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Agra News: डाकघरों में हुए करोड़ों के गबन, कार्रवाई फाइलों में दफन
Thu, 16 May 2024 11:28 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Updated Thu, 16 May 2024 11:28 PM IST
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मैनपुरी।
डाकघरों में करोड़ों के गबन कर्मचारियों ने किए। शुरू में तो विभाग ने कर्मचारियों के निलंबन और जांच की कार्रवाई की, लेकिन बाद में सब ठंडे बस्ते में चला गया। लगभग 10 महीने बाद भी अब तक मामले में दोषियों पर न तो कार्रवाई हो पाई और न ही खाताधारकों को उनकी मेहनत की कमाई वापस मिली। समय बीतने के साथ खाताधारकों की हिम्मत भी अब टूटती जा रही है।
शाखा डाकघर अंगौथा के साथ ही प्रधान डाकघर मैनपुरी में गबन के मामले सामने आए थे। दोनों ही डाकघरों में खाताधारकों के खातों से स्टाफ ने ही गबन किया था। अंगौथा में शाखा डाकपाल ओमप्रकाश सिंह ने इस पूरे गबन को अंजाम दिया था तो वहीं प्रधान डाकघर में डाक सहायक जीवन शाक्य ने गबन किया था। जुलाई 2023 में गबन सामने आने के बाद जांचें शुरू हुईं, लेकिन आज तक ये जांचें पूरी नहीं हो सकीं। अब तक डाक विभाग ये स्पष्ट नहीं कर सका कि आखिर खातों से गबन कितनी धनराशि का हुआ था। प्रधान डाकघर में हुए गबन की जांच सहायक डाक अधीक्षक लक्ष्मण सिंह कर रहे थे तो वहीं शाखा डाकघर अंगौथा की जांच का जिम्मा मंडलीय उप निरीक्षक मनोज पाल पर था। मनोज पाल का स्थानांतरण हो चुका है तो वहीं प्रधान डाकघर की जांच के मामले में भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है।
लगभग 10 माह का समय बीतने के बाद अब जांच ठंडे बस्ते में डाल दी गई है। खाताधारक न्याय और अपनी मेहनत की कमाई वापस मिलने के लिए डाकघरों का चक्कर लगा रहे हैं। लेकिन उनकी सुनने वाला कोई नहीं है।
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10 महीने में तीन डाक अधीक्षक हटे
डाकघरों में हुए गबन के बाद 10 माह में तीन डाक अधीक्षकों को बदल दिया गया। गबन के समय डाक अधीक्षक के पद पर संजय सिंह की तैनाती थी। उनका स्थानांतरण होने के बाद सहायक डाक अधीक्षक देवेंद्र सिंह को डाक अधीक्षक बनाया गया था। कुछ ही महीने में डाक अधीक्षक देवेंद्र सिंह को हटाकर झांसी भेज दिया गया। उनके स्थान पर झांसी से अशोक कुमार त्रिपाठी को भेजा गया। वहीं एक बार फिर उन्हें भी दो माह पहले हटा दिया गया। अब आरएस शर्मा को डाक अधीक्षक बनाया गया है। लगातार अधिकारियों के बदलने से नवीन तैनाती वाले अधिकारियों को शुरू हो से पूरे मामले को समझना पड़ता है।
मामले में कार्रवाई चल रही है। विभाग अपनी जांच कर रहा है। अभी खाताधारकों को रुपये मिलने में समय लगेगा। जल्द से जल्द विभागीय जांच पूरी कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई कराई जाएगी। - आरएस शर्मा, डाक अधीक्षक मैनपुरी मंडल
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डाकघरों में करोड़ों के गबन कर्मचारियों ने किए। शुरू में तो विभाग ने कर्मचारियों के निलंबन और जांच की कार्रवाई की, लेकिन बाद में सब ठंडे बस्ते में चला गया। लगभग 10 महीने बाद भी अब तक मामले में दोषियों पर न तो कार्रवाई हो पाई और न ही खाताधारकों को उनकी मेहनत की कमाई वापस मिली। समय बीतने के साथ खाताधारकों की हिम्मत भी अब टूटती जा रही है।
शाखा डाकघर अंगौथा के साथ ही प्रधान डाकघर मैनपुरी में गबन के मामले सामने आए थे। दोनों ही डाकघरों में खाताधारकों के खातों से स्टाफ ने ही गबन किया था। अंगौथा में शाखा डाकपाल ओमप्रकाश सिंह ने इस पूरे गबन को अंजाम दिया था तो वहीं प्रधान डाकघर में डाक सहायक जीवन शाक्य ने गबन किया था। जुलाई 2023 में गबन सामने आने के बाद जांचें शुरू हुईं, लेकिन आज तक ये जांचें पूरी नहीं हो सकीं। अब तक डाक विभाग ये स्पष्ट नहीं कर सका कि आखिर खातों से गबन कितनी धनराशि का हुआ था। प्रधान डाकघर में हुए गबन की जांच सहायक डाक अधीक्षक लक्ष्मण सिंह कर रहे थे तो वहीं शाखा डाकघर अंगौथा की जांच का जिम्मा मंडलीय उप निरीक्षक मनोज पाल पर था। मनोज पाल का स्थानांतरण हो चुका है तो वहीं प्रधान डाकघर की जांच के मामले में भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है।
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लगभग 10 माह का समय बीतने के बाद अब जांच ठंडे बस्ते में डाल दी गई है। खाताधारक न्याय और अपनी मेहनत की कमाई वापस मिलने के लिए डाकघरों का चक्कर लगा रहे हैं। लेकिन उनकी सुनने वाला कोई नहीं है।
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10 महीने में तीन डाक अधीक्षक हटे
डाकघरों में हुए गबन के बाद 10 माह में तीन डाक अधीक्षकों को बदल दिया गया। गबन के समय डाक अधीक्षक के पद पर संजय सिंह की तैनाती थी। उनका स्थानांतरण होने के बाद सहायक डाक अधीक्षक देवेंद्र सिंह को डाक अधीक्षक बनाया गया था। कुछ ही महीने में डाक अधीक्षक देवेंद्र सिंह को हटाकर झांसी भेज दिया गया। उनके स्थान पर झांसी से अशोक कुमार त्रिपाठी को भेजा गया। वहीं एक बार फिर उन्हें भी दो माह पहले हटा दिया गया। अब आरएस शर्मा को डाक अधीक्षक बनाया गया है। लगातार अधिकारियों के बदलने से नवीन तैनाती वाले अधिकारियों को शुरू हो से पूरे मामले को समझना पड़ता है।
मामले में कार्रवाई चल रही है। विभाग अपनी जांच कर रहा है। अभी खाताधारकों को रुपये मिलने में समय लगेगा। जल्द से जल्द विभागीय जांच पूरी कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई कराई जाएगी। - आरएस शर्मा, डाक अधीक्षक मैनपुरी मंडल