{"_id":"628e72412844587a830523a0","slug":"teaching-work-distrub-in-hpu-shimla-news-sml4100470152","type":"story","status":"publish","title_hn":"एचपीयू में दूसरे दिन ठप रहा शिक्षण कार्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एचपीयू में दूसरे दिन ठप रहा शिक्षण कार्य
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कुलपति दफ्तर के बाहर शिक्षकों का प्रदर्शन
यूजीसी पे स्केल लागू करने की मांग कर रहे हैं शिक्षक
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। यूजीसी पे स्केल लागू करने की मांग को लेकर आंदोलनरत हिमाचल विश्वविद्यालय और कॉलेज शिक्षकों ने बुधवार को भी अपने कॉलेजों के परिसरों में धरना प्रदर्शन जारी रखा। प्रदर्शन के चलते विवि में दूसरे दिन भी शिक्षण कार्य प्रभावित रहा।
हिमाचल प्रदेश विवि के शिक्षक संघों हपुटा और हपुटवा ने कुलपति कार्यालय के बाहर शिक्षकों के समर्थन में प्रदर्शन किया।
हपुटवा के महासचिव डॉ. जोगेंद्र सकलानी, हपुटा अध्यक्ष प्रो. श्यामलाल कौशल, अरुण कुमार सिंह, प्रो. महावीर सिंह, डॉ. राज कुमार, प्रो. ममता मोक्टा, प्रो. जोगेंद्र कुमार धीमान प्रो. अजय श्रीवास्तव और अंजली ने इस दौरान कर्मचारियों को संबोधित किया। शिक्षक नेताओं ने कहा कि प्रदेश सरकार से बार-बार नए पे स्केल को लागू करने की मांग की जा रही है, बावजूद इसके सरकार ने इसे लागू नहीं किया। यह शिक्षकों के साथ अन्याय है। प्रदेश सरकार ने अन्य विभागों में नए पे स्केल को लागू कर दिया है। सिर्फ शिक्षकों के हितों की अनदेखी की जा रही है।
डॉ. सकलानी ने कहा कि सरकार में सेवारत कुछ अधिकारी नए पे स्केल पर फैसला लेने के रास्ते में रोड़ा बन रहे हैं। यह सब एक साजिश के तहत किया जा रहा है। इसका समस्त शिक्षक विरोध करते हैं। मजबूरन शिक्षकों को दो दिन से शिक्षण कार्य को बंदकर अपने हक के लिए आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होना पड़ रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रदेश सरकार कॉलेज और विवि के शिक्षकों की इस मांग को जल्द पूरा करेगी। प्रदर्शन में प्रो. आरएल जिंटा, डॉ. अजय ठाकुर और डॉ. सुनीता सहित सभी शिक्षक शामिल हुए।
विज्ञापन
कॉलेजों में एक घंटे
तक जारी रहा धरना
राजकीय कॉलेज प्राध्यापक संघ के आह्वान पर प्रदेशभर के कॉलेजों में शिक्षकों ने साढ़े बारह से डेढ़ बजे तक प्रदर्शन किया। संघ के प्रदेश महासचिव डॉ. रामलाल शर्मा ने कहा कि राजधानी के संजौली, राजीव गांधी महाविद्यालय और आरकेएमवी में शिक्षकों ने मिलकर प्रदर्शन किया। कहा कि जब तक मांग पूरी नहीं की जाती तब तक प्रदर्शन जारी रहेगा।
विज्ञापन
यूजीसी पे स्केल लागू करने की मांग कर रहे हैं शिक्षक
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। यूजीसी पे स्केल लागू करने की मांग को लेकर आंदोलनरत हिमाचल विश्वविद्यालय और कॉलेज शिक्षकों ने बुधवार को भी अपने कॉलेजों के परिसरों में धरना प्रदर्शन जारी रखा। प्रदर्शन के चलते विवि में दूसरे दिन भी शिक्षण कार्य प्रभावित रहा।
हिमाचल प्रदेश विवि के शिक्षक संघों हपुटा और हपुटवा ने कुलपति कार्यालय के बाहर शिक्षकों के समर्थन में प्रदर्शन किया।
हपुटवा के महासचिव डॉ. जोगेंद्र सकलानी, हपुटा अध्यक्ष प्रो. श्यामलाल कौशल, अरुण कुमार सिंह, प्रो. महावीर सिंह, डॉ. राज कुमार, प्रो. ममता मोक्टा, प्रो. जोगेंद्र कुमार धीमान प्रो. अजय श्रीवास्तव और अंजली ने इस दौरान कर्मचारियों को संबोधित किया। शिक्षक नेताओं ने कहा कि प्रदेश सरकार से बार-बार नए पे स्केल को लागू करने की मांग की जा रही है, बावजूद इसके सरकार ने इसे लागू नहीं किया। यह शिक्षकों के साथ अन्याय है। प्रदेश सरकार ने अन्य विभागों में नए पे स्केल को लागू कर दिया है। सिर्फ शिक्षकों के हितों की अनदेखी की जा रही है।
विज्ञापन
डॉ. सकलानी ने कहा कि सरकार में सेवारत कुछ अधिकारी नए पे स्केल पर फैसला लेने के रास्ते में रोड़ा बन रहे हैं। यह सब एक साजिश के तहत किया जा रहा है। इसका समस्त शिक्षक विरोध करते हैं। मजबूरन शिक्षकों को दो दिन से शिक्षण कार्य को बंदकर अपने हक के लिए आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होना पड़ रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रदेश सरकार कॉलेज और विवि के शिक्षकों की इस मांग को जल्द पूरा करेगी। प्रदर्शन में प्रो. आरएल जिंटा, डॉ. अजय ठाकुर और डॉ. सुनीता सहित सभी शिक्षक शामिल हुए।
विज्ञापन
कॉलेजों में एक घंटे
तक जारी रहा धरना
राजकीय कॉलेज प्राध्यापक संघ के आह्वान पर प्रदेशभर के कॉलेजों में शिक्षकों ने साढ़े बारह से डेढ़ बजे तक प्रदर्शन किया। संघ के प्रदेश महासचिव डॉ. रामलाल शर्मा ने कहा कि राजधानी के संजौली, राजीव गांधी महाविद्यालय और आरकेएमवी में शिक्षकों ने मिलकर प्रदर्शन किया। कहा कि जब तक मांग पूरी नहीं की जाती तब तक प्रदर्शन जारी रहेगा।