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वाहन चोरों ने फेल किए पुलिस के सारे प्लान
अमर उजाला ब्यूरो आगरा
Updated Wed, 18 May 2016 01:28 AM IST
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जोन में सबसे ज्यादा वाहन चोरी आगरा में ही दर्ज की गई
- फोटो : demo pic
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जोन की अपराध समीक्षा में आगरा जनपद फिर वाहन चोरी में नंबर वन पर मिला है। जनवरी से अप्रैल तक के आंकड़ों में जितनी वाहन चोरी अकेले इस जनपद में हुई है, उतनी पूरी अलीगढ़ रेंज में नहीं हुई है। तीन साल के तुलनात्मक आंकड़ों की रिपोर्ट भी यही बताती है कि वाहन चोरी का सबसे बड़ा केंद्र यही जिला बना है।
हैरानी की बात यह है कि हर साल सबसे ज्यादा वाहन हरीपर्वत थाना क्षेत्र से चोरी हो रहे हैं। इसमें भी संजय प्लेस नंबर वन है। यहां ऑटो लिफ्टिंग रोकने के लिए पुलिस तमाम प्लान बना चुकी। सभी फेल हो गए हैं। हालांकि पिछले दो सालों के मुकाबले इस बार वाहन चोरी की रफ्तार थोड़ी कम हुई है। एक जनवरी से 30 अप्रैल तक के आंकड़ों में 2014 में यहां 715 वाहन चोरी हुए थे, 2015 में 624 जबकि इस साल 571 हो चुके हैं। मथुरा और अलीगढ़ में वाहन चोरी घटने के बजाय और बढ़ गई है। मथुरा में 2014 में 221, 2015 में 213, 2016 में 239 हैं। अलीगढ़ में इसी तरह क्रमश: 522, 345, 348 हैं। मैनपुरी की भी यही कहानी है। यहां तीन सालों में क्रमश: 118, 110, 130 हैं। फीरोजाबाद में क्रमश: 122, 168, 167 हैं। कासगंज में तो रिकार्ड ही टूट गया हैं। यहां 2014 में 34 वाहन चोरी हुई जबकि 2015 में 28 जबकि इस साल ढाई गुना से ज्यादा (75) हैं। हाथरस में इस साल वाहन चोरी के 62 और एटा में 72 मामले दर्ज हैं। आगरा जोन की बात करें तो चार महीनों में 1664 वाहन चोरी दर्ज है। इनमें आगरा रेंज में 1107 और अलीगढ़ में 557 हैं।
संजय प्लेस पर खतरा ज्यादा
शहर के व्यवसायिक केंद्र संजय प्लेस पर वाहन चोरी का खतरा सबसे ज्यादा है। पुलिस अफसरों की मानें तो पूरे प्रदेश में किसी एक बाजार में इतनी वाहन चोरी नहीं होती, जितनी यहां है। यहां कम से कम 50 गिरोह सक्रिय बताए जाते हैं। वैध-अवैध 30 पार्किंग स्थल हैं। गूगल बेस्ड क्राइम मैपिंग के लिए तैयार आंकड़ों में भी यही नंबर वन है। जिले में वाहन चोरी में थानों में पहला नंबर हरीपर्वत का है। संजय प्लेस इसी में है। दूसरा न्यू आगरा का।
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क्राइम मैपिंग से मिलेगी जानकारी
गूगल बेस्ड क्राइम मैपिंग के लिए तैयारी चल रही है। कुछ समय बाद आप भी गूगल पर देख सकेंगे कि किस इलाके में किस तरह के अपराध का खतरा ज्यादा है। वाहन चोरी के बारे में भी पूरी जानकारी मिलेगी।
दिल्ली तक से आ रहे गैंग
ताजनगरी में वाहन चोरी केे लिए राजस्थान, मध्य प्रदेश और दिल्ली के गिरोह भी आ रहे हैं। पिछले दिनों ऐसे दो गिरोह पकड़े जा चुकेहैं जो ऑन डिमांड लग्जरी गाड़ी चोरी करते हैं।
सावधानी बरतिए, चोरी से बचिए
- पुलिस अफसरों का कहना है कि वाहन चोर उन वाहनों को ज्यादा चोरी करते हैं, जिनके लॉक पुराने हो चुके हों।
- इससे बचने का तरीका यही है कि वाहन का लॉक ज्यादा पुराना होने से पहले ही बदलवा दिया जाए।
- बाइक में हैंडल लॉक के अलावा पहिए और स्टैंड लॉक भी लगवाएं, चोरी का खतरा कम हो जाएगा।
- अगर बाइक या कार खड़ी करके बाजार में कोई सामान खरीद रहे हैं तो एक नजर वाहन पर जरूर रखें।
