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यूपीः आगरा से हाइजैक बस इटावा में मिली, गुत्थी सुलझाने में जुटी पुलिस
Thu, 20 Aug 2020 09:33 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Thu, 20 Aug 2020 09:33 AM IST
सार
आरटीओ के दलाल ने साथियों सहित 34 सवारियों से भरी बस मलपुरा में हाईजैक की, 14 घंटे बाद इटावा में खाली मिली, मंगलवार रात 10:30 बजे : बस हाईजैक की गई, दोपहर 12:30 बजे : खाली बस इटावा में मिली
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आगरा बस अपहरण: ढाबा से बरामद हुई हाइजैक बस
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
गुरुग्राम से मध्य प्रदेश के पन्ना जा रही ग्वालियर के कल्पना ट्रेवल की 34 सवारियों से भरी डबल डेकर स्लीपर बस को मंगलवार रात साढ़े दस बजे मलपुरा में न्यू दक्षिण बाईपास पर इटावा आरटीओ के दलाल प्रदीप गुप्ता उर्फ गुड्डा ने साथियों सहित हाईजैक कर लिया। दो एसयूवी कारों से आए हाईजैकर बस चालक, परिचालक और हेल्पर को रात दो बजे कुबेरपुर में छोड़ गए। एक एसयूवी चित्राहट में मिली है।
सवारियों को दूसरी बसों में बिठा दिया। खाली बस बुधवार दोपहर 12:30 बजे इटावा में मिली। आरोपी हाथ नहीं आए हैं। सवारियां तीन जगह बसें बदलकर दोपहर एक बजे छतरपुर पहुंच गई थीं।
एसएसपी बबलू कुमार ने बताया कि बस गुरुग्राम से मंगलवार शाम चार बजे चली थी। यह ग्वालियर के पवन अरोड़ा की है। इसे ओवरटेक करके रुकवाया गया। दलाल प्रदीप से उनका पैसे के लेनदेन का विवाद है। टोल प्लाजा के मिले फुटेज में पवन ने प्रदीप को पहचान लिया। डकैती और अपहरण का केस दर्ज किया गया है। कंडक्टर से 23 हजार रुपये लूटे गए हैं।
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सवारियों को दूसरी बसों में बिठा दिया। खाली बस बुधवार दोपहर 12:30 बजे इटावा में मिली। आरोपी हाथ नहीं आए हैं। सवारियां तीन जगह बसें बदलकर दोपहर एक बजे छतरपुर पहुंच गई थीं।
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एसएसपी बबलू कुमार ने बताया कि बस गुरुग्राम से मंगलवार शाम चार बजे चली थी। यह ग्वालियर के पवन अरोड़ा की है। इसे ओवरटेक करके रुकवाया गया। दलाल प्रदीप से उनका पैसे के लेनदेन का विवाद है। टोल प्लाजा के मिले फुटेज में पवन ने प्रदीप को पहचान लिया। डकैती और अपहरण का केस दर्ज किया गया है। कंडक्टर से 23 हजार रुपये लूटे गए हैं।
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हाईजैकर बोले, हम फाइनेंस कंपनी के एजेंट हैं, डरो नहीं
सवारियों ने बताया कि हाईजैकर ने बस मेंआते ही कहा कि वे श्रीराम फाइनेंस कंपनी आगरा से आए हैं। रिकवरी एजेंट हैं। एसएसपी ने बताया कि जांच में पाया गया कि आरोपियों ने झूठ बोला था।
बस चालक रमेश के मुताबिक परिचालक रामविशाल निवासी चन्दला, ग्वालियर, हेल्पर भूरा के मोबाइल फोन छीन लिये थे। बदमाश दो कार से थे। एक जायलो कार थी जिसका नम्बर Dl12 AC 2286 बताया गया है। दूसरी कार के बारे में जानकारी नहीं है। चालक रमेश का आरोप है कि कार में बैठाते समय मारपीट की थी। बस ग्वालियर में कल्पना ट्रेवल्स की है। ट्रेवल्स के मालिक पवन अरोरा हैं।
बस का रंग पीला है और कई जगह कल्पना लिखा हुआ है। चालक रमेश ने बताया कि बदमाश उनके मोबाइल वापस दे गए। बस सवार लोगों ने कोसी मथुरा में कृष्णा ढाबा पर खाना खाया था। सभी बदमाश मास्क लगाए हुए थे। बदमाशों ने आठ किश्त बकाया बताई थी। बदमाशों पर तमंचे होने की बात पर दिखाई नहीं देना बताया है। बस में चार लोग सवार हो गए थे। रास्ते में कहीं पर भी पुलिस पिकैट भी नहीं मिली, जिससे वे रास्ते में विरोध कर सकें।
सवारियों ने बताया कि हाईजैकर ने बस मेंआते ही कहा कि वे श्रीराम फाइनेंस कंपनी आगरा से आए हैं। रिकवरी एजेंट हैं। एसएसपी ने बताया कि जांच में पाया गया कि आरोपियों ने झूठ बोला था।
बस चालक रमेश के मुताबिक परिचालक रामविशाल निवासी चन्दला, ग्वालियर, हेल्पर भूरा के मोबाइल फोन छीन लिये थे। बदमाश दो कार से थे। एक जायलो कार थी जिसका नम्बर Dl12 AC 2286 बताया गया है। दूसरी कार के बारे में जानकारी नहीं है। चालक रमेश का आरोप है कि कार में बैठाते समय मारपीट की थी। बस ग्वालियर में कल्पना ट्रेवल्स की है। ट्रेवल्स के मालिक पवन अरोरा हैं।
बस का रंग पीला है और कई जगह कल्पना लिखा हुआ है। चालक रमेश ने बताया कि बदमाश उनके मोबाइल वापस दे गए। बस सवार लोगों ने कोसी मथुरा में कृष्णा ढाबा पर खाना खाया था। सभी बदमाश मास्क लगाए हुए थे। बदमाशों ने आठ किश्त बकाया बताई थी। बदमाशों पर तमंचे होने की बात पर दिखाई नहीं देना बताया है। बस में चार लोग सवार हो गए थे। रास्ते में कहीं पर भी पुलिस पिकैट भी नहीं मिली, जिससे वे रास्ते में विरोध कर सकें।