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एक्सप्रेसवे पर कंटेनर में घुसी कार, मां-बेटे समेत चार की मौत
Updated Sun, 15 Jul 2018 10:44 PM IST
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एक्सीडेंट के बाद पड़ी गाड़ी।
- फोटो : अमर उजाला
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राया/मांट (मथुरा)। रविवार की सुबह एक्सप्रेसवे के माइल स्टोन-113 (राया कट के पास) पर खड़े कंटेनर में पीछे से होंडा सिटी कार घुस गई। इस हादसे में कार सवार मां-बेटे समेत सभी चार लोगों की मौत हो गई। कानपुर का यह परिवार बेटी का रिश्ता तय करने के लिए दिल्ली जा रहा था।
सूचना पर पहुंची राया पुलिस ने बमुश्किल शवों को कार से निकाला। मृतकों की पहचान मोबाइल पर पड़ी मिस्ड कॉल पर फोन करने से हो सकी। सड़क हादसे की वजह चालक को झपकी आना बताया जा रहा है।
कानपुर के अहमद नगर (थाना जाजमऊ) निवासी मैनुद्दीन (62) पुत्र मुसाफिर अली भतीजी अफरोज जहां का रिश्ता तय करने के लिए दिल्ली के लिए निकले। कार को मैनुद्दीन का भतीजा अब्दुल रहीम (24) पुत्र अब्दुल वहीद निवासी मीरपुर छावनी कानपुर चला रहा था।
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कार में अब्दुल की मां शाहजहां बेगम (45) और अब्दुल की मौसी शाहजहां खातून (42) पत्नी मुजाहिद भी सवार थीं। यह सभी रविवार की सुबह छह बजे कानपुर से निकले।
एक्सप्रेसवे के माइल स्टोन-113 (राया कट के पास) पर पहुंचते ही चालक ने हैंड ब्रेक और ब्रेक एक साथ लगाए, जिसके चलते कार पूरी तरह से घूमकर पीछे की तरफ से कंटेनर में जा घुसी। इससे कार सवार चारों की मौत हो गई।
सूचना पर पहुंची राया पुलिस और एक्सप्रेसवे कर्मियों ने कार में फंसे लोगों के शवों का निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मोबाइल पर पड़ी मिस्ड कॉल को देख पुलिस ने संपर्क किया तो मृतकों की पहचान हो सकी। एसएसआई रविंद्र सिंह ने बताया कि चालक को झपकी आने के चलते कार खड़े ट्रक में पीछे से घुसी है।
हादसे के बाद घरों में मचा कोहराम
मथुरा। अब्दुल वहीद के दो बेटे और एक बेटी है। अब्दुल वहीद तो बीमार रहते हैं। उनकी बेटी का रिश्ता तय करने जा रहे बड़े भाई मैनुद्दीन, पत्नी, बेटे और साली की मौत से घरों में कोहराम मच गया।
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सूचना पर पहुंची राया पुलिस ने बमुश्किल शवों को कार से निकाला। मृतकों की पहचान मोबाइल पर पड़ी मिस्ड कॉल पर फोन करने से हो सकी। सड़क हादसे की वजह चालक को झपकी आना बताया जा रहा है।
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कानपुर के अहमद नगर (थाना जाजमऊ) निवासी मैनुद्दीन (62) पुत्र मुसाफिर अली भतीजी अफरोज जहां का रिश्ता तय करने के लिए दिल्ली के लिए निकले। कार को मैनुद्दीन का भतीजा अब्दुल रहीम (24) पुत्र अब्दुल वहीद निवासी मीरपुर छावनी कानपुर चला रहा था।
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कार में अब्दुल की मां शाहजहां बेगम (45) और अब्दुल की मौसी शाहजहां खातून (42) पत्नी मुजाहिद भी सवार थीं। यह सभी रविवार की सुबह छह बजे कानपुर से निकले।
एक्सप्रेसवे के माइल स्टोन-113 (राया कट के पास) पर पहुंचते ही चालक ने हैंड ब्रेक और ब्रेक एक साथ लगाए, जिसके चलते कार पूरी तरह से घूमकर पीछे की तरफ से कंटेनर में जा घुसी। इससे कार सवार चारों की मौत हो गई।
सूचना पर पहुंची राया पुलिस और एक्सप्रेसवे कर्मियों ने कार में फंसे लोगों के शवों का निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मोबाइल पर पड़ी मिस्ड कॉल को देख पुलिस ने संपर्क किया तो मृतकों की पहचान हो सकी। एसएसआई रविंद्र सिंह ने बताया कि चालक को झपकी आने के चलते कार खड़े ट्रक में पीछे से घुसी है।
हादसे के बाद घरों में मचा कोहराम
मथुरा। अब्दुल वहीद के दो बेटे और एक बेटी है। अब्दुल वहीद तो बीमार रहते हैं। उनकी बेटी का रिश्ता तय करने जा रहे बड़े भाई मैनुद्दीन, पत्नी, बेटे और साली की मौत से घरों में कोहराम मच गया।