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मैनपुरी में नहीं थम रहा डायरिया, मासूम की मौत
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04एमएनपी-11-जिला अस्पताल में भर्ती मरीज
- फोटो : MAINPURI
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मैनपुरी। जिले में संक्रामक बीमारी थमने का नाम नहीं ले रही हैं। रविवार को डायरिया से पीड़ित एक और मासूम की जिला अस्पताल में मौत हो गई। वहीं, 27 अन्य मरीजों को गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जिले में बुखार, अस्थमा और डायरिया से लगातार मरीजों की मौत हो रही है। रविवार को ओपीडी में अवकाश रहा।
इसके बाद भी यहां बड़ी संख्या में मरीज पहुंचे। जिला अस्पताल में 27 मरीजों को बुखार, डायरिया, पेटदर्द, अस्थमा, निमोनिया आदि से पीड़ित होने पर भर्ती कराया गया। पांच मरीजों को गंभीर हालत में जिला अस्पताल से सैफई रेफर किया गया।
थाना कोतवाली क्षेत्र के गांव नगला जुला निवासी शैलेश कुमार की नौ माह की पुत्री नव्या को डायरिया होने पर जिला अस्पताल में शनिवार दोपहर भर्ती कराया गया था। देर रात उसकी मौत हो गई। सीएमएस ने बताया कि बच्ची को गंभीर हालत में भर्ती कराया गया था। यदि परिजन समय से उसे इलाज के लिए यहां लाते तो उसकी जान बचाई जा सकती थी।
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डायरिया होने पर किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। मरीज को तुरंत उपचार दिलाएं। बच्चों के मामले में और सतर्कता बरती जाए। लापरवाही बच्चों के लिए जानलेवा हो सकती है। -डॉ. आरके सागर, सीएमएस
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इसके बाद भी यहां बड़ी संख्या में मरीज पहुंचे। जिला अस्पताल में 27 मरीजों को बुखार, डायरिया, पेटदर्द, अस्थमा, निमोनिया आदि से पीड़ित होने पर भर्ती कराया गया। पांच मरीजों को गंभीर हालत में जिला अस्पताल से सैफई रेफर किया गया।
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थाना कोतवाली क्षेत्र के गांव नगला जुला निवासी शैलेश कुमार की नौ माह की पुत्री नव्या को डायरिया होने पर जिला अस्पताल में शनिवार दोपहर भर्ती कराया गया था। देर रात उसकी मौत हो गई। सीएमएस ने बताया कि बच्ची को गंभीर हालत में भर्ती कराया गया था। यदि परिजन समय से उसे इलाज के लिए यहां लाते तो उसकी जान बचाई जा सकती थी।
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डायरिया होने पर किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। मरीज को तुरंत उपचार दिलाएं। बच्चों के मामले में और सतर्कता बरती जाए। लापरवाही बच्चों के लिए जानलेवा हो सकती है। -डॉ. आरके सागर, सीएमएस