फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Father will give five lakh rupees to the person who gives clues to the kidnapped son in agra

पुलिस से टूटी उम्मीद, अपहृत बेटे का सुराग देने वाले को पिता देंगे पांच लाख का ईनाम

Mon, 10 Dec 2018 04:01 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा Updated Mon, 10 Dec 2018 04:01 PM IST
विज्ञापन
Father will give five lakh rupees to the person who gives clues to the kidnapped son in agra
इशांत की फोटो (बायें ), बेटे के आने की आस में मां-बाप (दायें) - फोटो : अमर उजाला
'मैंने इतना बुरा समय अपनी जिंदगी में कभी नहीं देखा। पैसा चला जाए तो कोई समस्या नहीं होती है मगर, मेरा लाडला चला गया। वह जिगर का टुकड़ा था। उसे पुलिस ढूंढ नहीं पाई। अब कोई उम्मीद नहीं है। यह कहते-कहते आगरा के 59 वर्षीय अनिल जैन रो पड़ते हैं। 
विज्ञापन


अनिल जैन के बेटे इशांत का पांच महीने पहले अपहरण हो गया था। मगर, पुलिस आज तक उसे ढूंढ नहीं सकी है। पुलिस से उम्मीद छोड़ चुके पिता ने बेटे का सुराग देने वाले के लिए पांच लाख रुपये देने की घोषणा की है।
विज्ञापन


पुरानी ईदगाह कालोनी निवासी अनिल जैन का चक्की की बेल्ट बनाने का कारोबार है। उन्होंने बताया कि बेटा इशांत घर में सबसे छोटा है। वो तीन बेटों में उसे सबसे ज्यादा प्यार करते हैं। पांच जुलाई को इशांत कार लेकर घर से निकला था। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Trending Videos

ईदगाह के पास से हुआ अपहरण

इशांत को ईदगाह बस स्टैंड के पास से सामान लेना था। इसके बाद लौटा नहीं। इससे परिजनों को चिंता हुई। उसकी तलाश की, लेकिन वो नहीं मिला। बाद में मुकदमा दर्ज कराया। तीन दिन बाद फिरौती के लिए फोन आया। उनसे कहा गया कि 50 लाख रुपयों का इंतजाम कर लो। नहीं तो बेटा जिंदा नहीं मिलेगा। 

उन्होंने अपहरणकर्ताओं से कहा कि वो दस लाख तो कर्ज लेकर ले आएंगे, लेकिन इतनी ज्यादा रकम अभी नहीं है। इसके बाद फोन कट गया। इसके बाद कोई कॉल नहीं आया। चार दिन बाद बेटे की कार मुगल रोड, कमला नगर में खड़ी मिल गई। 

इसके बाद थाने से लेकर अधिकारियों के दफ्तरों तक के चक्कर काट चुके हैं। मगर, कहीं से कोई राहत नहीं मिली। अब उम्मीद नहीं है कि बेटे को पुलिस ढूंढ लाएगी। एक बार टीम राजाखेड़ा भी गई थी। वह अपने खर्चे पर पुलिस को लेकर गए, लेकिन कुछ नहीं हुआ। 

हर आहट पर दौड़ पड़ती है मां

बेटे के अपहरण के बाद से पिता अनिल ही नहीं, मां सुषमा जैन का रो-रोकर बुरा हाल है। वह हर आहट पर दरवाजे की तरफ दौड़ पड़ती हैं। सुबह-शाम दरवाजे पर खड़ी रहती हैं। यही सोचती रहती हैं, कभी तो उनका लाडला बेटा आएगा। वह उसकी आवाज सुन सकेंगी।

किया था व्हाट्स एप कॉल

अपहरणकर्ताओं ने फिरौती के लिए कॉल व्हाट्स एप से किया था। पुलिस ने जांच की तो उसका पता नहीं चल सका। हर बार पुलिस एक ही बात करती है उसे ढूंढ रहे हैं, लेकिन कुछ नहीं होता है।

इस संबंध में एसपी सिटी प्रशांत वर्मा ने कहा कि युवक की तलाश की जा रही है। इसके लिए रकाबगंज थाने की टीम लगी है। एक बार कॉल आया था। इसके बाद कोई कॉल नहीं आया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed