हिमाचल के सरकारी डिपुओं में अब और सस्ती मिलेगी चीनी
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हिमाचल के सरकारी डिपुओं में मिलने वाली चीनी अब और सस्ती हो सकती है। लोगों को सस्ती चीनी उपलब्ध कराने के लिए प्रदेश सरकार निजी कंपनियों के बजाय सरकारी एजेंसी से खरीद करने जा रही है। इसके लिए हरियाणा सरकार से बातचीत हो चुकी है।
हरियाणा सरकार की एजेंसी से लेने पर लेवी चीनी चार रुपये तक सस्ती होने का अनुमान है। डिपुओं में सस्ती दालों की खरीद प्रणाली बदलने के बाद अब निजी कंपनियों से चीनी खरीद के पूर्व सरकार के एक और फैसले को पलटा जा रहा है। इससे न केवल उपभोक्ताओं को फायदा होगा, बल्कि खाद्य आपूर्ति निगम की आर्थिक सेहत भी ठीक होगी।
हिमाचल में वर्तमान में साढ़े अठारह लाख राशनकार्ड धारक परिवार हैं। इनमें साढ़े बारह लाख एपीएल परिवारों को साढ़े 29 रुपये प्रति किलो के हिसाब से और बीपीएल परिवारों को यह चीनी साढ़े अठारह रुपये की दर से दी जा रही है।
साल 2016-17 में एपीएल उपभोक्ताओं को लेवी चीनी 18 रुपये प्रति किलो और गरीब परिवारों को साढ़े 13 रुपये के हिसाब से मुहैया कराई जाती थी।
लेकिन केंद्र सरकार से चीनी की सब्सिडी का पैसा न मिलने पर पूर्व कांग्रेस सरकार ने चुनावी वर्ष 2017 में अपने स्तर पर लोगों को सब्सिडी पर चीनी देने का फैसला लिया था। तब से एपीएल उपभोक्ताओं को चीनी साढ़े 29 रुपये के हिसाब से मिल रही है।
हरियाणा सरकार से चीनी खरीदने का फैसला लिया गया है। सीधे सरकारी एजेंसी से खरीद होने से पहले की अपेक्षा दाम भी कम होगा। उपभोक्ताओं को कम दामों पर चीनी उपलब्ध कराए जाने का मामला सरकार के विचाराधीन है। -एसएस गुलेरिया, निदेशक खाद्य आपूर्ति निगम