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हुलवाना माइनर टूटी, सैकड़ों एकड़ गेहूं की फसल जलमग्न
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सांचौली में हुलवाना माइनर टूटने से बहता पानी। संवाद
- फोटो : KOSI
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कोसीकलां (मथुरा)। कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण के पैतृक गांव से गुजर रही हुलवाना माइनर मंगलवार को टूट गई। जिससे सैकड़ों एकड़ फसल जलमग्न हो गई। माइनर को बंद कराने के लिए घंटों तक किसान अधिकारियों से गुहार लगाते रहे। कैबिनेट मंत्री ने मोर्चा संभाल माइनर को बंद कराया। उन्होंने इसे विभागीय अधिकारियों की लापरवाही करार देते हुए दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के संकेत दिए। बाद में तहसील प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया है।
सांचौली से होकर गुजर रही हुलवाना माइनर मंगलवार को टूट गई। सुबह उसकी जानकारी किसानों को हुई तो बड़ी संख्या में लोग वहां पहुंच गए। पटरी जिपं सदस्य नरदेव चौधरी के खेत के समीप से टूटी थी। पटरी का काफी बड़ा हिस्सा पानी के साथ बहकर चला गया। किसानों ने इसकी सूचना सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दी। लेकिन उनके कानों पर जूं तक नहीं रेंगी। जिसके बाद किसानों ने कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण के कार्यालय से संपर्क कर मामला बताया। तब कहीं जाकर अधिकारी हरकत में आए और माइनर के पानी को बंद कराया। लेकिन तब तक करीब 600 एकड़ गेहूं की फसल जलमग्न हो गई।
किसानों ने अपनी पीड़ा कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण को बयां की है। उन्होंने अधिकारियों से इसको लेकर बात की। जिसके बाद तहसील प्रशासन ने गांव पहुंचकर नुकसान का आकलन किया। कैबिनेट मंत्री का कहना था कि लापरवाह सिंचाई विभाग कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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सांचौली से होकर गुजर रही हुलवाना माइनर मंगलवार को टूट गई। सुबह उसकी जानकारी किसानों को हुई तो बड़ी संख्या में लोग वहां पहुंच गए। पटरी जिपं सदस्य नरदेव चौधरी के खेत के समीप से टूटी थी। पटरी का काफी बड़ा हिस्सा पानी के साथ बहकर चला गया। किसानों ने इसकी सूचना सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दी। लेकिन उनके कानों पर जूं तक नहीं रेंगी। जिसके बाद किसानों ने कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण के कार्यालय से संपर्क कर मामला बताया। तब कहीं जाकर अधिकारी हरकत में आए और माइनर के पानी को बंद कराया। लेकिन तब तक करीब 600 एकड़ गेहूं की फसल जलमग्न हो गई।
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किसानों ने अपनी पीड़ा कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण को बयां की है। उन्होंने अधिकारियों से इसको लेकर बात की। जिसके बाद तहसील प्रशासन ने गांव पहुंचकर नुकसान का आकलन किया। कैबिनेट मंत्री का कहना था कि लापरवाह सिंचाई विभाग कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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