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तीर्थस्थल घोषित कराने को प्रतीकात्मक भू-समाधि ली
Updated Fri, 20 Jul 2018 10:52 PM IST
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सोरों (कासगंज)।
सोरों को तीर्थ स्थल घोषित कराने के लिए हो रहे आंदोलन को आगे बढ़ाते हुए शुक्रवार को लोगों ने प्रतीकात्मक भू-समाधि सत्याग्रह किया। सोरों के युवाओं ने दुबे वाली बगीची में जमीन में प्रतीकात्मक समाधि ली और प्रधानमंत्री तथा मुख्यमंत्री से सोरों को तीर्थ स्थल घोषित कराने की मांग की।
आंदोलन संयोजक भूपेश शर्मा ने बताया कि सोरों पौराणिक व प्राचीन तीर्थ है। यहां लाखों की संख्या में श्रद्धालु धार्मिक कृत्यों के लिए विभिन्न प्रांतों से आते हैं। यहां आज भी मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। सोरों को तीर्थ स्थल घोषित कराने को जो चरणबद्ध आंदोलन चल रहा है। युवाओं में आंदोलन के छठे चरण में भू-समाधि सत्याग्रह कर सोरों को तीर्थ स्थल घोषित कराने की मांग की। लोकसभा विधानसभा और निकाय चुनाव में भाजपा के जनप्रतिनिधियों ने तीर्थ स्थल घोषित कराने का वादा किया था, लेकिन चुनाव के बाद इसके लिए काम नहीं किया जा रहा है। राज्य सरकार द्वारा जो पक्षपात पूर्ण रवैया सोरों के खिलाफ अपनाए जा रहा है उसे सोरों के बाशिंदों में आक्रोश है। भू-समाधि सत्याग्रह में श्याम दीक्षित, छोटू शर्मा, रामदास शर्मा, कपिल पंडित, श्रीकृष्ण भारद्वाज, प्रतीक शर्मा, गोपाल उपाध्याय, अन्ना सिंह, योगेश तिवारी, प्रमोद उपाध्याय, प्रशांत वशिष्ठ, लोकेश पचौरी, सीताराम तिवारी, राघवेंद्र तिवारी, रामू महेरे, सीटू तिवारी, मदन महेर,े माधव तिवारी, अशोक कुमार, रामू महेरे, उपाध्याय जैकी गुप्ता, सचिन दुबे, पीयूष सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
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सोरों को तीर्थ स्थल घोषित कराने के लिए हो रहे आंदोलन को आगे बढ़ाते हुए शुक्रवार को लोगों ने प्रतीकात्मक भू-समाधि सत्याग्रह किया। सोरों के युवाओं ने दुबे वाली बगीची में जमीन में प्रतीकात्मक समाधि ली और प्रधानमंत्री तथा मुख्यमंत्री से सोरों को तीर्थ स्थल घोषित कराने की मांग की।
आंदोलन संयोजक भूपेश शर्मा ने बताया कि सोरों पौराणिक व प्राचीन तीर्थ है। यहां लाखों की संख्या में श्रद्धालु धार्मिक कृत्यों के लिए विभिन्न प्रांतों से आते हैं। यहां आज भी मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। सोरों को तीर्थ स्थल घोषित कराने को जो चरणबद्ध आंदोलन चल रहा है। युवाओं में आंदोलन के छठे चरण में भू-समाधि सत्याग्रह कर सोरों को तीर्थ स्थल घोषित कराने की मांग की। लोकसभा विधानसभा और निकाय चुनाव में भाजपा के जनप्रतिनिधियों ने तीर्थ स्थल घोषित कराने का वादा किया था, लेकिन चुनाव के बाद इसके लिए काम नहीं किया जा रहा है। राज्य सरकार द्वारा जो पक्षपात पूर्ण रवैया सोरों के खिलाफ अपनाए जा रहा है उसे सोरों के बाशिंदों में आक्रोश है। भू-समाधि सत्याग्रह में श्याम दीक्षित, छोटू शर्मा, रामदास शर्मा, कपिल पंडित, श्रीकृष्ण भारद्वाज, प्रतीक शर्मा, गोपाल उपाध्याय, अन्ना सिंह, योगेश तिवारी, प्रमोद उपाध्याय, प्रशांत वशिष्ठ, लोकेश पचौरी, सीताराम तिवारी, राघवेंद्र तिवारी, रामू महेरे, सीटू तिवारी, मदन महेर,े माधव तिवारी, अशोक कुमार, रामू महेरे, उपाध्याय जैकी गुप्ता, सचिन दुबे, पीयूष सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
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