{"_id":"596277024f1c1bdd7e8b4647","slug":"21499625218-agra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"गुरु चरणों में नतमस्तक लाखों शिष्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गुरु चरणों में नतमस्तक लाखों शिष्य
Updated Mon, 10 Jul 2017 12:30 AM IST
विज्ञापन
demo
- फोटो : demo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मथुरा। गुरु पूर्णिमा के दिन गुरुओं के आश्रम, मंदिर और मठों में श्रद्धालुओं की भीड़ रही। जीवन को सार्थक करने के लिये गुरु के मार्गदर्शन की लालसा लिये देश भर से आये शिष्य गुरु चरणों में नतमस्तक थे। देर रात तक आश्रमों में गुरुओं की पूजा, प्रसाद वितरण का कार्यक्रम चलता रहा।
महावन में रमणरेती स्थित गुरुशरणानन्द के कार्ष्णि उदासीन आश्रम में आयोजित त्रिदिवसीय महोत्सव के दूसरे दिन देश और विदेशों से आयें हजारों भक्तों ने गुरु की चरण वंदना की। आश्रम में स्थित मंदिर में भक्तजनों ने ठाकुर रमण बिहारी लाल के दर्शन किये। इससे पूर्व गुरु पूजन का शुभारम्भ स्वामी गुरुशरणानन्द महाराज द्वारा ठाकुर रमण बिहारी लाल के दर्शन और मन्दिर में स्थापित आचार्य श्रीचन्द्र एवं पूर्ववर्ती गुरुवर के विग्रहों के वैदिक मंत्रों के मध्य पंचामृत अभिषेक से किया गया।
इस अवसर स्वामी गुरुचरणानन्द (पठानकोट), स्वामी स्वरुपानन्द अधिकारी, स्वामी हरिदास, स्वामी महेशानन्द, आचार्य अशोक कुमार जोशी आदि उपस्थित थे। मसानी चैराहा स्थित श्रीगुरू विरजानंद आर्य गुरुकुल वेदमंदिर में संस्थापक महर्षि दयानंद सरस्वती के गुरु विरजानंद की जयंती के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर नवीन ब्रम्हचारियों की प्रवेश दीक्षा व उपनयन संस्कार कराकर यज्ञोपवीत धारण कराया गया। कुछ को वानप्रस्थ आश्रम में प्रवेश कराया।
विज्ञापन
आचार्य स्वदेश ने महोत्सव में आये श्रद्धालुओं से कहा कि जीवन में ऐसी कमाई करो जो तुम्हारे साथ जाये। मन के स्वरूप को समझना होगा। जैसा अन्न होगा वैसा ही हमारा मन होगा। इस अवसर पर सत्यप्रिय आर्य, राजेश चौधरी, कुंवर नरेन्द्र सिंह, विनोद चौधरी, विवेक प्रिय आर्य, कपिल प्रताप सिंह, रमेश चन्द्र आर्य, हरी सिंह आर्य, नब्बी सिंह, विपिन बिहारी आर्य, योगेश आर्य, देवमुनि वानप्रस्थी, लाल सिंह आर्य, गुलाब सिंह आर्य, ब्रज किशोर आर्य, कृष्ण गोपाल गुप्ता आदि थे। यमुना किनारे वृंदावन स्थित बेरी वाले आश्रम में भी शिष्यों की कतार लगी रही।
गीता एन्क्लेव बैंक कॉलोनी स्थित दुर्गा मंदिर शिष्यों ने मंडली बनाकर अपने सदगुरुदेव रामकृष्ण शास्त्री के श्रीचरणों की वंदना की। इस अवसर पर सूर्यकांत शर्मा, रविकांत गर्ग, राजवीर सिंह, नंदकिशोर उपमन्यु, जगत बहादुर अग्रवाल, मनोज शर्मा, पन्नालाल गौतम आदि मौजूद थे। इसके अलावा आगरा रोड स्थित गौड़ीय मठ, श्री गोपाल मंदिर, श्रीजी पीठ, गऊघाट स्थित गिरिराज मंदिर, जयगुरुदेव आश्रम में भी गुरु पूजा के लिये शिष्यों की कतार लगी रही।
शहर में श्रद्धालुओं का जगह-जगह स्वागत
