फिरोजाबाद: 'बुर्काधारी' चार युवकों ने 30 घंटे बाद उगला सच, 22 मोबाइल समेत ये सामान बरामद
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फिरोजाबाद के बस स्टैंड परिसर से पकड़े गए बुर्का पहने चार युवकों ने 30 घंटे बाद सच उगला है। इसके बाद पुलिस ने चारों आरोपियों को जेल भेज दिया है। इनके कब्जे से 22 मोबाइल, तीन तमंचे, छह कारतूस और एक छुरा समेत काफी सामान बरामद हुआ है।
एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह ने शनिवार को प्रेसवार्ता में बताया कि 21 फरवरी को थाना दक्षिण पुलिस ने चार युवकों को बस स्टैंड से गिरफ्तार किया था। इनमें तीन युवक बुर्का पहने थे। पूछताछ में पता चला कि ये युवक लूट की फिराक में थे।
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अपने नाम रवि जैन पुत्र शांतिलाल, प्रतीक जैन पुत्र जितेंद्र जैन, राहुल चौहान उर्फ लालू पुत्र अशोक निवासी मोहल्ला देवनगर, विक्की जैन पुत्र बॉबी जैन निवासी महावीर नगर, थाना दक्षिण बताए हैं।
पुलिस ने इन चारों के कब्जे से 22 मोबाइल, दो बाइक, तीन तमंचा, छह कारतूस, एक छुरा, दो पिस्टल नुमा लाइटर, तीन सुतली के बंडल, महिला पर्स, तीन बुर्के बरामद किए हैं। दो आरोपी बबलू जैन पुत्र जितेंद्र जैन एवं शालू उर्फ शानू यादव पुत्र राजू निवासी देवनगर फरार हैं।
बनाई थी यह योजना
एसपी सिटी ने बताया कि रवि और राहुल चौहान गैंग लीडर हैं। इन दोनों ने 15 दिन पूर्व लूट की योजना बनाई थी। पूछताछ में रवि जैन ने बताया कि उनके निशाने पर एक सराफा व्यापारी था। आरोपियों ने सोचा था कि बुर्का पहनकर जाएंगे तो पहचान नहीं होगी।
एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह ने बताया कि पकड़े गए बदमाश शहर में मोबाइल छिनैती की घटनाओं को अंजाम देते हैं। मोबाइल फोन को छीनने के बाद बबलू जैन को बेच देते हैं। वो मोबाइल रिपेयरिंग का काम करता है। मोबाइल की ईएमआई को बदलकर उसकी बिक्री कर देते थे।
आरोपियों ने यह भी कबूल किया कि वे अब तक चोरी के 100 से अधिक मोबाइल फोन बेच चुके हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से 22 मोबाइल बरामद किए हैं। पकड़े गए आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। इनके दो साथी फरार हैं, जिनकी तलाश पुलिस कर रही है।