Youtube CEO: नील मोहन छोड़ना चाहते थे गूगल, कंपनी ने 830 करोड़ रुपये देकर रोक लिया

प्रदीप पाण्डेय
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीप्रदीप पाण्डेय
Wed, 28 May 2025 03:19 PM IST
सार

नील मोहन 2007 में Google द्वारा DoubleClick के अधिग्रहण के बाद कंपनी में शामिल हुए थे। उन्होंने न केवल Google के विज्ञापन कारोबार को मजबूत किया, बल्कि बाद में YouTube के विकास में भी बड़ी भूमिका निभाई। उनकी तेज रणनीतिक सोच और प्रोडक्ट विज़न के कारण Google उन्हें खोना नहीं चाहता था।

विज्ञापन
Neal Mohan wanted to leave Google the company stopped him by paying Rs 830 crore
Youtube CEO Neal Mohan - फोटो : अमर उजाला

    विस्तार

    YouTube के सीईओ नील मोहन भले ही टेक इंडस्ट्री के बाहर बहुत प्रसिद्ध न हों, लेकिन सिलिकॉन वैली में उन्हें Google और YouTube की सफलता का एक अहम चेहरा माना जाता है। अब उनके अतीत से जुड़ा एक चौंकाने वाला किस्सा सामने आया है, जो यह दिखाता है कि Google उनके योगदान को कितना अधिक महत्व देता है।

    हाल ही में एक पॉडकास्ट में, एंटरप्रेन्योर निखिल कामत से बातचीत के दौरान यह खुलासा हुआ कि साल 2011 में ट्विटर (अब X) नील मोहन को अपना चीफ प्रोडक्ट ऑफिसर बनाना चाहता था। मोहन इस प्रस्ताव को लेकर काफी गंभीर थे, लेकिन Google ने उन्हें रोकने के लिए जो ऑफर दिया, वह बेहद चौंकाने वाला था। Google ने उन्हें करीब $100 मिलियन (लगभग ₹830 करोड़) की रिस्ट्रिक्टेड स्टॉक यूनिट्स (RSUs) की पेशकश की वो भी सिर्फ इसलिए कि वे कंपनी न छोड़ें।

    विज्ञापन

    नील मोहन 2007 में Google द्वारा DoubleClick के अधिग्रहण के बाद कंपनी में शामिल हुए थे। उन्होंने न केवल Google के विज्ञापन कारोबार को मजबूत किया, बल्कि बाद में YouTube के विकास में भी बड़ी भूमिका निभाई। उनकी तेज रणनीतिक सोच और प्रोडक्ट विज़न के कारण Google उन्हें खोना नहीं चाहता था।

    विज्ञापन
    विज्ञापन
    और पढ़ें...
    Login or Signup
    अपना शहर चुनें