समय पर एंबुलेंस नहीं मिलने से महिला ने तड़प-तड़पकर तोड़ दिया दम
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मेडिकल कॉलेज चंबा में समय पर एंबुलेंस नहीं मिलने की वजह से एक महिला की मौत हो गई। महिला की पहचान कशिरू पत्नी किशन लाल निवासी गांव सुखियाड़ी डाकघर ऑयल के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि गरीबी के कारण परिजन टैक्सी नहीं कर पाए।
जानकारी के मुताबिक महिला दो दिन से मेडिकल कॉलेज में उपचाराधीन थी। सोमवार रात को उसकी तबीयत बिगड़ गई। डॉक्टरों ने उसे टांडा मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया। जब वह टांडा जाने के लिए एंबुलेंस मांगने अपातकालीन कक्ष में गए।
तो उन्हें वहां पर कोई भी एंबुलेंस नहीं मिल पाई। एंबुलेंस सेवा मुफ्त हेल्पलाइन नंबर पर भी उन्होंने फोन किया, लेकिन उन्हें एंबुलेंस नहीं मिली। क्योंकि एंबुलेंस किसी दूसरी जगह गई थी। इस वजह से रात को वह टांडा के लिए नहीं निकल पाए।
मंगलवार सुबह वह दोबारा एंबुलेंस के लिए मदद मांग रहे थे। उसी दौरान महिला ने दम तोड़ दिया। अगर समय रहते परिवार को एंबुलेंस मिल जाती तो शायद महिला की जान बच सकती थी। लेकिन ऐसा नहीं हो पाया।
इस प्रकार के मामले में चंबा जिला में पहले भी सामने आ चुके हैं। मृतका का परिवार इतना गरीब था कि महिला के शव को गांव तक पहुंचाने के लिए उनके पास पैसे तक नहीं थे।
लोगों ने पैसे इकट्ठे कर वाहन से घर भेजे परिजन
शव को गांव तक पहुंचाने के लिए भी परिजनों के पास पैसे नहीं थे। ऐसे में मेडिकल कॉलेज में सुरक्षा का जिम्मा संभाल रहे निजी सुरक्षा कर्मियों और लोगों ने करीबन तीन हजार रुपये एकत्रित कर निजी वाहन से परिजनों को घर के लिए रवाना करवाया।
जल्द होगी दूसरी एंबुलेंस की व्यवस्था- मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉक्टर अनिल ओहरी ने बताया कि अस्पताल के पास एक ही एंबुलेंस मौजूद है। वह रात को कहीं गई थी। जल्द ही एक अन्य एंबुलेंस की व्यवस्था की जाएगी।