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Rangbhari Ekadashi 2023: श्रीबांकेबिहारी मंदिर में आज रंगों की होली, केसर की खुशबू से महकेगा ठाकुरजी का आंगन
Fri, 03 Mar 2023 12:04 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Fri, 03 Mar 2023 12:04 AM IST
सार
Rangbhari Ekadashi: रंगभरी एकादशी से होली का परंपरागत शुभारंभ होता है। बांकेबिहारी मंदिर में टेसू के रंगों के साथ-साथ चोवा, चंदन के अलावा अबीर गुलाल से होली खेली जाती है।
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बांकेबिहारी मंदिर में बरसते रंग
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
जन-जन के आराध्य ठाकुर श्रीबांकेबिहारी महाराज आज रंगभरी एकादशी से जगमोहन में स्वेत पोशाक धारण कर, रजत सिंहासन पर विराजित होकर भक्तों संग होली खेलेंगे। इस परंपरा के बाद मंदिर में रंग वाली होली का शुभारंभ हो जाएगा। मंदिर को रंगबिरंगे गुब्बारों और फूलों से सजाया गया है।
मंदिर के सेवायत प्रहलाद वल्लभ गोस्वामी ने बताया कि रंगभरी एकादशी पर ठाकुर बांकेबिहारी के लिए शुद्ध केसर का रंग बनाया गया है। सेवायत सबसे पहले स्वर्ण रजत निर्मित पिचकारी से स्वेत वस्त्र धारण किए हुए ठाकुर बांकेबिहारी के ऊपर रंग डालते हैं, इसके बाद होली का परंपरागत शुभारंभ होता है। गोस्वामी ने बताया कि ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में टेसू के रंगों के साथ-साथ चोवा, चंदन के अलावा अबीर गुलाल से होली खेली जाती है। बताया कि रंगभरी एकादशी से शुरू होकर होली पूर्णिमा की शाम तक होती है। होली के दौरान ठाकुरजी को चाट, ठंडाई, जलेबी का विशेष भोग लगाया जाएगा।
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मंदिर के सेवायत प्रहलाद वल्लभ गोस्वामी ने बताया कि रंगभरी एकादशी पर ठाकुर बांकेबिहारी के लिए शुद्ध केसर का रंग बनाया गया है। सेवायत सबसे पहले स्वर्ण रजत निर्मित पिचकारी से स्वेत वस्त्र धारण किए हुए ठाकुर बांकेबिहारी के ऊपर रंग डालते हैं, इसके बाद होली का परंपरागत शुभारंभ होता है। गोस्वामी ने बताया कि ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में टेसू के रंगों के साथ-साथ चोवा, चंदन के अलावा अबीर गुलाल से होली खेली जाती है। बताया कि रंगभरी एकादशी से शुरू होकर होली पूर्णिमा की शाम तक होती है। होली के दौरान ठाकुरजी को चाट, ठंडाई, जलेबी का विशेष भोग लगाया जाएगा।
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रंगीली होली शोभायात्रा निकलेगी आज
रंगभरी एकादशी पर्व पर प्रतिवर्ष राधावल्लभ मंदिर से निकाली जाने वाली परंपरागत प्रिया प्रियतम की रंगीली होली शोभायात्रा मंदिर से शुक्रवार अपराह्न एक बजे से प्रारंभ होगी। शोभायात्रा में प्रिया प्रियतम सुसज्जित रथ पर सवार होकर भक्तों संग होली खेलने के लिए नगर का भ्रमण करेंगे। शोभायात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होती हुई मंदिर प्रांगण में आकर समाप्त होगी।
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