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अगर आप छोटे कद के हैं आपको पेंशन मिलेगी
Updated Mon, 26 Jun 2017 12:12 AM IST
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महिलाओं ने किया हंगामा
- फोटो : social media
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अब बौने और एसिड अटैक पीड़ित भी दिव्यांग पेंशन के पात्र होंगे। भारत सरकार ने ऐसे लोगों को दिव्यांग मानते हुए उनको पेंशन योजना का लाभ देने की तैयारी की है। इसके लिए शासन की ओर से भी हर जिले के डीएम और जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी को निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
अब तक विकलांग पेंशन का लाभ उनको मिलता था, जिनका हाथ या पैर कट गया हो या जो मानसिक रूप से कमजोर होते थे। सीएमओ द्वारा गठित डाक्टरों की टीम निरीक्षण के बाद 40 फीसद या इससे अधिक विकलांगता वालों को ही विकलांगता प्रमाण पत्र बनता था। साथ ही नेत्रहीन, फिर एक आंख, गूंगा और बहरा होने पर भी लोगों को विकलांग पेंशन का लाभ मिल रहा था। जिले में 9619 लाभार्थियों को पेंशन मिल रही थी।
अब भारत सरकार ने नई पहल करते हुए कुछ बीमारियों से पीड़ित लाभार्थियों को विकलांगता में शामिल करते हुए पेंशन लाभ देने को कहा है। भारत सरकार के सचिव डा. जी नारायण राजू के निर्देश के बाद शासन ने भी डीएम और जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी को पत्र भेजा है।
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यह होंगे पात्र
यदि किसी व्यक्ति के कद की ऊंचाई सिर्फ चार फिट दस इंच हो।
लकवे के कारण जिनके हाथ-पैर सही नहीं और वे साधारण काम नहीं कर सकते।
एसिड फेंके जाने से किसी बालिग महिला अथवा पुरुष का चेहरा आदि झुलस गया हो।
हकलाकर या तुतलाकर बोलने वाला।
जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी टीएन तिवारी ने कहा विकलांगता श्रेणी में पात्रता की सीमा बढ़ी है। अब बौने, लकवा, एसिड अटैक पीड़ितों को शामिल किया जाएगा। जन्द चिन्हांकन शुरू किया जाएगा।
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अब बौने और एसिड अटैक पीड़ित भी दिव्यांग पेंशन के पात्र होंगे। भारत सरकार ने ऐसे लोगों को दिव्यांग मानते हुए उनको पेंशन योजना का लाभ देने की तैयारी की है। इसके लिए शासन की ओर से भी हर जिले के डीएम और जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी को निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
अब तक विकलांग पेंशन का लाभ उनको मिलता था, जिनका हाथ या पैर कट गया हो या जो मानसिक रूप से कमजोर होते थे। सीएमओ द्वारा गठित डाक्टरों की टीम निरीक्षण के बाद 40 फीसद या इससे अधिक विकलांगता वालों को ही विकलांगता प्रमाण पत्र बनता था। साथ ही नेत्रहीन, फिर एक आंख, गूंगा और बहरा होने पर भी लोगों को विकलांग पेंशन का लाभ मिल रहा था। जिले में 9619 लाभार्थियों को पेंशन मिल रही थी।
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अब भारत सरकार ने नई पहल करते हुए कुछ बीमारियों से पीड़ित लाभार्थियों को विकलांगता में शामिल करते हुए पेंशन लाभ देने को कहा है। भारत सरकार के सचिव डा. जी नारायण राजू के निर्देश के बाद शासन ने भी डीएम और जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी को पत्र भेजा है।
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यह होंगे पात्र
यदि किसी व्यक्ति के कद की ऊंचाई सिर्फ चार फिट दस इंच हो।
लकवे के कारण जिनके हाथ-पैर सही नहीं और वे साधारण काम नहीं कर सकते।
एसिड फेंके जाने से किसी बालिग महिला अथवा पुरुष का चेहरा आदि झुलस गया हो।
हकलाकर या तुतलाकर बोलने वाला।
जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी टीएन तिवारी ने कहा विकलांगता श्रेणी में पात्रता की सीमा बढ़ी है। अब बौने, लकवा, एसिड अटैक पीड़ितों को शामिल किया जाएगा। जन्द चिन्हांकन शुरू किया जाएगा।