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कुंदनिका शर्मा और अशोक लवानिया पर एफआईआर

Wed, 02 Mar 2016 01:15 AM IST
अागरा ब्यूूराे
अागरा ब्यूूराे Updated Wed, 02 Mar 2016 01:15 AM IST
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fir lodged on kundanika sharma and ashok lawaniya
विहिप नेता अरुण माहौर की 25 फरवरी को की गई हत्या के बाद 28 को उनकी श्रद्धांजलि सभा में दिए गए भड़काऊ भाषणों पर मंगलवार को संसद में हंगामा हो गया। इसके बाद पुलिस हरकत में आई। थाना लोहामंडी में शाम करीब चार बजे पार्षद कुंदनिका शर्मा, विहिप केजिला मंत्री अशोक लवानिया और एबीवीपी के प्रांत प्रमुख शशांक चौधरी के खिलाफ नामजद केस दर्ज कर लिया गया है। इन पर इन पर धार्मिक  भावनाएं भड़काने (धारा 153 ए और 295 ए) का आरोप है। एफआईआर जयपुर हाउस चौकी इंचार्ज की तरफ से दर्ज कराई गई है। इसके लिए पुलिस अधिकारियों ने चार घंटे सीडी को ध्यान से देखा। पुलिस सूत्रों ने बताया कि आला अफसरों ने कई घंटे इसी बात पर मंथन चला कि किस किस को आरोपी बनाना है और किस किस नेता को  नहीं? इसके बाद इन तीन नाम को फाइनल किया गया। पुलिस सूत्रों का यह भी कहना है कि इनसे ज्यादा भड़काऊ भाषण अन्य नेताओं के प्रतीत हो रहे थे लेकिन फिलहाल उन्हें बख्श दिया गया है। एसपी सिटी सुशील घुले ने बताया कि चौकी इंचार्ज की तहरीर पर केस लिखा गया है। अगर जांच के दौरान किसी की नामजदगी गलत पाई जाती है, तो उसका नाम निकाल दिया जाएगा। इसी तरह अगर कोई और भी आरोपी पाया जाता है, तो उसका नाम बढ़ा दिया जाएगा।
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भाजपाइयों पर चौथा केस
आगरा। विहिप नेता अरुण माहौर की हत्या के बाद भाजपा और हिंदूवादी नेताओं पर यह चौथा केस दर्ज किया गया है। इससे पहले दो मामले नाई की मण्डी थाना में और एक एमएम गेट में दर्ज किया गया। इनमें 600-700 अज्ञात आरोपी हैं। नामजद आरोपियों में विहिप नेता दिग्विजय नाथ तिवारी (पूर्व महानगर सह संयोेजक), प्रांत सह संपर्क प्रमुख रवि दुबे, संक्रेश शर्मा, पप्पू ठाकुर (राजेश्वर नगर अध्यक्ष), बाबा डिश वाला नौमी जैन, विजय भदौरिया को नामजद किया है। इन पर बलवे और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप है। अभी तक गिरफ्तारी किसी की नहीं की गई है।
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दोनों धाराएं गैर जमानती
आगरा। सीनियर एडवोकेट अभय पाठक ने बताया कि धार्मिक भावनाएं भड़काने की दोनों धाराएं 295 ए और 153 ए गैर जमानती हैं। दोनों में ही दोष सिद्ध होने की सूरत में तीन तीन साल कैद की सजा प्रावधान है।
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मुकदमों से नहीं डरता -
नामजद किए गए शशांक चौधरी ने प्रतिक्रिया में कहा कि वे मुकदमों से नहीं डरते हैं। प्रशासन एक नहीं, सौ मुकदमे लगा दे लेकिन अब हिंदूवादी शांत नहीं रहेंगे।


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