फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   By adopting the Agra model pollution was controlled in just two years

UP: सांसों के लिए भी आंकड़ों की बाजीगरी! पांच साल पहले पांच गुना खराब थी आगरा की हवा, अब  67 एक्यूआई

Thu, 05 Dec 2024 09:22 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Thu, 05 Dec 2024 09:22 AM IST
सार

पांच साल में सबसे अच्छी हवा में आप सांस ले रहे हैं। दावा ये है कि 2023 से आगरा मॉडल अपनाने के बाद एकाएक शहर की हवा सुधरने लगी। आगरा के प्रदूषण में पांच गुना तक कमी दर्ज की गई है।

 

विज्ञापन
By adopting the Agra model pollution was controlled in just two years
ताजमहल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आगरा में अस्थमा के मरीजों की संख्या में भले ही 200 फीसदी का उछाल आया हो। सांस रोगी इन्हेलर का इस्तेमाल कर रहे हैं, लेकिन आगरा के लोग बीते पांच साल में सबसे अच्छी हवा में सांस ले रहे हैं। ऐसा उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़े बता रहे हैं। पांच साल में नवंबर और दिसंबर में हवा की गुणवत्ता इतनी अच्छी पहले कभी नहीं रही। दावा है कि आगरा मॉडल अपनाने के बाद एकाएक बीते साल से आगरा के प्रदूषण में पांच गुना तक कमी दर्ज की गई है।
विज्ञापन


ताज ट्रेपेजियम जोन में 25 से ज्यादा बंदिशों और ताजमहल के 500 मीटर दायरे में डीजल, पेट्रोल के वाहनों का प्रवेश बंद करने जैसे कदमों के बाद भी प्रदूषण में 22 साल में कमी दर्ज नहीं की जा सकी, लेकिन आगरा मॉडल अपना कर महज दो साल में ही प्रदूषण नियंत्रित कर लिया गया। आंकड़े कुछ ऐसा ही बता रहे हैं। बीते पांच सालों में दिसंबर माह के आंकड़ों के अध्ययन से खुलासा हुआ है कि 4 दिसंबर को आगरा का एक्यूआई महज 67 दर्ज किया गया, जबकि पांच साल पहले यह 361 पर था। यूपीपीसीबी के क्षेत्रीय अधिकारी डॉ. विश्वनाथ शर्मा के मुताबिक हवा तेज चलने और धूप खिलने के कारण यह तब्दीली आई है। मौसम के कई कारक इस बार नहीं है, जिससे प्रदूषण स्तर कम हुआ है।
विज्ञापन


क्या कहते हैं पर्यावरणविद
पर्यावरणविद डॉ. शरद गुप्ता का कहना है कि ऐसा कैसे संभव है कि ताजमहल जैसी शांत, हरियाली से घिरी जगह के अंदर, जहां वाहनों का संचालन आसपास भी नहीं होता, वहां एक्यूआई 300 के पार हो और संजय प्लेस, रोहता जैसी जगह 60। सिर्फ कागजों पर ही साफ हवा दिखाई जा रही है। टीटीजेड अथॉरिटी को सुप्रीम कोर्ट में इसका जवाब देना पड़ेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


पांच साल में दिसंबर में ऐसा रहा हाल
साल 1 दिसंबर 2 दिसंबर 3 दिसंबर 4 दिसंबर
2020 317 347 331 361

2021 294 323 107 185
2022 220 209 242 266

2023 71 126            179 93
2024 162 61             98             67

ऑटोमेटिक स्टेशनों में ऐसा रहा एक्यूआई
स्थल             एक्यूआई

मनोहरपुर            52
रोहता             64

संजय प्लेस 67
आवास विकास 84

शाहजहां पार्क 86
शास्त्रीपुरम 83
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed