मथुरा में कोरोना: 24 घंटे में संक्रमण से तीन मरीजों की मौत, 214 लोग पॉजिटिव मिले
मथुरा में कोरोना संक्रमण से स्थिति भयावह होती जा रही है। जहां मरीजों की मौत का सिलसिला नहीं थम रहा है, वहीं तेजी से संक्रमण बढ़ रहा है।
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मथुरा जिले में शुक्रवार को कोरोना संक्रमण से दो महिलाओं समेत तीन मरीजों की मौत हो गई। इससे मृतकों की संख्या 131 हो गई है। 24 घंटे में 214 नए मरीज भी मिले हैं। अब संक्रमितों की संख्या बढ़कर 8591 हो गई है। इनमें 1191 सक्रिय मामले हैं।
गांव राल निवासी 45 वर्षीय व्यक्ति की तबियत खराब होने पर उसे केएस मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था, जहां शुक्रवार की शाम उनकी मौत हो गई। वहीं, छाता निवासी एक महिला की भी केएस मेडिकल कॉलेज में मृत्यु हो गई। इधर, लक्ष्मी रमण आचार्य नगर निवासी महिला ने आगरा के निजी अस्पताल में दम तोड़ दिया।
इन इलाकों में मिले नए मरीज
स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार मथुरा के डीगगेट, कर्मयोगी नगर, राधावैली, राधापुरम स्टेट, सरस्वती कुंड क्षेत्र, पंचवटी, लाल दरवाजा, सुखदेव नगर, लक्ष्मी नगर, मयूर विहार, जयसिंहपुरा, कृष्णानगर, मायाटीला, मिलिट्री अस्पताल, एटीवी नगर, चंदनवन, महोली रोड़, वृंदावन, अकबरपुर, मांट राजा, गोवर्धन, राधाकुंड, चौमुहा, मांट, नंदनगरिया, फरह, पाडल गोवर्धन, कृष्णा कॉलोनी, छाता, बठैनकलां, रहेणा नंदगाव, सोनई राया, पीएचसी गोवर्धन, नीमगांव गोवर्धन, गोकुल, फरह में कोरोना संक्रमित मिले हैं।
बाजार में घूम रही संक्रमित महिला
मोहल्ला साही सराय निवासी महिला की रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद भी वह खुलेआम बाजार में घूमती दिखी। महिला का पति अंडे ठेला लगाता दिखा। जानकारी होने पर सीएचसी अधीक्षक रामवीर सिंह और ईओ रोहित कुमार ने गली को सील करा दिया है।
वृंदावन में मिल रहे सबसे अधिक संक्रमित
जिले में सबसे अधिक केस वृंदावन में सामने आ रहे हैं। शुक्रवार को भी 39 नए मरीज मिले। खतरनाक होती इस स्थिति में वृंदावन के सरकारी चिकित्सालयों में वैक्सीन खत्म हो गई है। रात के कर्फ्यू पर पुलिस ध्यान नहीं दे रही है। सरकारी भवनों को अब तक सैनिटाइज नहीं किया गया है।
देश ही नहीं विदेश से ब्रज भूमि भ्रमण को आने वाले श्रद्धालुओं में सबसे बड़ी संख्या वृंदावन आने वालों की होती है। इनके अलावा शनिवार और रविवार को भी बड़ी संख्या में भक्तों की मौजूदगी सिर्फ श्रीबांकेबिहारी के दर्शन की रहती है। यही कारण है कि जनपद में सबसे अधिक संक्रमण का प्रभाव वृंदावन में देखने को मिल रहा है।
जनपद के कुल केसों में से 20 से 25 प्रतिशत वृंदावन में लोग संक्रमित हुए हैं। ऐसे समय में कोरोना की वैक्सीन सरकारी अस्पतालों में खत्म हो गई है। जिला संयुक्त चिकित्सालय में शुक्रवार को बड़ी संख्या में लोग बगैर वैक्सीन के निराश होकर लौट गए, जबकि हैजा अस्पताल में दो दिन से वैक्सीन नहीं है।