मुड़िया पूर्णिमा पर देश के कौने-कौने से आने वाले श्रद्धालुओं के स्वागत में ब्रजवासियों ने भी पलक पांवड़े बिछा दिये। शहर में जगह-जगह भंडारा प्रसाद वितरण केंद्र लगाये गये। इन केंद्रों पर लगातार प्रसाद वितरण, जल, शर्बत का वितरण किया जाता रहा। भगवा रक्षा वाहिनी ने मालगोदाम रोड पर भंडारा प्रसाद का वितरण किया। इस अवसर पर भूपेंद्र सिंह, तेजवीर सिंह, विजय सिंह, मनीष शर्मा आदि थे।
विज्ञापन
महावन में रमणरेती स्थित गुरुशरणानन्द के कार्ष्णि उदासीन आश्रम में आयोजित त्रिदिवसीय महोत्सव के दूसरे दिन देश और विदेशों से आयें हजारों भक्तों ने गुरु की चरण वंदना की। आश्रम में स्थित मंदिर में भक्तजनों ने ठाकुर रमण बिहारी लाल के दर्शन किये। इससे पूर्व गुरु पूजन का शुभारम्भ स्वामी गुरुशरणानन्द महाराज द्वारा ठाकुर रमण बिहारी लाल के दर्शन और मन्दिर में स्थापित आचार्य श्रीचन्द्र एवं पूर्ववर्ती गुरुवर के विग्रहों के वैदिक मंत्रों के मध्य पंचामृत अभिषेक से किया गया।
विज्ञापन
इस अवसर स्वामी गुरुचरणानन्द (पठानकोट), स्वामी स्वरुपानन्द अधिकारी, स्वामी हरिदास, स्वामी महेशानन्द, आचार्य अशोक कुमार जोशी आदि उपस्थित थे। मसानी चैराहा स्थित श्रीगुरू विरजानंद आर्य गुरुकुल वेदमंदिर में संस्थापक महर्षि दयानंद सरस्वती के गुरु विरजानंद की जयंती के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर नवीन ब्रम्हचारियों की प्रवेश दीक्षा व उपनयन संस्कार कराकर यज्ञोपवीत धारण कराया गया। कुछ को वानप्रस्थ आश्रम में प्रवेश कराया।
विज्ञापन
आचार्य स्वदेश ने महोत्सव में आये श्रद्धालुओं से कहा कि जीवन में ऐसी कमाई करो जो तुम्हारे साथ जाये। मन के स्वरूप को समझना होगा। जैसा अन्न होगा वैसा ही हमारा मन होगा। इस अवसर पर सत्यप्रिय आर्य, राजेश चौधरी, कुंवर नरेन्द्र सिंह, विनोद चौधरी, विवेक प्रिय आर्य, कपिल प्रताप सिंह, रमेश चन्द्र आर्य, हरी सिंह आर्य, नब्बी सिंह, विपिन बिहारी आर्य, योगेश आर्य, देवमुनि वानप्रस्थी, लाल सिंह आर्य, गुलाब सिंह आर्य, ब्रज किशोर आर्य, कृष्ण गोपाल गुप्ता आदि थे। यमुना किनारे वृंदावन स्थित बेरी वाले आश्रम में भी शिष्यों की कतार लगी रही।
गीता एन्क्लेव बैंक कॉलोनी स्थित दुर्गा मंदिर शिष्यों ने मंडली बनाकर अपने सदगुरुदेव रामकृष्ण शास्त्री के श्रीचरणों की वंदना की। इस अवसर पर सूर्यकांत शर्मा, रविकांत गर्ग, राजवीर सिंह, नंदकिशोर उपमन्यु, जगत बहादुर अग्रवाल, मनोज शर्मा, पन्नालाल गौतम आदि मौजूद थे। इसके अलावा आगरा रोड स्थित गौड़ीय मठ, श्री गोपाल मंदिर, श्रीजी पीठ, गऊघाट स्थित गिरिराज मंदिर, जयगुरुदेव आश्रम में भी गुरु पूजा के लिये शिष्यों की कतार लगी रही।
शहर में श्रद्धालुओं का जगह-जगह स्वागत
मुड़िया पूर्णिमा पर देश के कौने-कौने से आने वाले श्रद्धालुओं के स्वागत में ब्रजवासियों ने भी पलक पांवड़े बिछा दिये। शहर में जगह-जगह भंडारा प्रसाद वितरण केंद्र लगाये गये। इन केंद्रों पर लगातार प्रसाद वितरण, जल, शर्बत का वितरण किया जाता रहा। भगवा रक्षा वाहिनी ने मालगोदाम रोड पर भंडारा प्रसाद का वितरण किया। इस अवसर पर भूपेंद्र सिंह, तेजवीर सिंह, विजय सिंह, मनीष शर्मा आदि थे।