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बंबा चौराहा पर न ट्रैफिक लाइट लगी, न संकेतांक
Updated Tue, 06 Nov 2018 11:36 PM IST
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फिरोजाबाद। जिले के ग्रामीण अंचल को शहर जोडने वाले कोटला रोड स्थित बंबा चौराहे के हाल खराब है। चौराहे पर सुबह से लेकर शाम तक वाहनों की लंबी कतार लगती हैं। न ट्रैफिक पुलिस कर्मियों की तैनाती और न कोर्ई सिपाही ही यहां दिखाई देता है। तड़के वसूली के समय जरूर खाकी के जवान सक्रिय दिखाई देते हैं। चौराहे का हाल तभी सुधरेगा जब चौड़ीकरण के साथ ट्रैफिक लाइटों को लगें।
कोटला रोड के बंबा बाईपास पर पडने वाला यह चौराहा तो महत्वपूर्ण हैं। चौराहे का हाल यह है कि गहरे गड्ढों के कारण जाम की समस्या यहां विकराल रहती है। क्योंकि कोटला रोड मंडी होने के कारण सुबह से पूर्वाह्न तक मंडी में सब्जी एवं फलों को खरीदने एवं बिकी करने वालों के ही आने-जाने का क्रम लगा रहता है। इसके साथ रोड से ही पूरे दिन भारी यातायात गुजरता है। विभागीय अधिकारी सुधार की ओर ध्यान नहीं देते हैं।
हालात यह है कि रोड के दोनों ही और ठेल एवं खोखे वालों ने सड़क को घेरा है। ठेलों के कारण जहां वाहनों के निकलने का रास्ता नहीं बच पाता है। कमोवेश यही हाल मंडी की ओर है। चौराहे का हाल ऐसा हो गया है कि पूरे दिन सिर्फ धूल उड़ती है। क्योंकि रोड की गिट्टी उखड़ गई। यही हाल सैलई चौराहा,ठारपूठा चौराहे का हो गया है। विभागीय अधिकारी सड़क सुधार का दावा तो करते हैं लेकिन सुधार नहीं हो रहा है।
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प्रमुख चौराहे पर ट्रैफिक लाइट लगाने की प्लानिंग नहीं की गई। चनौरा के पास सिक्सलेन बनने के कारण इस रोड पर वाहनों का दबाव और बढ़ेगा। यदि शीघ्र कोई प्लानिंग नहीं की गई तो फिर दिक्कत और बढ़ेगी। विभागीय अधिकारी चौराहा सुधार की ओर आखिर कब ध्यान देंगे।
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कोटला रोड के बंबा बाईपास पर पडने वाला यह चौराहा तो महत्वपूर्ण हैं। चौराहे का हाल यह है कि गहरे गड्ढों के कारण जाम की समस्या यहां विकराल रहती है। क्योंकि कोटला रोड मंडी होने के कारण सुबह से पूर्वाह्न तक मंडी में सब्जी एवं फलों को खरीदने एवं बिकी करने वालों के ही आने-जाने का क्रम लगा रहता है। इसके साथ रोड से ही पूरे दिन भारी यातायात गुजरता है। विभागीय अधिकारी सुधार की ओर ध्यान नहीं देते हैं।
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हालात यह है कि रोड के दोनों ही और ठेल एवं खोखे वालों ने सड़क को घेरा है। ठेलों के कारण जहां वाहनों के निकलने का रास्ता नहीं बच पाता है। कमोवेश यही हाल मंडी की ओर है। चौराहे का हाल ऐसा हो गया है कि पूरे दिन सिर्फ धूल उड़ती है। क्योंकि रोड की गिट्टी उखड़ गई। यही हाल सैलई चौराहा,ठारपूठा चौराहे का हो गया है। विभागीय अधिकारी सड़क सुधार का दावा तो करते हैं लेकिन सुधार नहीं हो रहा है।
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प्रमुख चौराहे पर ट्रैफिक लाइट लगाने की प्लानिंग नहीं की गई। चनौरा के पास सिक्सलेन बनने के कारण इस रोड पर वाहनों का दबाव और बढ़ेगा। यदि शीघ्र कोई प्लानिंग नहीं की गई तो फिर दिक्कत और बढ़ेगी। विभागीय अधिकारी चौराहा सुधार की ओर आखिर कब ध्यान देंगे।