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नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल से चरमराई चिकित्सकीय सेवाएं
नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल से चरमराई चिकित्सकीय सेवाएं
Updated Sat, 03 Sep 2016 12:21 AM IST
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नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल से चरमराई चिकित्सकीय सेवाएं
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल से एसएन मेडिकल कालेज, जिला अस्पताल, लेडी लायल के अलावा सभी सीएचसी में चिकित्सकीय सेवाएं चरमरा गईं। वार्डों में मरीज ड्रिप बदलना, इंजेक्शन लगाने तक का इंतजार करते रहे। आल इंडिया गवर्नमेंट नर्सेज फेडरेशन के आह्वान पर उप्र राजकीय नर्सेज संघ ने इमरजेंसी सेवाओं में भी सहयोग नहीं किया। सुबह लेडी लायल, जिला अस्पताल में धरना दिया। वहीं एसएन में काली पट्टी बांध पैदल मार्च निकाला। तख्तियां लेकर नर्सिंग स्टाफ ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। एसएन नर्सेज संघ अध्यक्ष कुंती चौहान का कहना है कि मांग पूरी न होने तक चिकित्सकीय सेवाओं का पूर्ण बहिष्कार रहेगा। प्रदर्शन में सुजाता तोमर, रानी वर्मा, राकेश शर्मा, अशोक कुमार, संदीप त्यागी, जितेंद्र सिंह, सुमित्रा पांडे, ज्योतिसिमा फ्लोरेंस आदि रहे।
जूनियर डाक्टर, संविदा चिकित्सकों ने संभाली कमान
नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल को देखते हुए जूनियर डाक्टर और संविदा चिकित्सकों ने कमान संभाली। लेडी लायल में 18 डिलीवरी हुई, जिसमें चार आपरेशन रहे। एसएन में छह सर्जरी हुईं। अमूमन अन्य दिनों में इससे डेढ़ गुना आपरेशन होते हैं।
नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल से दिक्कत जरूर आईं, लेकिन इलाज प्रभावित नहीं हुआ। जूनियर डाक्टरों की सेवाएं ली गईं, तय आपरेशन भी हुए।
डा. सरोज सिंह, प्राचार्य एसएन मेडिकल कालेज
संविदा चिकित्सकों की मदद से चिकित्सकीय सेवाएं दुुरुस्त रहीं। शुक्रवार को 18 से अधिक डिलीवरी हुई। हड़ताल के चलते पहले से इंतजाम कर लिए गए हैं।
- डा. नीना गुप्ता, प्रमुख अधीक्षिका, लेडी लायल
रेडियोलॉजिस्टों की हड़ताल
दो दिन से चल रही इंडियन रेडियोलॉजिकल एंड इमेजिंग एसोसिएशन की हड़ताल शुक्रवार को खत्म हो गई। एसोसिएशन के इलेक्ट प्रेसीडेंट डा. भूपेंद्र आहूजा ने बताया कि सरकार से वार्ता होने के बाद तीन महीने में मांगों का समाधान करने का आश्वासन मिला है। इधर, शुक्रवार को अल्ट्रासाउंड कराने के लिए मरीज भटकते रहे। साढ़े आठ बजे के बाद सेवाएं शुरू हो गईं।
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जूनियर डाक्टर, संविदा चिकित्सकों ने संभाली कमान
नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल को देखते हुए जूनियर डाक्टर और संविदा चिकित्सकों ने कमान संभाली। लेडी लायल में 18 डिलीवरी हुई, जिसमें चार आपरेशन रहे। एसएन में छह सर्जरी हुईं। अमूमन अन्य दिनों में इससे डेढ़ गुना आपरेशन होते हैं।
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नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल से दिक्कत जरूर आईं, लेकिन इलाज प्रभावित नहीं हुआ। जूनियर डाक्टरों की सेवाएं ली गईं, तय आपरेशन भी हुए।
डा. सरोज सिंह, प्राचार्य एसएन मेडिकल कालेज
संविदा चिकित्सकों की मदद से चिकित्सकीय सेवाएं दुुरुस्त रहीं। शुक्रवार को 18 से अधिक डिलीवरी हुई। हड़ताल के चलते पहले से इंतजाम कर लिए गए हैं।
- डा. नीना गुप्ता, प्रमुख अधीक्षिका, लेडी लायल
रेडियोलॉजिस्टों की हड़ताल
दो दिन से चल रही इंडियन रेडियोलॉजिकल एंड इमेजिंग एसोसिएशन की हड़ताल शुक्रवार को खत्म हो गई। एसोसिएशन के इलेक्ट प्रेसीडेंट डा. भूपेंद्र आहूजा ने बताया कि सरकार से वार्ता होने के बाद तीन महीने में मांगों का समाधान करने का आश्वासन मिला है। इधर, शुक्रवार को अल्ट्रासाउंड कराने के लिए मरीज भटकते रहे। साढ़े आठ बजे के बाद सेवाएं शुरू हो गईं।
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