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चुनाव में लापरवाही बरती तो खैर नहीं
अमर उजाला/ब्यूरो, करनाल
Updated Sun, 14 Sep 2014 12:15 AM IST
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जिला प्रशासन ने विधानसभा चुनाव को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न करवाने के
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लिए रणनीति बना ली है। जिले में बीस गांव के 38 पोलिंग बूथ संवेदनशील और 28
गांव के 77 पोलिंग बूथ अतिसंवेदनशील हैं।
किसी प्रकार की कोई अनहोनी न हो, इसके लिए प्रशासन सुरक्षा की दृष्टि से व्यापक इंतजाम किए हैं। पुलिस की चार कंपनियों की मांग की गई है और इसके अतिरिक्त हरियाणा पुलिस व केंद्रीय पुलिस के जवान भी शामिल होंगे। यह जानकारी शनिवार को जिला निर्वाचन अधिकारी एवं डीसी बलराज सिंह ने प्रेसवार्ता करके दी।
डीसी के साथ एडीसी गिरीश अरोड़ा, एसडीएम डॉ. सुशील मलिक, तहसीलदार हरिओम अत्री मौजूद रहे।
डीसी बलराज सिंह ने बताया कि ईवीएम के रखरखाव के साथ-साथ अधिकारियों के प्रशिक्षण का कार्य पहले ही शुरू कर दिया गया है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दयाल सिंह कॉलेज, डीएवी कॉलेज, डीएवी सीनियर सेकेंडरी स्कूल, एसबीएस स्कूल व स्केटिंग हाल में विधानसभा चुनाव की मतगणना होनी है।
इस संदर्भ में संबंधित आरओ को व्यवस्था सही करने के निर्देश दिए जा चुके हैं। राज्य में 15 अक्तूबर को होने वाले विधानसभा चुनावों की घोषणा के साथ ही जिला में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशी 27 सितंबर तक नामांकन पत्र भर सकेंगे। 29 सितंबर को नामांकन पत्रों की जांच भी की जाएगी तथा एक अक्टूबर तक उम्मीदवार अपना नामांकन पत्र वापस ले सकते हैं। 15 अक्तूबर को मतदान होगा व 19 अक्तूबर को मतगणना की जाएगी। चुनाव आयोग के निर्देशानुसार 22 अक्तूबर से पहले चुनाव कार्य पूरा कर लिया जाएगा।
नामांकन फार्म नंबर 16 भरें ध्यान से
डीसी ने बताया कि नामांकन प्रतिदिन 11 बजे से दोपहर तीन बजे तक भरे जाने हैं। नामांकन पत्र के लिए सामान्य श्रेणी के उम्मीदवार के लिए दस हजार रुपये व अनुसूचित जाति के उम्मीदवार के लिए पांच हजार रुपये की राशि निर्धारित की गई है। नामांकन पत्र भरने वाले उम्मीदवारों को फार्म नंबर-26 पूरे ध्यान से भरने की जरूरत है। एफिडेविट तथा अटेस्टेशन सहित सभी तरह की जांच करना अनिवार्य है। नामांकन पत्र पूरी तरह से भरा होना चाहिए, कोई भी फार्म खाली न रहे, इसकी पूर्ण जांच करना संबंधित अधिकारियों की भी जिम्मेदारी है।
3463 ईवीएम में होगी वोट
जिला में नीलोखेड़ी, असंध, घरौंडा, इंद्री व करनाल पांच विधानसभा क्षेत्र हैं। सभी क्षेत्रों में नौ लाख 61 हजार 451 मतदाता हैं। इनमें 3529 सर्विस वोटर शामिल हैं। मतदान के लिए जिला में 877 पोलिंग बूथ बनाए गए हैं। करीब 3463 ईवीएम का प्रयोग किया जाएगा। नीलोखेड़ी विधानसभा में 30 शहरी व 142 ग्रामीण, इंद्री विधानसभा में नौ शहरी व 167 ग्रामीण, करनाल विधानसभा क्षेत्र में 158 शहरी व 13 ग्रामीण, घरौंडा विधानसभा क्षेत्र में 17 शहरी व 160 ग्रामीण, असंध विधानसभा क्षेत्र में 14 शहरी व 167 ग्रामीण बूथ बनाए गए हैं।
मतदाता सूची में नाम होगा तो डाल पाओगे वोट
