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यूपी विधानसभा चुनाव 2022: अखिलेश यादव को बड़ा झटका, सपा छोड़कर पूर्व विधायक ने थामा भाजपा का दामन, रामप्रताप के समर्थक तिलमिलाए
Wed, 12 Jan 2022 01:26 PM IST
Abhishek Saxena
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Wed, 12 Jan 2022 01:26 PM IST
सार
एत्मादपुर की सीट पर चुनाव दिलचस्प होगा। चुनाव के लिए सभी पार्टियां अपने-अपने समीकरण फिट करने में जुटी हैं।
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भाजपा की सदस्यता लेते पूर्व विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
एत्मादपुर के पूर्व बसपा विधायक और अब सपा के प्रत्याशी के रूप में सक्रिय रहे डॉ. धर्मपाल सिंह ने बुधवार को दिल्ली में भाजपा का दामन थाम लिया। उन्होंने दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। उनके भाजपा में शामिल होने के बाद एत्मादपुर के वर्तमान भाजपा विधायक रामप्रताप सिंह चौहान केसमर्थकों ने दोपहर में जयपुर हाउस स्थित बृज क्षेत्र कार्यालय पर पहुंचकर हंगामा किया और डॉ. धर्मपाल को पार्टी में शामिल करने का विरोध किया। रामप्रताप के समर्थन में मंडल और वार्ड अध्यक्ष सामूहिक इस्तीफे लेकर पहुंचे और नारेबाजी की।
पहले चरण के विधानसभा चुनाव की प्रक्रिया शुरू होने से पहले दलबदल का खेल आगरा में भी शुरू हुआ और चार दिनों की अटकलबाजी के बाद एत्मादपुर के पूर्व विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह ने भाजपा का दामन थाम लिया। वह समाजवादी पार्टी में कुछ माह पहले ही शामिल हुए थे और सपा ने उन्हें प्रत्याशी के तौर पर सक्रिय किया था। बुधवार को भाजपा के दिल्ली कार्यालय पर जब पूर्व मंत्री रामसकल गुर्जर केसाथ पहुंचे और सोशल मीडिया पर उनके फोटो आए तो भाजपा संगठन के लोगों को जानकारी लग सकी। बीते 6 माह में कई बार उनके भाजपा में शामिल होने के कयास लगाए जा रहे थे।
रामप्रताप बोले-पार्टी मेरी मां, मुझे मेरी मां से दूर किया जा रहा है
आगरा। डॉ. धर्मपाल को भाजपा में शामिल करने पर एत्मादपुर के विधायक रामप्रताप सिंह चौहान का दर्द छलक आया। उन्होंने कहा कि पार्टी मेरी मां है और मुझे मेरी मां से दूर किया जा रहा है। बाहर से आए कुछ लोग ऐसा कर रहे हैं। पांच साल से क्षेत्र की जनता के बीच रहकर काम कर रहा हूं। पार्टी के पदाधिकारियों को कम से कम मुझसे तो बात करनी चाहिए थी। ऐसी क्या मजबूरी रही जोकि दलबदलू किस्म के लोगों को पार्टी में ले लिया।
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मैंने ब्रज क्षेत्र अध्यक्ष को फोन किया मगर मेरा फोन तीन घंटे बाद उठाया गया। पार्टी के लिए मेरी तीन पीढ़ियां लगी हैं। पार्टी को मैंने मां की तरह माना है, लेकिन बाहरी लोगों के कारण मुझे मां से दूर किया जा रहा है। मुझे कष्ट है कि पार्टी ने अपने मूल कार्यकर्ता को भुला दिया, जिसने विरोधियों से संघर्ष किया। उन्होंने कहा कि लोग सर्वे की बात कर रहे हैं मगर कोई सर्वे मेरे खिलाफ नहीं है। अगर क्षेत्र में जनता का साथ नहीं होता है तो पंचायत चुनाव में जो परिणाम एत्मादपुर ने दिया, वह परिणाम आ जाता। मेरे समर्थक ब्रज क्षेत्र कार्यालय पहुंचे, यह उनकी टीस है। वह इस्तीफा देने को तैयार बैठे हैं।
बृज क्षेत्र कार्यालय पर रामप्रताप समर्थकों का हंगामा
