{"_id":"6030a8c48ebc3ee941516f0c","slug":"bawankheri-shabnam-case-news-six-members-killed-of-a-family-were-killed-in-agra-nine-years-ago","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आगरा के गांव तुरकिया में हुआ था बावनखेड़ी जैसा हत्याकांड, वहां बहन यहां भाई था हत्यारा","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
आगरा के गांव तुरकिया में हुआ था बावनखेड़ी जैसा हत्याकांड, वहां बहन यहां भाई था हत्यारा
Sat, 20 Feb 2021 11:46 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sat, 20 Feb 2021 11:46 AM IST
सार
- एक बीघा जमीन के लिए भाई ने बड़े भाई-भाभी और चार मासूमों की कर दी थी हत्या
- तीन साल पहले एक दोषी को सुनाई गई थी फांसी की सजा, केंद्रीय कारागर में बंद है हत्यारा
विज्ञापन
आगरा के अछनेरा क्षेत्र में हुआ था बावनखेड़ी जैसा हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
अमरोहा के गांव बावनखेड़ी जैसा हत्याकांड नौ साल पहले नौ मई 2012 को आगरा जिले के अछनेरा के गांव तुरकिया में हुआ था। यहां गंभीर सिंह नाम के युवक ने अपने नाबालिग दोस्त के साथ मिलकर बड़े भाई सत्यभान, भाभी पुष्पा और उनके चार मासूम बच्चों को मौत की नींद सुला दिया था। एक बीघा जमीन के लिए इस नरसंहार को अंजाम दिया गया था।
विज्ञापन
पुलिस के मुताबिक, गंभीर सिंह ने खाने में नशीला पदार्थ मिलाकर सत्यभान (35), उसकी पत्नी पुष्पा (30), बेटे कन्हैया (पांच), बेटी आरती (4), गुड़िया (तीन) और प्रिया (दो) को बेहोश कर दिया था। इसके बाद दोस्त की मदद से गंभीर ने सभी को कुल्हाड़ी से काट डाला था। गंभीर सिंह (40) को मार्च 2017 में फांसी की सजा सुनाई गई थी। वहीं उसकी बहन को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया था। गंभीर सिंह आगरा की केंद्रीय जेल में बंद है।
विज्ञापन
अमरोहा के गांव बावनखेड़ी की शिक्षामित्र शबनम ने 14/15 अप्रैल 2008 की रात को प्रेमी सलीम के साथ मिलकर अपने पिता मास्टर शौकत, मां हाशमी, भाई अनीस और राशिद, भाभी अंजुम, भतीजे अर्श और फुफेरी बहन राबिया की कुल्हाड़ी से वार कर हत्या कर दी थी। इस हत्याकांड में शबनम और सलीम को फांसी की सजा सुनाई गई है।
विज्ञापन
आगरा में अपने बहा चुके हैं खून
- जून 2015 को वकील प्रवीण गुलाटी की पत्नी रमा और बेटी दीक्षा की घर के अंदर ही बर्बरता से हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने दावा किया था कि दोहरा हत्याकांड प्रवीण गुलाटी के प्रतापपुरा निवासी भतीजे गौरव ने किया था। उसे जेल भेजा गया था। इसमें अभी बहस होनी है।
- नवंबर 2019 को एत्माद्दौला के कछपुरा में पति नरेश ने पत्नी शांति देवी की सोते समय बांक से सिर काटकर हत्या कर दी थी। कटा हुआ सिर कनस्तर में रखकर पहले पैदल और फिर सात किलोमीटर ऑटो में लेकर घूमता रहा था। हरीपर्वत चौराहे पर सिर लोगों को दिखाना चाहता था, लेकिन पुलिस ने पकड़ लिया, अभी जेल में है।
- बल्केश्वर स्थित सेंट एंड्रूज स्कूल परिसर में एक समाचार पत्र के संपादक विजय शर्मा की पत्नी नीलम शर्मा की घर में लूटपाट के बाद चाकुओं से गोदकर हत्या की गई थी। पुलिस के मुताबिक, वारदात को सगे भांजे आशुतोष गोस्वामी ने ही अंजाम दिया था, उसे गिरफ्तार किया गया।
- जून 2015 को वकील प्रवीण गुलाटी की पत्नी रमा और बेटी दीक्षा की घर के अंदर ही बर्बरता से हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने दावा किया था कि दोहरा हत्याकांड प्रवीण गुलाटी के प्रतापपुरा निवासी भतीजे गौरव ने किया था। उसे जेल भेजा गया था। इसमें अभी बहस होनी है।
- नवंबर 2019 को एत्माद्दौला के कछपुरा में पति नरेश ने पत्नी शांति देवी की सोते समय बांक से सिर काटकर हत्या कर दी थी। कटा हुआ सिर कनस्तर में रखकर पहले पैदल और फिर सात किलोमीटर ऑटो में लेकर घूमता रहा था। हरीपर्वत चौराहे पर सिर लोगों को दिखाना चाहता था, लेकिन पुलिस ने पकड़ लिया, अभी जेल में है।
- बल्केश्वर स्थित सेंट एंड्रूज स्कूल परिसर में एक समाचार पत्र के संपादक विजय शर्मा की पत्नी नीलम शर्मा की घर में लूटपाट के बाद चाकुओं से गोदकर हत्या की गई थी। पुलिस के मुताबिक, वारदात को सगे भांजे आशुतोष गोस्वामी ने ही अंजाम दिया था, उसे गिरफ्तार किया गया।