फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   former minister grandson car not found attempt was made to crush girl and her father Police engaged in search

UP: पूर्व मंत्री के नाती की कार भी न मिली...युवती और उसके पिता को कुचलने का किया था प्रयास; तलाश में पुलिस

Tue, 23 Apr 2024 09:37 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Tue, 23 Apr 2024 09:37 AM IST
सार

पूर्व मंत्री का नाती पुलिस की पकड़ से दूर है। वहीं उसकी कार भी पुलिस को नहीं मिली है, जिससे उसने युवती और उसके पिता को कुचलने का प्रयास किया था। 

 

विज्ञापन
former minister grandson car not found attempt was made to crush girl and her father Police engaged in search
पूर्व मंत्री का नाती दिव्यांश चौधरी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आगरा के ऋषि मार्ग (शाहगंज) पर जूता कारोबारी और उनकी बेटी को कार से कुचलकर मार डालने की कोशिश की गई। हालांकि वो बच गए। आरोप पूर्व मंत्री चौधरी उदयभान सिंह के पौत्र दिव्यांश चौधरी पर है। केस दर्ज होने के 8 दिन बाद भी आरोपी पुलिस की गिरफ्त में नहीं आ सका है। कार भी पुलिस बरामद नहीं कर सकी है। उधर, पीड़ित परिवार दहशत में है।
विज्ञापन

वारदात 15 अप्रैल को हुई थी। पुलिस ने हत्या की कोशिश का केस दर्ज किया। वारदात के बाद से पीड़ित युवती घर में कैद है। वह नौकरी पर नहीं जा पा रही है। पिता का कहना है कि पूर्व मंत्री के पौत्र ने पहली बार बेटी को परेशान नहीं किया। पहले कई बार हरकत कर चुका था। पुलिस के कार्रवाई न करने से उसका दुस्साहस बढ़ गया। पुलिस लगातार दबिश देने की बात कह रही है। कई लोगों को उठाया है। मगर, आरोपी अब तक पकड़ से दूर है।
विज्ञापन
विज्ञापन

उधर, एसीपी मंयक तिवारी ने बताया कि आरोपी के गैर जमानती वारंट के लिए विवेचक कोर्ट गए थे। प्रार्थनापत्र दिया। मगर, सुनवाई नहीं हो सकी। मंगलवार को फिर से विवेचक को कोर्ट भेजा जाएगा। वारंट मिलने पर ही इनाम घोषित किया जाएगा। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए टीम लगी है। परिचित, दोस्त और रिश्तेदारों से पूछताछ की जा रही है।
विज्ञापन

हाई प्रोफाइल मामलों में पुलिस फेल
1- कमिश्नरेट पुलिस हाई प्रोफाइल मामलों में फेल साबित हो रही है। बोदला में जमीन को कब्जाने के लिए फर्जी मुकदमे लिखे गए। एक परिवार को जेल भेजा गया। जेल से छूटने पर पीड़ित परिवार अधिकारियों से मिला। तत्कालीन एसओ, बिल्डर सहित अन्य पर केस दर्ज हुआ। अब तक पुलिस इस मामले की विवेचना पूरी नहीं कर पाई है।

2 - पुलिस की दबिश के दौरान अधिवक्ता सुनील शर्मा की अपार्टमेंट से गिरकर मौत हुई। पत्नी की तहरीर पर पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया। प्रदर्शन हुए। मगर, कार्रवाई के नाम पर कुछ नहीं हुआ। पीड़ित परिवार न्याय की आस में है। सीबीसीआईडी में विवेचना स्थानांतरित होने के लिए पत्र लिखा गया है।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed