फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   daughter committed suicide after Land worth 10 crores was sold for 2.40 crores by becoming fake owner

Agra: 10 करोड़ की जमीन फर्जी मालिक बनकर 2.40 करोड़ में बेची, आहत बेटी ने की आत्महत्या, जांच में हुआ ये खुलासा

Mon, 26 Dec 2022 12:34 PM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Mon, 26 Dec 2022 12:34 PM IST
सार

पुलिस की जांच में पता चला कि फर्जी कृष्णा ने बैनामे के समय 1.60 करोड़ रुपये नकद लिया था। 2.40 करोड़ रुपये खाते में चेक के माध्यम से दिए गए। 1.83 करोड़ रुपये निकाल लिए गए। चार से पांच खातों में रकम ट्रांसफर की गई।

विज्ञापन
daughter committed suicide after Land worth 10 crores was sold for 2.40 crores by becoming fake owner
demo pic

विस्तार

आगरा के थाना एत्मादपुर के गांव धरैरा में 32 बीघा जमीन को फर्जी मालिक बनकर बेचने की प्रारंभिक जांच में पुलिस को अहम जानकारी मिली है। जमीन का सौदा चार करोड़ में हुआ था। बैनामा से तीन दिन पहले ही बरहन में एक निजी बैंक में खाता खोला गया। चार से पांच खातों में रकम ट्रांसफर की गई। 1.60 करोड़ रुपये नकद लिए गए। पुलिस ने पांच खातों को फ्रीज कराया है। जमीन का मालिक बना फर्जी कृष्णा कौन है? उसके बारे में जानकारी की जा रही है।

विज्ञापन


न्यू राधा नगर निवासी कृष्णा तोमर की गांव धरैरा स्थित 35 बीघा जमीन (कच्चे) में से 32 बीघा को कूटरचित दस्तावेज से बेचा गया था। जमीन मालिक फर्जी कृष्णा तोमर बना। जमीन नेमीनाथ मेडिकल कॉलेज के मालिक प्रदीप गुप्ता के बेटे दीपेश गुप्ता ने खरीदी। इसमें दोनों पक्षों के गवाह बनाए गए थे। शनिवार को कृष्णा ने थाना एत्मादपुर में मुकदमा दर्ज कराया। इसमें ट्रांस यमुना कॉलोनी निवासी सुबोध सूदन, हाथरस निवासी भूपेंद्र सिंह, एत्मादपुर के गांव धरैरा निवासी प्रवेंद्र तोमर, नगला रामबक्श निवासी गौरव और हाथरस निवासी सीमा को नामजद किया गया। 
विज्ञापन


पुलिस की जांच में पता चला कि फर्जी कृष्णा ने बैनामे के समय 1.60 करोड़ रुपये नकद लिया था। 2.40 करोड़ रुपये खाते में चेक के माध्यम से दिए गए। 1.83 करोड़ रुपये निकाल लिए गए। चार से पांच खातों में रकम ट्रांसफर की गई। 57 लाख रुपये खातों में शेष बचे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

 कौन है फर्जी कृष्णा तोमर

पीड़ित कृष्णा तोमर का कहना है कि जमीन खरीदने वाले के तीन गवाह थे, जबकि बेचने वाले के दो। यह दो गवाह हाथरस के दिखाए गए। यह असली हैं या इनके भी फर्जी दस्तावेज लगाए? यह पुलिस की जांच में पता चल जाएगा। वहीं जो व्यक्ति कृष्णा तोमर बना? उसका फोटो बैनामे में साफ नजर नहीं आ रहा है। उसकी पहचान करना आसान नहीं है। ऐसा लग रहा है कि किसी मजदूर को खड़ा कर दिया गया। 

तहसील कर्मियों की मिलीभगत तो नहीं

पीड़ित ने आरोप लगाया कि जमीन खरीदार दीपेश गुप्ता हैं। उन्होंने 10 करोड़ की जमीन कम कीमत में खरीदी है। जमीन को खरीदने में खरीदार भी जिम्मेदार है। उनके पास ही बिचौलिया आया। कृष्णा से मिलवाया। जमीन महंगी होने के बावजूद कम कीमत में मिलने की वजह होनी चाहिए? उन्होंने अपनी तहरीर में खरीदार को भी जिम्मेदार ठहराया था, लेकिन तहरीर बदलवा दी गई। तहसील कर्मियों ने भी जांच नहीं की। उनकी मिलीभगत के बिना बैनामा नहीं हो सकता। जमीन पर केसीसी ऋण भी चल रहा है। इसका भुगतान भी नहीं किया गया।

नीतू की मौत के जिम्मेदार

परिवार का आरोप है कि नीतू की मौत के जिम्मेदार आरोपी भी हैं। नीतू की आत्महत्या से एक दिन पहले ही जमीन को फर्जी तरीके से बेचने का पता चला था। इससे नीतू सदमे में आ गई थी। उसे लगा कि जमीन बिक गई तो घर का खर्च कैसे चलेगा? उसकी शादी के लिए भी रकम इकट्ठा की जानी थी। कृष्णा तोमर ने बहन की मौत के मामले में भी मुकदमा दर्ज करने की मांग की।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed