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UP: हार्टअटैक मरीजों के लिए जीवन रक्षक इंजेक्शन... 40 हजार कीमत, एसएन में मिल रहा निशुल्क; 18 की बची जान
Sun, 18 Jan 2026 12:02 PM IST
आगरा ब्यूरो
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: आगरा ब्यूरो
Updated Sun, 18 Jan 2026 12:02 PM IST
सार
हार्टअटैक के मरीजों के लिए 40 हजार रुपये का इंजेक्शन जीवन रक्षक बन रहा है। इंजेक्शन लगने से 18 मरीजों की जान बच गई है। इंजेक्शन लगने के बाद गंभीर मरीजों को एसएन मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में उपचार मिला है। शासन ने बीते महीने इंजेक्शन लगवाने की सुविधा शुरू की थी।
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हार्ट की फोटो आगरा के लिए
विस्तार
एसएन के हृदय रोग विभागाध्यक्ष और हृदय सेतु के नोडल अधिकारी डॉ. बसंत गुप्ता ने बताया कि आगरा, फिरोजाबाद, मथुरा, एटा और हाथरस के स्वास्थ्य केंद्रों पर सरकार ने टेनेक्टेप्लाज इंजेक्शन और ईसीजी की सुविधा की है। यहां सीने में दर्द के मरीज आने पर स्टाफ तत्काल ईसीजी करने के बाद रिपोर्ट एसएन के हृदय रोग विभाग के व्हाट्सएप पर रिपोर्ट भेजते हैं।
इसमें मेजर हार्टअटैक आने पर स्टाफ को मरीज के इंजेक्शन लगाने के लिए कहते हैं। ये पूरी प्रक्रिया 10 मिनट में करते हैं। पांच जिलों में हार्टअटैक के 18 मरीजों को इंजेक्शन लग चुके हैं। सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया हृदय रोग विशेषज्ञ की पुष्टि के बाद मरीज को इंजेक्शन लगाने के बाद एंबुलेंस से एसएन इमरजेंसी में भर्ती कराते हैं। इससे यहां आगे की जांच और इलाज मिलता है।
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इसमें मेजर हार्टअटैक आने पर स्टाफ को मरीज के इंजेक्शन लगाने के लिए कहते हैं। ये पूरी प्रक्रिया 10 मिनट में करते हैं। पांच जिलों में हार्टअटैक के 18 मरीजों को इंजेक्शन लग चुके हैं। सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया हृदय रोग विशेषज्ञ की पुष्टि के बाद मरीज को इंजेक्शन लगाने के बाद एंबुलेंस से एसएन इमरजेंसी में भर्ती कराते हैं। इससे यहां आगे की जांच और इलाज मिलता है।
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50 टेक्नीशियन को मिला प्रशिक्षण
- एसएन के हृदय रोग विभाग के डॉ. सौरभ नागर ने बताया कि बीते महीने हृदय सेतु के तहत आगरा, फिरोजाबाद, मथुरा, एटा और हाथरस के 50 टेक्नीशियन को प्रशिक्षण दिया था। इसमें ईसीजी करना और इंजेक्शन लगाने का प्रशिक्षण दिया है। इन जिलों के सीएचसी में हार्टअटैक के मरीज आने पर रिपोर्ट एसएन के डॉक्टरों को व्हाट्सएप पर भेजते हैं।
ये लक्षण ताे कराएं जांच
- सीने का दर्द गर्दन, जबड़ा, कंधे और पीठ तक जाए।
- सीने में भारीपन, अचानक तेज पसीना, घबराहट होना।
- अनियमित धड़कन, सांस लेने में परेशानी, उल्टी आना।
- एसएन के हृदय रोग विभाग के डॉ. सौरभ नागर ने बताया कि बीते महीने हृदय सेतु के तहत आगरा, फिरोजाबाद, मथुरा, एटा और हाथरस के 50 टेक्नीशियन को प्रशिक्षण दिया था। इसमें ईसीजी करना और इंजेक्शन लगाने का प्रशिक्षण दिया है। इन जिलों के सीएचसी में हार्टअटैक के मरीज आने पर रिपोर्ट एसएन के डॉक्टरों को व्हाट्सएप पर भेजते हैं।
ये लक्षण ताे कराएं जांच
- सीने का दर्द गर्दन, जबड़ा, कंधे और पीठ तक जाए।
- सीने में भारीपन, अचानक तेज पसीना, घबराहट होना।
- अनियमित धड़कन, सांस लेने में परेशानी, उल्टी आना।
इन बातों का रखें ध्यान
- रोजाना 10 हजार कदम तेज गति से चलें।
- धूम्रपान-शराब से पूरी तरह से बचें।
- फास्टफूड-बाजार के भोजन से पेट न भरें।
- आठ घंटे सोएं, तीन लीटर रोजाना पानी पीएं।
- 30 की उम्र के बाद ईको कराएं।
- रोजाना 10 हजार कदम तेज गति से चलें।
- धूम्रपान-शराब से पूरी तरह से बचें।
- फास्टफूड-बाजार के भोजन से पेट न भरें।
- आठ घंटे सोएं, तीन लीटर रोजाना पानी पीएं।
- 30 की उम्र के बाद ईको कराएं।