अनोखा विरोध: आगरा के 15 परिवार पीएम मोदी के नाम करेंगे 40 करोड़ के प्लॉट, राष्ट्रपति से इच्छामृत्यु की गुहार
आगरा के 15 परिवारों ने 26 साल पहले प्लॉट खरीदे थे, आज जिनकी कीमत करीब 40 करोड़ रुपये हैं। लेकिन यह प्लॉट अब तक इन परिवारों के नाम नहीं हुए हैं। कहीं भी सुनवाई नहीं होने पर इन परिवारों ने बड़ा फैसला लिया है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
आगरा के 15 परिवारों ने एक-एक पैसा इकट्ठा कर प्लॉट खरीदे। 26 साल बाद भी कब्जा नहीं मिला। शिकायत करते-करते थक गए। सुनवाई नहीं होने पर अब हताश होकर इन परिवारों ने 40 करोड़ रुपये की संपत्ति प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम करने का निर्णय लिया है। साथ ही इंसाफ नहीं मिलने पर राष्ट्रपति से संसद भवन के परिसर में जहर खाकर इच्छा-मृत्यु की गुहार लगाई है।
यह है मामला
गांधी नगर निवासी आरएन शुक्ला दूरसंचार मंत्रालय से सेवानिवृत्त हैं। उन्होंने बताया कि सेवा के दौरान दिल्ली में रहते हुए 1990-91 में रेल विहार सहकारी समिति का सदस्य बना था। उसमें 302 सदस्य थे। सभी सरकारी नौकरी में थे। गाजियाबाद की लोनी तहसील स्थित साबदुल्लाबाद में समिति ने 135 बीघा जमीन खरीद कर सदस्यों के लिए प्लॉट काटे।
1996 में 330 रुपये प्रति गज के हिसाब से लॉटरी से 100-100 गज के प्लॉट आवंटित हुए। 2013 में सेवानिवृत्त होने के बाद प्लॉट पर गए तो वहां कब्जा हो चुका था। समिति के अध्यक्ष, सचिव व सदस्य भी बदल गए। 26 साल बाद भी प्लॉट पर मकान नहीं बना पाए। पीड़ितों में दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद के परिवार शामिल हैं। इनमें से 15 परिवारों ने अपने आवंटन पत्र, स्टांप पेपर व अन्य दस्तावेज पीएम मोदी के नाम लिख दिए हैं। जिनकी कीमत करीब 40 करोड़ रुपये है।