डीसी ने बताया कि वोट बनवाने की प्रक्रिया जारी है, नागरिकों को वोटर लिस्ट में पहले ही अपना नाम देख लेना चाहिए। यदि उनका नाम वोटर लिस्ट में नहीं है तो उसे शीघ्र वोट बनवानी चाहिए। बिना वोटर लिस्ट में नाम के कोई भी वोट नहीं डाल सकता है। मतदान केंद्रों में वृद्ध, विकलांग मतदाताओं की सुविधा के लिए रैंप बनाए गए हैं। हर विधानसभा क्षेत्र में एक-एक मॉडल पोलिंग स्टेशन बनाए जाएगा।
चुनाव का खर्च सिर्फ 28 लाख तक
चुनाव के दौरान कोई भी उम्मीदवार बीस हजार रुपये तक की नकद दे सकता है। विधानसभा चुनाव में चुनाव व्यय लेखा सीमा 28 लाख रुपये निर्धारित है। नामांकन के बाद खर्च की जाने वाली राशि का लेनदेन उसी खाते से होना चाहिए, ताकि खर्चे में पारदर्शिता बनी रहे। अपने या पार्टी के प्रचार के लिए सरकारी भवनों व स्थानों का प्रयोग करता है तोे उसके खिलाफ डिफेसमेंट एक्ट के तहत कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। जरूरत पड़ी तो एफआईआर दर्ज करवाई जाएगी।
तीन में खर्च का दें ब्योरा
कोई भी राजनैतिक या चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवार चुनाव प्रचार के लिए पोस्टर, बैनर्स, झंडे छपवाता है तो 127 ए के साथ संलग्न प्रोफार्मा में छपवाए गए मैटीरियल की संख्या, खर्च राशि, मुद्रणालय का नाम का ब्योरा जिलाधीश को तीन दिन के अंदर भेजना अनिवार्य है।
रिश्वत देना और धमकाया तो कार्रवाई
डीसी बलराज सिंह ने कहा कि मतदाताओं को किसी भी प्रकार की रिश्वत देना, डराना-धमकाना, मतदाताओं का प्रतिरूपण, मतदान केंद्र के 100 मीटर के भीतर वोटों के लिए याचना करना, मतदाताओं को मतदान केंद्रों तक ले जाना और लेकर आना भी आचार संहिता के दायरे में आता है। इस संदर्भ में आचार संहिता का उल्लंघन होने पर संबंधित के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मतदान वाले दिन प्रयोग में लाए जाने वाले वाहनों के लिए स्वीकृति लेना अनिवार्य है।
किसी प्रकार की कोई अनहोनी न हो, इसके लिए प्रशासन सुरक्षा की दृष्टि से व्यापक इंतजाम किए हैं। पुलिस की चार कंपनियों की मांग की गई है और इसके अतिरिक्त हरियाणा पुलिस व केंद्रीय पुलिस के जवान भी शामिल होंगे। यह जानकारी शनिवार को जिला निर्वाचन अधिकारी एवं डीसी बलराज सिंह ने प्रेसवार्ता करके दी।
डीसी के साथ एडीसी गिरीश अरोड़ा, एसडीएम डॉ. सुशील मलिक, तहसीलदार हरिओम अत्री मौजूद रहे।
डीसी बलराज सिंह ने बताया कि ईवीएम के रखरखाव के साथ-साथ अधिकारियों के प्रशिक्षण का कार्य पहले ही शुरू कर दिया गया है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दयाल सिंह कॉलेज, डीएवी कॉलेज, डीएवी सीनियर सेकेंडरी स्कूल, एसबीएस स्कूल व स्केटिंग हाल में विधानसभा चुनाव की मतगणना होनी है।
इस संदर्भ में संबंधित आरओ को व्यवस्था सही करने के निर्देश दिए जा चुके हैं। राज्य में 15 अक्तूबर को होने वाले विधानसभा चुनावों की घोषणा के साथ ही जिला में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशी 27 सितंबर तक नामांकन पत्र भर सकेंगे। 29 सितंबर को नामांकन पत्रों की जांच भी की जाएगी तथा एक अक्टूबर तक उम्मीदवार अपना नामांकन पत्र वापस ले सकते हैं। 15 अक्तूबर को मतदान होगा व 19 अक्तूबर को मतगणना की जाएगी। चुनाव आयोग के निर्देशानुसार 22 अक्तूबर से पहले चुनाव कार्य पूरा कर लिया जाएगा।
