{"_id":"5e50c6c18ebc3ef3b76ca016","slug":"to-complete-pubg-game-task-solan-minor-boy-go-to-aurangabad","type":"story","status":"publish","title_hn":"पबजी का टास्क पूरा करने सोलन से औरंगाबाद जा पहुंचा नाबालिग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पबजी का टास्क पूरा करने सोलन से औरंगाबाद जा पहुंचा नाबालिग
Sat, 22 Feb 2020 11:44 AM IST
अरविन्द ठाकुर
अमर उजाला नेटवर्क, कुनिहार(सोलन)
अमर उजाला नेटवर्क, कुनिहार(सोलन)
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Sat, 22 Feb 2020 11:44 AM IST
विज्ञापन
pubg
- फोटो : social media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मोबाइल फोन पर पबजी गेम का टास्क पूरा करने के लिए सोलन जिले के कुनिहार का एक नाबालिग महाराष्ट्र के औरंगाबाद तक जा पहुंचा। परिवार वालों ने बिना बताए घर से निकले बेटे के लापता होने की शिकायत 17 फरवरी को कुनिहार थाने में दर्ज करवा दी।
विज्ञापन
पुलिस ने छानबीन के बाद पबजी खेल रहे महाराष्ट्र के एक युवक से संपर्क किया तो नाबालिग के वहां होने की जानकारी लगी। इसके बाद चाइल्ड लाइन की मदद से उसे वापस लाकर परिवार वालों के हवाले किया गया।
विज्ञापन
एएसपी सोलन डॉ. शिव कुमार शर्मा ने बताया कि ग्यारहवीं में पढ़ने वाले 17 साल के छात्र के लापता होने की शिकायत मिलने पर जब पुलिस ने छानबीन की तो मोबाइल लोकेशन के आधार पर उसकी लोकेशन महाराष्ट्र के औरंगाबाद में पाई गई। पता चला कि छात्र पबजी गेम खेल रहा था और उसका मोबाइल नंबर बंद था। उसके साथ एक महाराष्ट्र का युवक भी गेम खेल रहा था।
विज्ञापन
उसके टास्क को पूरा करने के चक्कर में नाबालिग घर से निकल गया। जब वह ट्रेन में सफर कर रहा था तो उस दौरान भी पबजी खेल रहा था। इसी बीच किसी यात्री से उसने फोन लिया और महाराष्ट्र के युवक से संपर्क किया कि वह वहां पहुंचने वाला है।
इस बीच सोलन पुलिस भी पबजी खेल रहे युवक से संपर्क कर चुकी थी। जैसे ही नाबालिग का फोन महाराष्ट्र के युवक को गया, उसने इसकी जानकारी सोलन पुलिस को दे दी। इसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर नाबालिग छात्र को पकड़कर परिजनों के हवाले कर दिया।
एएसपी सोलन डॉ. शिव कुमार शर्मा ने बताया कि नाबालिग छात्र पबजी गेम का टास्क पूरा करने औरंगाबाद पहुंच गया था। मोबाइल लोकेशन के आधार पर उसे खोज कर वापस लाया गया और परिवार वालों को सौंप दिया गया।