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नंदगांव के कुंडों में मर रहीं मछलियां
Updated Fri, 15 Jun 2018 08:13 PM IST
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नंदगांव (मथुरा)। कस्बे के पौराणिक महत्व वाले कुंडों में मछलियों के मरने का सिलसिला थम नहीं रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि मछली तस्करों द्वारा कुंडों में विषैला पदार्थ मिलाया जा रहा है। शुक्रवार को प्रात: जब स्थानीय लोग बरसाना रोड स्थित कृष्ण कुंड पर पहुंचे तो देखा कि हजारों छोटी-बड़ी मछलियां कुंड के घाटों और दीवारों के सहारे कुछ मरी और कुछ छटपटा रही थीं।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि मछलियों को मारने के लिए तस्करों द्वारा विषैला पदार्थ पानी में मिलाया गया है। दो दिन पूर्व पानी का रंग कुछ अलग था। पानी का रंग भी बदला हुआ है। मृत मछलियों को देखने के लिए बड़ी संख्या में स्थानीय लोग कृष्ण कुंड पर पहुंच गए।
पौराणिक महत्व वाले कुंड पर मछलियों के मरने से स्थानीय लोगों में नाराजगी है। मान्यता रही है कि कृष्ण कुंड को द्वापर में भगवान श्री कृष्ण ने अपनी वंशी से खोदा था। दो वर्ष पूर्व कुंड का करोड़ों की लागत से सुंदरीकरण हुआ है। चेयरमैन पति बच्चू सिंह ने बताया कि भूरे का थोक स्थित यशोदा कुंड पर मछलियों के मरने का सिलसिला कई दिन से चल रहा है।
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स्थानीय लोगों का आरोप है कि मछलियों को मारने के लिए तस्करों द्वारा विषैला पदार्थ पानी में मिलाया गया है। दो दिन पूर्व पानी का रंग कुछ अलग था। पानी का रंग भी बदला हुआ है। मृत मछलियों को देखने के लिए बड़ी संख्या में स्थानीय लोग कृष्ण कुंड पर पहुंच गए।
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पौराणिक महत्व वाले कुंड पर मछलियों के मरने से स्थानीय लोगों में नाराजगी है। मान्यता रही है कि कृष्ण कुंड को द्वापर में भगवान श्री कृष्ण ने अपनी वंशी से खोदा था। दो वर्ष पूर्व कुंड का करोड़ों की लागत से सुंदरीकरण हुआ है। चेयरमैन पति बच्चू सिंह ने बताया कि भूरे का थोक स्थित यशोदा कुंड पर मछलियों के मरने का सिलसिला कई दिन से चल रहा है।
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