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भागवत को बनाएं मनोरंजन का केंद्र
Updated Sun, 10 Jun 2018 11:04 PM IST
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मैनपुरी/बिछवां/भोगांव/कुसमरा। आधुनिक युग में कथावाचकों ने कथा को मनोरंजन का केंद्र बना दिया है। यही कारण है कि भक्तों की संख्या दिनों दिन घट रही है और कथावाचकों पर भी अनेकों आरोप लगते हैं जिससे सनातन परंपरा का ह्रास हो रहा है। यह बातें आचार्य राजर्षि मुकुंद जी महाराज ने कहीं। वे श्रंगार नगर स्थिति मान सिंह चौहान के आवास पर सत्संग के दौरान प्रवचन दे रहे थे। प्रधान मानसिंह चौहान, धर्मेंद्र सिंह, दीपक चौहान, हंस तोमर, वंश राठौर, रामू गुप्ता आदि रहे।
बिछवां के विकास खंड सुल्तानगंज के संकट मोचन हनुमान मंदिर जैली पर रविवार को श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हो गया। पूर्व में कलश यात्रा निकाली गई। जिसमें लोगों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया। इस अवसर पर यशवीर दीक्षित, अजीत चौहान, गीता चौहान, प्रभादेवी, राजीव चौहान, अरुण दुबे, सक्षम, सुभम, विकास चौहान, कृष्णा चौहान, दफेदार सिंह, मधुवाला आदि मौजूद रहे।
वहीं भोगांव के मोहल्ला चौधरी में रजवाना रोड पर चल रहे सात दिवसीय श्रीमद्भागवत पुराण कथा के तीसरे दिन आचार्य पं. सुशील महाराज ने कहा कि जब तक जीव माता के गर्भ में रहता है तब तक वह बाहर निकलने के लिए छटपटाता रहता है। उस समय वह जीव बाहर निकलने के लिए ईश्वर से अनेक प्रकार के वादे करता है। मगर जन्म लेने के पश्चात सांसारिक मोह माया में फंसकर वह भगवान से किए गए वादों को भूल जाता है। इस अवसर पर जिलेदार राजपूत, जयकरन, रेखा राजपूत, विजय मिश्रा, अजय यादव, वीरेंद्र शर्मा, अनुराग राजपूत, मधू मिश्रा, निक्की, विक्की, आयुष केपी सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
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कुसमरा में समीपवर्ती ग्राम कमलनेर में शिव मंदिर पर चल रही श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन वृंदावन से पधारे माधवदास जी महाराज ने कहा कि ज्ञान से जीवन को नई दिशा मिलती है। कलियुग में श्रीमद्भागवत कथा सुनकर मनुष्य अपने पापों से मुक्ति पा सकता है। कथा के श्रवण करने से मानव के सभी दोष हमेशा के लिए दूर हो जाते हैं। इस अवसर पर साहबसिंह सिसौदिया, जीतू प्रधान, सूरज सिसौदिया, प्रबल प्रताप सिंह, देवेंद्र सिंह चौहान, अवधेश शाक्य, कल्लन कुशवाह आदि लोग मौजूद रहे।
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बिछवां के विकास खंड सुल्तानगंज के संकट मोचन हनुमान मंदिर जैली पर रविवार को श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हो गया। पूर्व में कलश यात्रा निकाली गई। जिसमें लोगों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया। इस अवसर पर यशवीर दीक्षित, अजीत चौहान, गीता चौहान, प्रभादेवी, राजीव चौहान, अरुण दुबे, सक्षम, सुभम, विकास चौहान, कृष्णा चौहान, दफेदार सिंह, मधुवाला आदि मौजूद रहे।
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वहीं भोगांव के मोहल्ला चौधरी में रजवाना रोड पर चल रहे सात दिवसीय श्रीमद्भागवत पुराण कथा के तीसरे दिन आचार्य पं. सुशील महाराज ने कहा कि जब तक जीव माता के गर्भ में रहता है तब तक वह बाहर निकलने के लिए छटपटाता रहता है। उस समय वह जीव बाहर निकलने के लिए ईश्वर से अनेक प्रकार के वादे करता है। मगर जन्म लेने के पश्चात सांसारिक मोह माया में फंसकर वह भगवान से किए गए वादों को भूल जाता है। इस अवसर पर जिलेदार राजपूत, जयकरन, रेखा राजपूत, विजय मिश्रा, अजय यादव, वीरेंद्र शर्मा, अनुराग राजपूत, मधू मिश्रा, निक्की, विक्की, आयुष केपी सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
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कुसमरा में समीपवर्ती ग्राम कमलनेर में शिव मंदिर पर चल रही श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन वृंदावन से पधारे माधवदास जी महाराज ने कहा कि ज्ञान से जीवन को नई दिशा मिलती है। कलियुग में श्रीमद्भागवत कथा सुनकर मनुष्य अपने पापों से मुक्ति पा सकता है। कथा के श्रवण करने से मानव के सभी दोष हमेशा के लिए दूर हो जाते हैं। इस अवसर पर साहबसिंह सिसौदिया, जीतू प्रधान, सूरज सिसौदिया, प्रबल प्रताप सिंह, देवेंद्र सिंह चौहान, अवधेश शाक्य, कल्लन कुशवाह आदि लोग मौजूद रहे।