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जांच के लिए लखनऊ से कासगंज पहुंचे डिप्टी सीएसओ
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कासगंज। पिछले सप्ताह सोमवार को फर्रुखाबाद में लोको पायलट, प्वाइंट मैन, स्टेशन मास्टर के बीच हुए विवाद के मामले में जांच अब पूर्वोत्तर रेलवे के डिप्टी सीएसओ (उप संरक्षा अधिकारी ) कर रहे हैं। मंगलवार को लखनऊ से डिप्टी सीएसओ अपनी टीम के साथ कासगंज पहुंचे। उन्होंने कर्मचारियों और अधिकारियों के बयान दर्ज किए हैं। मामले में अभी जांच अधिकारी किसी नतीजे पर नहीं पहुंचे हैं।
कासगंज के लोको पायलट मानसिंह मीणा सोमवार को कानपुर से ट्रेन लेकर कासगंज जा रहे थे। फर्रुखाबाद पर प्वाइंट मैन से उनका विवाद हुआ। लोको पायलट का कहना था कि ट्रेन में ब्रेक खराब है, इसलिए ट्रेन आगे नहीं बढ़ाई जा सकती। उसके बाद सिग्नल ऑफ कर दिया गया। विवाद बढ़ा तो मामला स्टेशन मास्टर तक पहुंचा।
स्टेशन मास्टर भी विवाद के घेरे में आ गए। इस मामले में सीनियर सेक्शन इंजीनियर फर्रुखाबाद, मुख्य लोको निरीक्षक फर्रुखाबाद, यातायात निरीक्षक फर्रुखाबाद, मुख्य टिकट निरीक्षक फर्रुखाबाद की टीम ने जांच की। जांच में प्वाइंटमैन, कैरिज और कोच विभाग को भी दोषी ठहराया। इसकी रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को दी। इसके बाद मामले की अंतिम जांच रेलवे के उप संरक्षा अधिकारी लखनऊ कर रहे हैं। मंगलवार को वे अपनी टीम के साथ कासगंज जंक्शन स्टेशन पहुंचे और यहां उन्होंने बिंदुवार जांच शुरू की है। अफसरों से जानकारी ली है और इस घटना से जुड़े कर्मचारियों से भी पूछताछ की है।
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फर्रुखाबाद में हुए विवाद की जांच चल रही है। जांच रिपोर्ट की अभी जानकारी नहीं मिली है। जानकारी मिलने पर ही स्पष्ट किया जा सकेगा की क्या कार्रवाई हो रही है। उच्चाधिकारियों से जो दिशा निर्देश मिलेंगे उससे अवगत करा दिया जाएगा। राजेंद्र सिंह, पीआरओ रेलवे
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कासगंज के लोको पायलट मानसिंह मीणा सोमवार को कानपुर से ट्रेन लेकर कासगंज जा रहे थे। फर्रुखाबाद पर प्वाइंट मैन से उनका विवाद हुआ। लोको पायलट का कहना था कि ट्रेन में ब्रेक खराब है, इसलिए ट्रेन आगे नहीं बढ़ाई जा सकती। उसके बाद सिग्नल ऑफ कर दिया गया। विवाद बढ़ा तो मामला स्टेशन मास्टर तक पहुंचा।
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स्टेशन मास्टर भी विवाद के घेरे में आ गए। इस मामले में सीनियर सेक्शन इंजीनियर फर्रुखाबाद, मुख्य लोको निरीक्षक फर्रुखाबाद, यातायात निरीक्षक फर्रुखाबाद, मुख्य टिकट निरीक्षक फर्रुखाबाद की टीम ने जांच की। जांच में प्वाइंटमैन, कैरिज और कोच विभाग को भी दोषी ठहराया। इसकी रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को दी। इसके बाद मामले की अंतिम जांच रेलवे के उप संरक्षा अधिकारी लखनऊ कर रहे हैं। मंगलवार को वे अपनी टीम के साथ कासगंज जंक्शन स्टेशन पहुंचे और यहां उन्होंने बिंदुवार जांच शुरू की है। अफसरों से जानकारी ली है और इस घटना से जुड़े कर्मचारियों से भी पूछताछ की है।
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फर्रुखाबाद में हुए विवाद की जांच चल रही है। जांच रिपोर्ट की अभी जानकारी नहीं मिली है। जानकारी मिलने पर ही स्पष्ट किया जा सकेगा की क्या कार्रवाई हो रही है। उच्चाधिकारियों से जो दिशा निर्देश मिलेंगे उससे अवगत करा दिया जाएगा। राजेंद्र सिंह, पीआरओ रेलवे