{"_id":"664c7e9ec06ef0164502a79c","slug":"vikramaditya-singh-said-jairam-could-not-do-anything-for-mandi-district-in-terms-of-development-2024-05-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Himachal: विक्रमादित्य सिंह बोले- बतौर मुख्यमंत्री मंडी जिले के लिए कुछ नहीं कर पाए जयराम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Himachal: विक्रमादित्य सिंह बोले- बतौर मुख्यमंत्री मंडी जिले के लिए कुछ नहीं कर पाए जयराम
Tue, 21 May 2024 06:02 PM IST
Krishan Singh
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
Published by: Krishan Singh
Updated Tue, 21 May 2024 06:02 PM IST
सार
कांग्रेस प्रत्याशी विक्रमादित्य सिंह ने मंगलवार को सदर विधानसभा क्षेत्र के तहत आने वाले साईगलू में जयराम की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि जयराम उनके लिए सम्माननीय और एक शरीफ व्यक्ति हैं।
विज्ञापन
कांग्रेस प्रत्याशी विक्रमादित्य सिंह
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मंडी संसदीय सीट से कांग्रेस प्रत्याशी विक्रमादित्य सिंह ने मंगलवार को सदर विधानसभा क्षेत्र के तहत आने वाले साईगलू में जयराम की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि जयराम उनके लिए सम्माननीय और एक शरीफ व्यक्ति हैं। जब उनके पिता का देहांत हुआ था तो जयराम ठाकुर ने दो घंटे रामपुर में तपती धूप में खड़े रहकर श्रद्धांजलि दी थी। विक्रमादित्य सिंह ने नरम लहजे में कहा कि जयराम ठाकुर बतौर मुख्यमंत्री मंडी जिले के लिए कुछ नहीं कर पाए। यहां जो भी विकास हुआ है वो स्वर्गीय वीरभद्र सिंह की देन है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विक्रमादित्य सिंह ने स्वर्गीय पंडित सुखराम और उनके विधायक बेटे अनिल शर्मा की भी तारीफ की। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय पंडित सुखराम संचार क्रांति के मसीहा थे और अपने दौर में उन्होंने मंडी सदर में अथाह विकास करवाया, लेकिन अब यह नया दौर है, जिसमें उन्हें काम करने का मौका मिल रहा है। बतौर मंत्री मंडी सदर में जो उदघाटन और शिलान्यास किए हैं वो कोई फट्टे नहीं लटकाए हैं बल्कि धरातल पर काम करके दिखाया है। विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि यदि जनता उन्हें यहां से चुनकर भेजती है तो फिर वे केंद्र में हिमाचल प्रदेश के लिए अलग से रेजिमेंट की पैरवी करेंगे। प्रदेश वीरों की भूमि है और यहां से बहुत से लोग सेना में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। कई रणबांकुरों ने अपने प्राणों की आहुति दी है। ऐसे में यहां के शौर्य के लिए एक अलग से रेजिमेंट का होना बेहद जरूरी है।
विज्ञापन