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Agra: गरीबों के चावल की कालाबाजारी, राजस्थान में की जा रही बिक्री...11.50 क्विंटल के बोरे बरामद

Fri, 23 Aug 2024 09:40 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Fri, 23 Aug 2024 09:40 AM IST
सार

गरीबों को दिए जाने वाले चावल को  फेरी वालों से खरीदकर राजस्थान में बिक्री करते थे। इस चावल को मजदूर और ढाबा संचालक खरीद करते थे।

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Black marketing of rice of the poor being sold in Rajasthan bags of 11.50 quintals recovered
सरकारी चावल - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

आगरा के डौकी थाना क्षेत्र के गांव वाजिदपुर में सरकारी राशन की कालाबाजारी पकड़ी। मैक्स गाड़ी से 11.50 क्विंटल सरकारी चावल राजस्थान भेजा जा रहा था। आपूर्ति विभाग ने चावल जब्त कर लिया है। पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
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राशन की कालाबाजारी की मुखबिर ने उप जिलाधिकारी अनिल कुमार सिंह को सरकारी चावल को मैक्स गाड़ी में लादने की जानकारी दी। इस पर उन्होंने पूर्ति निरीक्षक पुष्पकांत सिंह और आशीष कुमार को जांच के लिए भेजा। मौके पर मैक्स गाड़ी में चावल लादे जा रहे थे। ये प्लास्टिक के कट्टों में भरे थे, इनकी संख्या 23 थी। एक कट्टे में 50 किलो चावल था। इसे जब्त करते हुए थाने लेकर आ गए। उपजिलाधिकारी ने बताया कि वाहन चालक और भवन स्वामी के खिलाफ केस दर्ज कराया जा रहा है।
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25 रुपये में खरीदकर 35 रुपये में करते बिक्री
डीएसओ संजीव सिंह ने बताया कि जानकारी मिली है कि फेरी वाले कार्डधारकों से 20 रुपये किलो के भाव से चावल खरीदते हैं। इसको ये राशन माफिया को 25 रुपये में बेचते हैं। इसे इकट्ठा कर ये राजस्थान में 35 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बेचते हैं। इसके खरीददार, मजदूर, ढाबा संचालक, आटा चक्की समेत अन्य हैं।
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