के बाद मरीज को भर्ती किया गया था। कुछ घंटे बाद ही महिला की मौत हो गई थी।
इस मामले में कॉलेज प्रशासन ने डॉ. टीपी सिंह, डॉ. गजेंद्र विक्रम सिंह और डॉ. रेनू अग्रवाल को जांच सौंपी है।
टीम ने दोनों विभागों के प्रभारियों से मरीज के आने के समय, उपचार देने और देरी से भर्ती के आरोपों के बारे में रिपोर्ट मांगी है। पीड़ित से भी बात की है। उन्हें भी बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया जाएगा। प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई होगी।
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शुक्रवार को तांतपुर निवासी विजय कुमारी करीब तीन घंटे तक एंबुलेंस में तड़पती रही थीं। परिजन गौरव ने भर्ती नहीं करने का आरोप लगाते हुए इमरजेंसी और स्त्री रोग विभाग में चक्कर लगवाने की बात कही थी। पुलिस और सीएम पोर्टल पर शिकायत के बाद मरीज को भर्ती किया गया था। कुछ घंटे बाद ही महिला की मौत हो गई थी।
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इस मामले में कॉलेज प्रशासन ने डॉ. टीपी सिंह, डॉ. गजेंद्र विक्रम सिंह और डॉ. रेनू अग्रवाल को जांच सौंपी है।
टीम ने दोनों विभागों के प्रभारियों से मरीज के आने के समय, उपचार देने और देरी से भर्ती के आरोपों के बारे में रिपोर्ट मांगी है। पीड़ित से भी बात की है। उन्हें भी बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया जाएगा। प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई होगी।
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