Zoom एप को इस्तेमाल करने से नासा और स्पेस एक्स ने क्यों कर दिया मना?

प्रदीप पाण्डेय
टेक डेस्क, अमर उजालाप्रदीप पाण्डेय
Sun, 05 Apr 2020 08:33 PM IST
विज्ञापन
why space x and NASA are not allowing employees to use Zoom
zoom - फोटो : zoom

    कोरोना वायरस के कारण हुए लॉकडाउन में अधिकतर लोग अपने घरों से काम कर रहे हैं। ऐसे में ऑफिस में होने वाली मीटिंग्स भी घरों से ही हो रही हैं। ऑनलाइन मीटिंग्स के लिए स्काइप और जूम जैसे एप्स का इस्तेमाल हो रहा है लेकिन दुनिया की दो बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनियों ने जूम एप को इस्तेमाल ना करने की सलाह दे दी है। Zoom वीडियो कॉलिंग एप को इस वक्त दुनिया के 141 देश इस्तेमाल कर रहे हैं, लेकिन नासा और स्पेस एक्स जैसी कंपनियों ने अपने कर्मचारियों को जूम इस्तेमाल करने से साफ मना कर दिया है।

    ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के मुताबिक एपल के कर्मचारी घर से काम कर रहे हैं। ऐसे में भविष्य के प्लान और प्रोडक्ट को लेकर भी मीटिंग हो रही है। एपल के कर्मचारी मीटिंग के लिए फेसटाइम, स्लैक और Webex जैसे एप्स का इस्तेमाल कर रहे हैं। ऐसे में एपल को डाटा लीक होने का खतरा है। एहतियातन एपल ने ऑनलाइन फाइल शेयरिंग भी कम कर दी है। स्पेस एक्स कंपनी में सभी कर्मचारियों को जूम एप इस्तेमाल ना करने को कहा गया है। स्पेस एक्स के अलावा नासा ने भी जूम एप को इस्तेमाल करने से मना कर दिया है।

    विज्ञापन

    ये भी पढ़ेंः Zoom वीडियो कॉलिंग से सिक्योरिटी का खतरा, CERT ने जारी की एडवाइजरी

    20 करोड़ से अधिक हुए डेली यूजर्स

    जूम के सीईओ एरिक एस युआन ने अपने एक ब्लॉग में बताया है कि दिसंबर 2019 में जूम के डेली एक्टिव यूजर्स की संख्या 10 मिलियन एक करोड़ थी जो मार्च 2020 में 200 मिलियन यानी 20 करोड़ हो गई है। उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस महामारी के कारण दुनियाभर के 20 देशों के 90,000 से अधिक स्कूल भी जूम एप का इस्तेमाल कर रहे हैं।

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    बता दें कि हाल ही में भारत की कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम और राष्ट्रीय साइबर-सुरक्षा एजेंसी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग एप जूम की सिक्योरिटी को लेकर लोगों को आगाह किया है। CERT-In ने कहा है कि जूम एप साइबर हमलों का जरिया बना सकता है।

    इस एप के जरिए साइबर अपराधी सरकारी और निजी कार्यालयों से डाटा चोरी करके उसका गलत इस्तेमाल कर सकते हैं। सीईआरटी ने कहा है कि जूम एप के साथ डाटा लीक का खतरा है। सुझाव के तौर पर एजेंसी ने कहा है कि जूम एप के इस्तेमाल से पहले एप को अप-टू-डेट रखें और मजबूत पासवर्ड रखें। इसके अलावा एप में वेटिंग फीचर को ऑन रखें ताकि मीटिंग में हिस्सा लेने वाले लोगों पर कंट्रोल बना रहे।

    और पढ़ें...
    Login or Signup
    अपना शहर चुनें