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भेदभाव से हो रहा है समाज का विसर्जन: साकार विश्व हरि
Updated Wed, 07 Jun 2017 12:24 AM IST
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आगरा। साकार श्री विश्वहरि और मातेश्वरी जी की ब्रह्मवाणी सुनने को दयालबाग के नगला तलफी स्थित बीएस फार्म हाउस में तपती धूप में हजारों श्रद्धालु पहुंचे। मानव मंगल मिलन सद्भाव में जयजयकार से पूरा पांडाल गुंजायमान हो गया।
समागम के पहले दिन साकार श्री विश्वहरि ने कहा कि समाज का सृजन एकता, समानता और प्रेम से होता है, लेकिन वर्गवाद, अहंकार, धर्मवाद, जातिवाद, भौतिकवाद, सांप्रदायिकतावाद से समाज का विसर्जन हो रहा है। उन्होंने खुद का परिचय देते हुए कहा कि वो बाबा नहीं है, साधू-संत भी नहीं। कथावाचक-गुरु भी नहीं, शिष्य-शिष्या भी नहीं बनाता। मैं तो हडकारा चौकीदार बनकर आवाज दे रहा हूं कि आप जागते रहो। पाखंड, अंधविश्वास निंदा, चुगली से बचकर रहें और नि:स्वार्थ भाव से मानव सेवा करें। हमारी चिंता तो स्वयं परमात्मा करता है।
1000 सेवादारों ने संभाली व्यवस्था
समागम में श्रद्धालुओं की अपार भीड़ थी। महिला-पुरुष सेवादार व्यवस्थाओं में लगे हुए थे। यातायात, पानी की व्यवस्था समेत अन्य कार्यों में सेवादार मुस्तैद रहे। शहर के प्रवेश मार्ग पर यातायात की व्यवस्था के लिए तो सेवादार सोमवार की रात से ही जुट गए थे। मीडिया प्रभारी आरएस राठौर ने बताया कि समागम 30 जून तक चलेगा। समागम संयोजक चौधरी भीकम सिंह, चौधरी अजीत सिंह, सोनू चौधरी का योगदान रहा।
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समागम के पहले दिन साकार श्री विश्वहरि ने कहा कि समाज का सृजन एकता, समानता और प्रेम से होता है, लेकिन वर्गवाद, अहंकार, धर्मवाद, जातिवाद, भौतिकवाद, सांप्रदायिकतावाद से समाज का विसर्जन हो रहा है। उन्होंने खुद का परिचय देते हुए कहा कि वो बाबा नहीं है, साधू-संत भी नहीं। कथावाचक-गुरु भी नहीं, शिष्य-शिष्या भी नहीं बनाता। मैं तो हडकारा चौकीदार बनकर आवाज दे रहा हूं कि आप जागते रहो। पाखंड, अंधविश्वास निंदा, चुगली से बचकर रहें और नि:स्वार्थ भाव से मानव सेवा करें। हमारी चिंता तो स्वयं परमात्मा करता है।
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1000 सेवादारों ने संभाली व्यवस्था
समागम में श्रद्धालुओं की अपार भीड़ थी। महिला-पुरुष सेवादार व्यवस्थाओं में लगे हुए थे। यातायात, पानी की व्यवस्था समेत अन्य कार्यों में सेवादार मुस्तैद रहे। शहर के प्रवेश मार्ग पर यातायात की व्यवस्था के लिए तो सेवादार सोमवार की रात से ही जुट गए थे। मीडिया प्रभारी आरएस राठौर ने बताया कि समागम 30 जून तक चलेगा। समागम संयोजक चौधरी भीकम सिंह, चौधरी अजीत सिंह, सोनू चौधरी का योगदान रहा।
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