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प्रैक्टिकल की राह देख रहे छह हजार स्टूडेंट्स

Sat, 30 Mar 2013 05:31 AM IST
Lucknow
Lucknow Updated Sat, 30 Mar 2013 05:31 AM IST
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लखनऊ। राजधानी में यूपी बोर्ड की परीक्षा पूरी तरह से पटरी से उतर चुकी है। लिखित परीक्षाओं का हाल तो बुरा है ही, प्रैक्टिकल्स भी अव्यवस्था की राह पर हैं। स्थिति यह है कि बोर्ड परीक्षाएं शुरू हुए एक पखवाड़ा से ज्यादा बीत चुका है लेकिन अभी तक राजधानी में प्रायोगिक परीक्षाएं तक नहीं खत्म हुई हैं। पहले चरण के छूटे हुए स्कूलों के छह हजार से ज्यादा परीक्षार्थी अभी भी लिखित परीक्षाओं के बीच में प्रैक्टिकल्स के असमंजस में झूल रहे हैं। यूपी बोर्ड द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार राजधानी में इंटरमीडिएट की परीक्षाओं के प्रैक्टिकल्स दूसरे चरण में होने थे। इसके लिए 5 फरवरी से 20 फरवरी तक की समय-सीमा निर्धारित की गई थी। स्थिति यह रही कि समय से नामावली, परीक्षकों की सूची आदि न पहुंचने के चलते राजधानी के 40 प्रतिशत स्कूलों में प्रैक्टिकल्स नहीं हो सके। इसके बाद शिक्षक बोर्ड परीक्षा की तैयारी में लग गए। 12 मार्च से परीक्षाएं शुरू भी हो गईं लेकिन प्रायोगिक परीक्षाएं अटक गईं। स्थिति यह है कि छात्र बिना प्रैक्टिकल दिए बोर्ड की लिखित परीक्षाएं दे रहे हैं। माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रदेशीय मंत्री डॉ. आरपी मिश्र कहते हैं कि स्कूलों को प्रैक्टिकल्स के लिए परीक्षकों की सूची कम से कम 15 दिन पहले मिल जानी चाहिए जिससे परीक्षकों से संपर्क करके स्कूल परीक्षा करा सकें। देरी का खामियाजा छात्रों को भुगतना पड़ता है।
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सेंटर घोषित, तारीख नहीं ः शिक्षा विभाग के जिम्मेदारों ने छूटे हुए परीक्षार्थियों के लिए जुबिली इंटर कॉलेज को सेंटर तो घोषित कर दिया है लेकिन अभी तक प्रायोगिक परीक्षाओं की तारीख घोषित नहीं कर सके हैं। अब बोर्ड परीक्षा के बाद ही इनके प्रैक्टिकल्स हो पाएंगे। अहम सवाल यह है कि परीक्षा के बाद स्कूलों के शिक्षक प्रैक्टिकल्स में उलझेंगे या कॉपियों के मूल्यांकन में। राजधानी में कॉपियों के मूल्यांकन की तस्वीर भी अभी तय नहीं है। प्रायोगिक परीक्षाओं में देरी के चलते इन परीक्षार्थियों के अंक भी बोर्ड को पहुंचेंगे जिसका असर परीक्षा परिणाम की देरी के रूप में भी दिखाई पड़ सकता है। इस संदर्भ में जिला विद्यालय निरीक्षक उमेश त्रिपाठी का कहना है कि प्रैक्टिकल्स से छूटे हुए छात्रों के संदर्भ में बोर्ड ने पत्र भेजकर ब्योरा मांगा है। जल्द ही इसका विस्तृत विवरण बोर्ड को उपलब्ध करा दिया जाएगा। इसके बाद परीक्षा की तारीख घोषित होने की उम्मीद है।
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