कालाअंब में ट्रांसपोर्टरों को एक महीने में दो करोड़ रुपये का नुकसान
औद्योगिक क्षेत्र कालाअंब में ट्रांसपोर्टरों को एक महीने में करीब दो करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। कोरोना वायरस के संक्रमण के खतरे के मद्देनजर 23 मार्च से लॉकडाउन और कर्फ्यू लगने के बाद कालाअंब की सभी औद्योगिक इकाइयों को बंद कर दिया गया था। हालांकि, बाद में केवल आवश्यक वस्तुओं के उत्पादन की अनुमति दी गई थी।
बाकी सब उद्योगों के लगातार बंद रहने से कालाअंब की 80 से ज्यादा ट्रांसपोर्ट कंपनियों को रोजाना पांच से सात लाख का नुकसान झेलना पड़ रहा है। ट्रांसपोर्ट कंपनियों के माध्यम से रोजाना 250 मालवाहक वाहन दूसरे राज्यों में माल लेकर आते जाते हैं। इतनी संख्या में ही वाहन कालाअंब में अपनी बारी की प्रतीक्षा में खड़े रहते हैं।
इसके अलावा 200 छोटे वाहन भी कालाअंब में माल ढुलाई का काम कर रहे हैं। लेकिन, लॉकडाउन के कारण ट्रांसपोर्ट व्यवसाय पूरी तरह ठप पड़ गया है। दूसरी ओर ट्रक ऑपरेटर भी आर्थिक तंगी का शिकार हो रहे हैं। काम न मिलने के कारण उनको गाड़ियों की किस्तें चुकानी भारी पड़ रही हैं। ट्रक ऑपरेटर मंजीत सिंह, श्रवण कुमार, यशवंत सिंह, चुन्नू, पवन, जसवीर ने बताया कि उनका कारोबार पूरी तरह से उद्योगों पर निर्भर करता है।
लॉकडाउन के कारण उद्योगों में उत्पादन बंद होने से उनका कारोबार भी ठप हो गया है। गाड़ियों की किस्तें चुकाने के लिए कर्ज लेना पड़ रहा है या फिर जुर्माना भरना पड़ रहा है। कालाअंब के ट्रांसपोर्टर परमीत सिंह और सुभाष शर्मा ने मांग की है कि प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन इस वर्ग को राहत प्रदान करने के लिए कदम उठाए।
बस चालक-परिचालक किए आईसोलेट, कोरोना सैंपल लिए
वहीं, ऊना में महाराष्ट्र के नांदेड़ में हुजूर साहिब से पंजाब के श्रद्धालुओं से भरी बस लेकर लौटे ऊना के चालक और परिचालक को जिला प्रशासन ने आईसोलेट कर दिया है। दोनों के कोरोना सैंपल लिए हैं। चालक के संपर्क में आने वाले परिवार के आठ सदस्य भी अस्पताल में हैं। चालक-परिचालक 23 अप्रैल को नांदेड़ साहिब से 23 सवारियां लेकर पटियाला गए थे। 26 अप्रैल को सवारियां पटियाला में छोड़कर मैहतपुर बैरियर से घर पहुंचे थे।
स्वास्थ्य विभाग ने दोनों के सैंपल लिए हैं। परिवार के आठ सदस्यों के सैंपल लेने की प्रक्रिया जारी है। बताया जा रहा है कि चालक महाराष्ट्र की एक कंपनी में बस चलाता है। उधर, एएसपी विनोद धीमान ने कहा कि हुजूर साहिब के श्रद्धालुओं को पटियाला के राजपुरा और बनूड में छोड़कर आए चालक के परिवार और परिचालक सहित दस लोगों को पालकवाह स्थित क्वारंटीन सेंटर में आईसोलेट किया गया है।