अमर उजाला पड़ताल: ताजनगरी में मुख्य सचिव का आदेश धुआं, दिन निकलते ही जला दिया कूड़ा
- मुख्य सचिव ने कूड़ा जलाने से रोकने के लिए सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। लेकिन इसके अगले दिन ही मंगलवार की सुबह आगरा में जगह-जगह कूड़े के ढेर में आग लगा दी गई। यह हाल तब है, जबकि ताजनगरी देश के टॉप टेन प्रदूषित शहरों में बनी हुई है। मंगलवार को यह नौवें स्थान पर रही। शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 281 रहा।
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पश्चिमपुरी : चौकी से पास ही लगा दी आग
पश्चिमपुरी पुलिस चौकी के पास 50 कदम दूरी पर सुबह सात बजे कूड़े के ढेर में आग लगा दी गई। 80 फुट तक बिखरे पड़े कचरे आग पूर्वाह्न 11:30 बजे तक जलती रही। जहरीला धुआं पश्चिमपुरी क्षेत्र की कॉलोनी में फैलता रहा।
टहलने निकले तो हुए परेशान
पश्चिमपुरी निवासी पूनम सिंह ने कहा कि हम लोग सुबह टहलने के लिए जब निकले तो कचरे में आग लगी हुई थी। सुबह जब ऑफिस जाने के लिए गए तब भी आग जल रही थी। यहां कूड़ा निस्तारण करने के लिए हर सप्ताह इसी तरह से आग लगाई जाती है। एडीए यहां कूड़ा उठाने नहीं आता।
रितु अग्रवाल ने कहा कि कूड़ा उठाने की जगह यहां अकसर आग लगा दी जाती है। इससे उठने वाले धुएं से हमें बहुत परेशानी होती है। गले में खराश और खांसी की शिकायत रहने लगी है। पता नहीं अफसरों को हमारी परेशानी कब नजर आएगी।
धूल उड़ने पर एनएचएआई, एडीए, स्मार्ट सिटी को नोटिस
निर्माण कार्य के दौरान धूल उड़ने पर नेशनल हाईवे अथॉरिटी, आगरा विकास प्राधिकरण और स्मार्ट सिटी को फिर नोटिस जारी किया गया है। उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने मंगलवार को तीनों विभागों को धूल नियंत्रण न कर पाने के लिए मंगलवार को नोटिस भेजा है।
नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के आगरा अलीगढ़ खंड इकाई, आगरा विकास प्राधिकरण को इनर रिंग रोड पर चल रहे निर्माण कार्य और स्मार्ट सिटी लिमिटेड को फतेहाबाद रोड पर कराए जा रहे निर्माण कार्य में लापरवाही बरतने के कारण दोबारा नोटिस जारी किए गए।
इन तीनों ही साइट पर धूल के गुबार उड़ रहे है, जिसमें से ताज नगरी की वायु गुणवत्ता खराब हो रही है। धूल कणों की मात्रा फतेहाबाद रोड पर सबसे ज्यादा है जो 499 के खतरनाक स्तर पर पहुंच कर लोगों को अस्थमा और सांस का रोगी बना रही है।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी भुवन प्रकाश यादव ने बताया कि तीनों विभागों को फिर से नोटिस भेजे गए हैं। धूल नियंत्रण के उपाय उन्हें अपनाने चाहिए, अन्यथा पर्यावरण क्षतिपूर्ति के कदम उठाए जाएंगे।
कुछ जगह किया पानी का छिड़काव
सोमवार को मुख्य सचिव द्वारा प्रदूषण रोकने के कदम उठाने के आदेश के बाद कुछ जगह पानी का छिड़काव किया गया लेकिन यह नाकाफी साबित हुआ। नगर निगम ने मंगलवार को आवास विकास कॉलोनी की सड़कों पर स्प्रिंकलर के जरिए पानी का छिड़काव कराया।
वहीं, फतेहाबाद रोड पर चल रहे निर्माण कार्य से उड़ रही धूल पर स्मार्ट सिटी कंपनी ने टैंकरों के जरिए पानी का छिड़काव कराया। हालांकि इससे धूल में कोई कमी नहीं आई। दोपहर बाद तेज हवा चलने के कारण धूल के गुबार उड़ते नजर आए।