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दादा बनारसीदास चतुर्वेदी को पत्रकारिता में अपना आदर्श मानते थे अटल
Updated Fri, 17 Aug 2018 01:25 AM IST
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फिरोजाबाद। सुहाग नगरी के मूर्धन्य साहित्यकार और पद्मविभूषित दादा बनारसीदास चतुर्वेदी को पत्रकारिता के क्षेत्र में अटलजी अपना आदर्श मानते थे। अतीत को ताजा करते हुए डा. अपूर्व चतुर्वेदी बताते हैं कि विदेशमंत्री रहते हुए जब अटलजी फिरोजाबाद आए थे तब दादा बनारसीदास चतुर्वेदी से उनके चौबान मोहल्ला स्थित आवास पर मिलने आए थे।
पत्रकारिता और साहित्य से जुडे विषय पर उन्होंने चर्चा की थी। अटलजी कवि थे और राजनीति में आने से पहले पत्रकार बनना चाहते थे। वह जब देश के प्रधानमंत्री बने तक पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा था कि वह राजनीति में नहीं आना चाहते थे, पत्रकार बनना चाहते थे। वह दादा बनारसीदास चतुर्वेदी को पत्रकारिता के क्षेत्र में अपना आदर्श मानते थे।
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पत्रकारिता और साहित्य से जुडे विषय पर उन्होंने चर्चा की थी। अटलजी कवि थे और राजनीति में आने से पहले पत्रकार बनना चाहते थे। वह जब देश के प्रधानमंत्री बने तक पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा था कि वह राजनीति में नहीं आना चाहते थे, पत्रकार बनना चाहते थे। वह दादा बनारसीदास चतुर्वेदी को पत्रकारिता के क्षेत्र में अपना आदर्श मानते थे।
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