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परिजनों को बीएसएफ जवान के पार्थिव शरीर आने का इंतजार
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कासगंज। बीएसएफ जवान रामसेवक का फाइल फोटो।
- फोटो : KASGANJ
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कासगंज। भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा पर फाजिल्का सेक्टर में तैनात जिले के गांव कल्यानपुर निवासी जवान की मौत की सूचना पर पूरे परिवार में कोहराम मचा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। सगे-संबंधियों और परिजनों को जवान के पार्थिव शरीर के आने का इंतजार है।
181 बटालियन में तैनात जवान रामसेवक पुत्र राधेश्याम पचौरी की मौत हो गई। जवान की मौत ड्यूटी के दौरान करंट लगने से हुई। शुक्रवार को जवान की मृत्यु हो जाने के बाद शनिवार को परिजन दिनभर शोकाकुल रहे और शव आने का इंतजार करते रहे। सूचना पाकर उनके सगे-संबंधी घर पहुंच रहे है। जवान रामसेवक के दो पुत्री और एक पुत्र है। रामसेवक बीएसएफ में वर्ष 1986 में पंजाब की 181 बटालियन में भर्ती हुए थे। परिवार के अलावा गांव कल्यानपुर में भी शोक की लहर है। जवान की पत्नी और बच्चों को सांत्वना देने के लिए दिनभर लोग पहुंचते रहे।
आगरा में करा रहे थे बच्चों की पढ़ाई
रामसेवक अपने बच्चों का भविष्य सुनहरा बनाने के लिए उन्हें आगरा में शिक्षा दिला रहे हैं। सबसे बड़ी बेटी निशा आगरा में एमसीए कर रही है। बेटा राहुल बीएससी का छात्र है। सबसे छोटी बेटी हिमांशी कक्षा 9 की छात्रा है। पत्नी आगरा में रहकर ही बच्चों की देखभाल करती हैं। रामसेवक की मौत के बाद पूरा परिवार टूट गया है।
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181 बटालियन में तैनात जवान रामसेवक पुत्र राधेश्याम पचौरी की मौत हो गई। जवान की मौत ड्यूटी के दौरान करंट लगने से हुई। शुक्रवार को जवान की मृत्यु हो जाने के बाद शनिवार को परिजन दिनभर शोकाकुल रहे और शव आने का इंतजार करते रहे। सूचना पाकर उनके सगे-संबंधी घर पहुंच रहे है। जवान रामसेवक के दो पुत्री और एक पुत्र है। रामसेवक बीएसएफ में वर्ष 1986 में पंजाब की 181 बटालियन में भर्ती हुए थे। परिवार के अलावा गांव कल्यानपुर में भी शोक की लहर है। जवान की पत्नी और बच्चों को सांत्वना देने के लिए दिनभर लोग पहुंचते रहे।
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आगरा में करा रहे थे बच्चों की पढ़ाई
रामसेवक अपने बच्चों का भविष्य सुनहरा बनाने के लिए उन्हें आगरा में शिक्षा दिला रहे हैं। सबसे बड़ी बेटी निशा आगरा में एमसीए कर रही है। बेटा राहुल बीएससी का छात्र है। सबसे छोटी बेटी हिमांशी कक्षा 9 की छात्रा है। पत्नी आगरा में रहकर ही बच्चों की देखभाल करती हैं। रामसेवक की मौत के बाद पूरा परिवार टूट गया है।
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