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UP: कैसे बनाएं जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र? नगर निगम ने लाॅन्च किया पोर्टल, यहां जानें पूरी प्रक्रिया
Sat, 02 Aug 2025 01:25 PM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Sat, 02 Aug 2025 01:25 PM IST
सार
Birth- Death Certificate Process: जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने के लिए अब लोगों को निगम कार्यालय में चक्कर नहीं लगाने होंगे। नगर निगम आगरा ने नया पोर्टल लाॅन्च किया है। इसके बाद आप घर बैठे आवेदन कर सकेंगे।
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जन्म प्रमाण पत्र
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
जन्म और मृत्यु प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए अब शहरवासियों को नगर निगम के चक्कर नहीं लगाने होंगे। लोगों को हो रही परेशानी को देखते हुए निगम ने शुक्रवार को ऑनलाइन पोर्टल https://www.annbdregistration.com/ लाॅन्च कर दिया। इसके माध्यम से कोई भी नागरिक कभी भी, कहीं से भी प्रमाणपत्र के लिए आवेदन कर सकता है।
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नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने बताया कि पोर्टल के जरिये लोगों को समयबद्ध तरीके से पारदर्शिता के साथ प्रमाणपत्र मिलने लगेंगे। उन्होंने बताया कि आवेदन करने के बाद आवेदक को एप्लीकेशन नंबर मिलेगा, जिससे वह इसकी प्रगति भी जान सकेंगे। अगर आवेदन में किसी प्रकार की कोई कमी पाई जाएगी तो विभाग द्वारा ऑनलाइन ही उसे दुरुस्त कर दिया जाएगा। निगम द्वारा आवेदन स्वीकृत होने के बाद प्रमाणपत्र ऑनलाइन ही जारी कर दिया जाएगा।
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पोर्टल के विषय में तकनीकी जानकारी देते हुए नगर निगम के आई.टी. ऑफिसर गौरव सिन्हा ने बताया कि पोर्टल पर पंजीकरण कर मोबाइल ओटीपी से लाॅगइन करें। फिर मृत्यु या जन्म प्रमाणपत्र के लिए बच्चे या मृतक का विवरण, नाम, लिंग, जन्मतिथि, स्थान, जोन आदि के अलावा माता-पिता का विवरण, नाम, आधार संख्या, पता दर्ज करना होगा।
उन्होंने बताया कि जरूरत पड़ने पर अस्पताल की पर्ची, आधार कार्ड, गवाहों के दस्तावेज लगाने होंगे। इसके बाद आवेदन संबंधित क्षेत्र के जोनल अधिकारी को ऑनलाइन भेज दिया जाएगा और अधिकारी आवेदन के सत्यापन के लिए लिपिक को भेजेंगे। सत्यापन के दौरान कोई कमी मिलने पर आवेदक को ऑनलाइन ही सूचना दी जाएगी। स्वीकृति के बाद सर्टिफिकेट ऑनलाइन ही जारी कर दिया जाएगा।
आसान होगी निगरानी
पोर्टल लाॅन्च होने के बाद प्रत्येक जोनल ऑफिस के आवेदनों की संख्या, समयबद्धता पर निगरानी रखी जाएगी। ऑनलाइन स्थिति ट्रैक की जा सकेगी और अगर कोई अधिकारी या कर्मचारी जबरदस्ती आवेदन को लंबित रखने की कोशिश करता मिलेगा तो उसकी जिम्मेदारी भी तय हो सकेगी।
पोर्टल लाॅन्च होने के बाद प्रत्येक जोनल ऑफिस के आवेदनों की संख्या, समयबद्धता पर निगरानी रखी जाएगी। ऑनलाइन स्थिति ट्रैक की जा सकेगी और अगर कोई अधिकारी या कर्मचारी जबरदस्ती आवेदन को लंबित रखने की कोशिश करता मिलेगा तो उसकी जिम्मेदारी भी तय हो सकेगी।