- मैरिज होम से वाहन चोरी की घटनाएं ज्यादा हैं, यहां अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत रहती है।
- वाहन को पार्किंग स्थल में ही खड़ा करना चाहिए।
जोन की अपराध समीक्षा
1. आगरा - 571
2. मथुरा - 239
3. अलीगढ़ - 348
4. फीरोजाबाद - 167
5. मैनपुरी - 130
6. कासगंज - 75
7. एटा - 72
8. हाथरस - 62
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हैरानी की बात यह है कि हर साल सबसे ज्यादा वाहन हरीपर्वत थाना क्षेत्र से चोरी हो रहे हैं। इसमें भी संजय प्लेस नंबर वन है। यहां ऑटो लिफ्टिंग रोकने के लिए पुलिस तमाम प्लान बना चुकी। सभी फेल हो गए हैं। हालांकि पिछले दो सालों के मुकाबले इस बार वाहन चोरी की रफ्तार थोड़ी कम हुई है। एक जनवरी से 30 अप्रैल तक के आंकड़ों में 2014 में यहां 715 वाहन चोरी हुए थे, 2015 में 624 जबकि इस साल 571 हो चुके हैं। मथुरा और अलीगढ़ में वाहन चोरी घटने के बजाय और बढ़ गई है। मथुरा में 2014 में 221, 2015 में 213, 2016 में 239 हैं। अलीगढ़ में इसी तरह क्रमश: 522, 345, 348 हैं। मैनपुरी की भी यही कहानी है। यहां तीन सालों में क्रमश: 118, 110, 130 हैं। फीरोजाबाद में क्रमश: 122, 168, 167 हैं। कासगंज में तो रिकार्ड ही टूट गया हैं। यहां 2014 में 34 वाहन चोरी हुई जबकि 2015 में 28 जबकि इस साल ढाई गुना से ज्यादा (75) हैं। हाथरस में इस साल वाहन चोरी के 62 और एटा में 72 मामले दर्ज हैं। आगरा जोन की बात करें तो चार महीनों में 1664 वाहन चोरी दर्ज है। इनमें आगरा रेंज में 1107 और अलीगढ़ में 557 हैं।
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संजय प्लेस पर खतरा ज्यादा
शहर के व्यवसायिक केंद्र संजय प्लेस पर वाहन चोरी का खतरा सबसे ज्यादा है। पुलिस अफसरों की मानें तो पूरे प्रदेश में किसी एक बाजार में इतनी वाहन चोरी नहीं होती, जितनी यहां है। यहां कम से कम 50 गिरोह सक्रिय बताए जाते हैं। वैध-अवैध 30 पार्किंग स्थल हैं। गूगल बेस्ड क्राइम मैपिंग के लिए तैयार आंकड़ों में भी यही नंबर वन है। जिले में वाहन चोरी में थानों में पहला नंबर हरीपर्वत का है। संजय प्लेस इसी में है। दूसरा न्यू आगरा का।
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क्राइम मैपिंग से मिलेगी जानकारी
गूगल बेस्ड क्राइम मैपिंग के लिए तैयारी चल रही है। कुछ समय बाद आप भी गूगल पर देख सकेंगे कि किस इलाके में किस तरह के अपराध का खतरा ज्यादा है। वाहन चोरी के बारे में भी पूरी जानकारी मिलेगी।
दिल्ली तक से आ रहे गैंग
ताजनगरी में वाहन चोरी केे लिए राजस्थान, मध्य प्रदेश और दिल्ली के गिरोह भी आ रहे हैं। पिछले दिनों ऐसे दो गिरोह पकड़े जा चुकेहैं जो ऑन डिमांड लग्जरी गाड़ी चोरी करते हैं।
सावधानी बरतिए, चोरी से बचिए
- पुलिस अफसरों का कहना है कि वाहन चोर उन वाहनों को ज्यादा चोरी करते हैं, जिनके लॉक पुराने हो चुके हों।
- इससे बचने का तरीका यही है कि वाहन का लॉक ज्यादा पुराना होने से पहले ही बदलवा दिया जाए।
- बाइक में हैंडल लॉक के अलावा पहिए और स्टैंड लॉक भी लगवाएं, चोरी का खतरा कम हो जाएगा।
- अगर बाइक या कार खड़ी करके बाजार में कोई सामान खरीद रहे हैं तो एक नजर वाहन पर जरूर रखें।
- मैरिज होम से वाहन चोरी की घटनाएं ज्यादा हैं, यहां अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत रहती है।
- वाहन को पार्किंग स्थल में ही खड़ा करना चाहिए।
जोन की अपराध समीक्षा
1. आगरा - 571
2. मथुरा - 239
3. अलीगढ़ - 348
4. फीरोजाबाद - 167
5. मैनपुरी - 130
6. कासगंज - 75
7. एटा - 72
8. हाथरस - 62