नामांकन फार्म नंबर 16 भरें ध्यान से
डीसी ने बताया कि नामांकन प्रतिदिन 11 बजे से दोपहर तीन बजे तक भरे जाने हैं। नामांकन पत्र के लिए सामान्य श्रेणी के उम्मीदवार के लिए दस हजार रुपये व अनुसूचित जाति के उम्मीदवार के लिए पांच हजार रुपये की राशि निर्धारित की गई है। नामांकन पत्र भरने वाले उम्मीदवारों को फार्म नंबर-26 पूरे ध्यान से भरने की जरूरत है। एफिडेविट तथा अटेस्टेशन सहित सभी तरह की जांच करना अनिवार्य है। नामांकन पत्र पूरी तरह से भरा होना चाहिए, कोई भी फार्म खाली न रहे, इसकी पूर्ण जांच करना संबंधित अधिकारियों की भी जिम्मेदारी है।
3463 ईवीएम में होगी वोट
जिला में नीलोखेड़ी, असंध, घरौंडा, इंद्री व करनाल पांच विधानसभा क्षेत्र हैं। सभी क्षेत्रों में नौ लाख 61 हजार 451 मतदाता हैं। इनमें 3529 सर्विस वोटर शामिल हैं। मतदान के लिए जिला में 877 पोलिंग बूथ बनाए गए हैं। करीब 3463 ईवीएम का प्रयोग किया जाएगा। नीलोखेड़ी विधानसभा में 30 शहरी व 142 ग्रामीण, इंद्री विधानसभा में नौ शहरी व 167 ग्रामीण, करनाल विधानसभा क्षेत्र में 158 शहरी व 13 ग्रामीण, घरौंडा विधानसभा क्षेत्र में 17 शहरी व 160 ग्रामीण, असंध विधानसभा क्षेत्र में 14 शहरी व 167 ग्रामीण बूथ बनाए गए हैं।
मतदाता सूची में नाम होगा तो डाल पाओगे वोट
डीसी ने बताया कि वोट बनवाने की प्रक्रिया जारी है, नागरिकों को वोटर लिस्ट में पहले ही अपना नाम देख लेना चाहिए। यदि उनका नाम वोटर लिस्ट में नहीं है तो उसे शीघ्र वोट बनवानी चाहिए। बिना वोटर लिस्ट में नाम के कोई भी वोट नहीं डाल सकता है। मतदान केंद्रों में वृद्ध, विकलांग मतदाताओं की सुविधा के लिए रैंप बनाए गए हैं। हर विधानसभा क्षेत्र में एक-एक मॉडल पोलिंग स्टेशन बनाए जाएगा।
चुनाव का खर्च सिर्फ 28 लाख तक
चुनाव के दौरान कोई भी उम्मीदवार बीस हजार रुपये तक की नकद दे सकता है। विधानसभा चुनाव में चुनाव व्यय लेखा सीमा 28 लाख रुपये निर्धारित है। नामांकन के बाद खर्च की जाने वाली राशि का लेनदेन उसी खाते से होना चाहिए, ताकि खर्चे में पारदर्शिता बनी रहे। अपने या पार्टी के प्रचार के लिए सरकारी भवनों व स्थानों का प्रयोग करता है तोे उसके खिलाफ डिफेसमेंट एक्ट के तहत कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। जरूरत पड़ी तो एफआईआर दर्ज करवाई जाएगी।
तीन में खर्च का दें ब्योरा
कोई भी राजनैतिक या चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवार चुनाव प्रचार के लिए पोस्टर, बैनर्स, झंडे छपवाता है तो 127 ए के साथ संलग्न प्रोफार्मा में छपवाए गए मैटीरियल की संख्या, खर्च राशि, मुद्रणालय का नाम का ब्योरा जिलाधीश को तीन दिन के अंदर भेजना अनिवार्य है।
रिश्वत देना और धमकाया तो कार्रवाई
डीसी बलराज सिंह ने कहा कि मतदाताओं को किसी भी प्रकार की रिश्वत देना, डराना-धमकाना, मतदाताओं का प्रतिरूपण, मतदान केंद्र के 100 मीटर के भीतर वोटों के लिए याचना करना, मतदाताओं को मतदान केंद्रों तक ले जाना और लेकर आना भी आचार संहिता के दायरे में आता है। इस संदर्भ में आचार संहिता का उल्लंघन होने पर संबंधित के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मतदान वाले दिन प्रयोग में लाए जाने वाले वाहनों के लिए स्वीकृति लेना अनिवार्य है।