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नजीर मेले में महके कौमी एकता के फूल

Sat, 13 Feb 2016 01:56 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा Updated Sat, 13 Feb 2016 01:56 AM IST
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flower of National Unity scarted in Nazir fair
मलको गली में जनकवि नजीर अकबराबादी की मजार पर 87वें नजीर बसंत मेले में कौमी एकता के फूल महके। बच्चों ने सरस्वती वंदना और सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। जिक्र-ए-नजीर में नजीर के उर्दू साहित्य में योगदान पर रोशनी डाली गई। कमिश्नर प्रदीप भटनागर और सपा नेता रामजीलाल सुमन ने चादरपोशी की। दोपहर बाद मुशायरे में शायरों ने कलाम पेश किए तो शाम को सुधीर नारायण ने नजीर की गजलों से माहौल को खुशनुमा बनाया।
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बज्म-ए-नजीर संस्था की ओर से आयोजित नजीर बसंत मेले का शुभारंभ सुबह नौ बजे नगर निगम इंटर कालेज के बच्चों ने रैली निकालकर किया। रैली ताजगंज क्षेत्र का भ्रमण करके नजीर की मजार पर पहुंची। यहां बच्चों ने वसंत पंचमी पर सरस्वती वंदना की। इसके बाद सांस्कृतिक प्रस्तुति दीं। जिक्र-ए-नजीर में आकांक्षा समिति की अध्यक्ष संगीता भटनागर, डा. शिवानी चतुर्वेदी, सपा महिला सभा की नीता सिंह, डा. शशि तिवारी आदि ने नजीर के साहित्य में योगदान पर रोशनी डाली। मंडलायुक्त प्रदीप भटनागर और सपा नेता रामजीलाल सुमन ने दोपहर में नजीर की मजार पर चादरपोशी की। निजामत कर रहे बज्मे नजीर के पीरजादा उमर तैमूरी ने कहा कि अब इस मेले के आयोजन की व्यवस्था नगर निगम को संभालनी चाहिए।  
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मन: कामेश्वर मंदिर के महंत योगेश पुरी ने मजार पर आयोजित मुशायरे का शमां रोशन करके आगाज किया। उन्होंने कौमी एकता के मेले को मील का पत्थर बताया। मुशायरे में गुलजार अकबराबादी ने फरमाया, सूरज हूं, इक दिन ढल जाऊंगा, तेरी आंखों में खटकता हूं, इक निकल जाऊंगा। महमूद अकबराबादी, राहिल जैदी, जीएम बख्शी, कौसर जहां, नजीर अकबराबादी, अखलाक बदांयूनी, अफजाल अकबराबादी ने भी कलाम पेश किए। कई शायरों ने नजीर की गजलों को पेश करके उन्हें खिराज ए अकीदत पेश की।
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शाम को मजार पर मशहूर गजल गायक सुधीर नारायण ने नजीर की गजलों को सुरों से सजाया। ‘जब लाद चलेगा बंजारा, ठाट धरा जाएगा... आशिक कहो, असीर कहो, आगरे का है, मुल्ला कहो, कबीर कहो, आगरे का है..समेत कई प्रस्तुति दीं। व्यवस्थाओं में आरिफ तैमूरी, राकेश दीक्षित, प्रधानाचार्य अशोक कुमार वर्मा, टीसी राठौर, माहिर अकबराबादी का सहयोग रहा।


विकास न कराने का आरोप और परंपराओं पर ऐतराज
नजीर वसंत मेले में आए अधिकारियों के सामने क्षेत्रीय लोगों ने विकास कार्यों की बात पर हंगामा खड़ा कर दिया। उनका कहना था कि हर साल अफसर नजीर की मजार पर सुंदरीकरण और विकास की बात कहकर चले जाते हैं। उन्होंने कहा कि नगर निगम ने मेले में मजार के पास गंदगी तक साफ नहीं कराई। इस पर प्रोग्राम रुक गया। हंगामा बढ़ने पर मंडलायुक्त ने मजार पर विकास कार्य कराए जाने का आश्वासन दिया। उधर, कुछ क्षेत्रीय लोगों का विरोध मजार पर अपनाई जाने वाली परंपराओं को लेकर भी था। उन्होंने पहले तो सरस्वती वंदना कराने का विरोध किया। इसके बाद चादरपोशी से पहले गुस्ल, गुलपोशी जैसी रस्में पूरी करने की बात कही। आयोजकों का कहना है कि क्षेत्रीय लोगों का विरोध विकास कार्यों को लेकर था।
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