डॉ. धर्मपाल सिंह के भाजपा में शामिल होने के तुरंत बाद ही गांधी नगर स्थित भाजपा विधायक रामप्रताप सिंह चौहान के घर उनके समर्थकों और भाजपा के एत्मादपुर मंडल के कार्यकर्ताओं का जुटना शुरू हो गया। यहां से वह बृज क्षेत्र कार्र्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने डॉ. धर्मपाल सिंह के खिलाफ नारेबाजी की। मंडल और वार्ड अध्यक्ष अपने सामूहिक इस्तीफे लेकर पहुंचे। उनका कहना था कि रामप्रताप सिंह को एत्मादपुर से टिकट नहीं मिला तो वह पार्टी के लिए काम नहीं करेंगे। डॉ. धर्मपाल सिंह ने हमें जेल भिजवाया अब उसके लिए प्रचार नहीं करेंगे। काफी देर तक कार्यकर्ता नारेबाजी और हंगामा करते रहे। बृज क्षेत्र अध्यक्ष रजनीकांत माहेश्वरी के समझाने के बाद कार्यकर्ताओं ने हंगामा बंद किया।
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पहले चरण के विधानसभा चुनाव की प्रक्रिया शुरू होने से पहले दलबदल का खेल आगरा में भी शुरू हुआ और चार दिनों की अटकलबाजी के बाद एत्मादपुर के पूर्व विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह ने भाजपा का दामन थाम लिया। वह समाजवादी पार्टी में कुछ माह पहले ही शामिल हुए थे और सपा ने उन्हें प्रत्याशी के तौर पर सक्रिय किया था। बुधवार को भाजपा के दिल्ली कार्यालय पर जब पूर्व मंत्री रामसकल गुर्जर केसाथ पहुंचे और सोशल मीडिया पर उनके फोटो आए तो भाजपा संगठन के लोगों को जानकारी लग सकी। बीते 6 माह में कई बार उनके भाजपा में शामिल होने के कयास लगाए जा रहे थे।
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रामप्रताप बोले-पार्टी मेरी मां, मुझे मेरी मां से दूर किया जा रहा है
आगरा। डॉ. धर्मपाल को भाजपा में शामिल करने पर एत्मादपुर के विधायक रामप्रताप सिंह चौहान का दर्द छलक आया। उन्होंने कहा कि पार्टी मेरी मां है और मुझे मेरी मां से दूर किया जा रहा है। बाहर से आए कुछ लोग ऐसा कर रहे हैं। पांच साल से क्षेत्र की जनता के बीच रहकर काम कर रहा हूं। पार्टी के पदाधिकारियों को कम से कम मुझसे तो बात करनी चाहिए थी। ऐसी क्या मजबूरी रही जोकि दलबदलू किस्म के लोगों को पार्टी में ले लिया।
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मैंने ब्रज क्षेत्र अध्यक्ष को फोन किया मगर मेरा फोन तीन घंटे बाद उठाया गया। पार्टी के लिए मेरी तीन पीढ़ियां लगी हैं। पार्टी को मैंने मां की तरह माना है, लेकिन बाहरी लोगों के कारण मुझे मां से दूर किया जा रहा है। मुझे कष्ट है कि पार्टी ने अपने मूल कार्यकर्ता को भुला दिया, जिसने विरोधियों से संघर्ष किया। उन्होंने कहा कि लोग सर्वे की बात कर रहे हैं मगर कोई सर्वे मेरे खिलाफ नहीं है। अगर क्षेत्र में जनता का साथ नहीं होता है तो पंचायत चुनाव में जो परिणाम एत्मादपुर ने दिया, वह परिणाम आ जाता। मेरे समर्थक ब्रज क्षेत्र कार्यालय पहुंचे, यह उनकी टीस है। वह इस्तीफा देने को तैयार बैठे हैं।
बृज क्षेत्र कार्यालय पर रामप्रताप समर्थकों का हंगामा
डॉ. धर्मपाल सिंह के भाजपा में शामिल होने के तुरंत बाद ही गांधी नगर स्थित भाजपा विधायक रामप्रताप सिंह चौहान के घर उनके समर्थकों और भाजपा के एत्मादपुर मंडल के कार्यकर्ताओं का जुटना शुरू हो गया। यहां से वह बृज क्षेत्र कार्र्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने डॉ. धर्मपाल सिंह के खिलाफ नारेबाजी की। मंडल और वार्ड अध्यक्ष अपने सामूहिक इस्तीफे लेकर पहुंचे। उनका कहना था कि रामप्रताप सिंह को एत्मादपुर से टिकट नहीं मिला तो वह पार्टी के लिए काम नहीं करेंगे। डॉ. धर्मपाल सिंह ने हमें जेल भिजवाया अब उसके लिए प्रचार नहीं करेंगे। काफी देर तक कार्यकर्ता नारेबाजी और हंगामा करते रहे। बृज क्षेत्र अध्यक्ष रजनीकांत माहेश्वरी के समझाने के बाद कार्यकर्ताओं ने हंगामा बंद किया।