ऊना: एसआईटी ने सील की पटाखा फैक्टरी, हिरासत में लिए दो लोग
पटाखा फैक्टरी में विस्फोट के मामले को लेकर गठित एसआईटी ने बाथू में घटनास्थल पर पड़ताल की है। बम निरोधक दस्ता मंगलवार शाम को ही घटनास्थल पर पहुंच गया था। बाथड़ी बेला में भी अवैध रूप से पटाखे बनाने की फैक्टरी को प्रशासन ने सील कर दिया है।
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पटाखा फैक्टरी में विस्फोट के मामले को लेकर गठित एसआईटी ने बुधवार सुबह बाथू में घटनास्थल पर पड़ताल की है। बम निरोधक दस्ता मंगलवार शाम को ही घटनास्थल पर पहुंच गया था। आरएफएसएसएल की टीम ने भी बुधवार को तथ्य जुटाए। बाथू में तीनों टीमों की मौजूदगी में दिन भर जांच चलती रही। फोरेंसिक टीम ने मौके विस्फोटक सामग्री के जांच के लिए सैंपल लिए। इसके साथ टीम विस्फोट होने के कारणों का भी पता लगा रही है। बुधवार को घटनास्थल पूरी तरह से सील रहा। किसी को अंदर जाने की अनुमति नहीं दी गई। इस मामले में पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में लिया है। जिनसे पूछताछ की जा रही है।
एसआईटी प्रमुख का दावा है कि कुछ लीड मिली है, जिस पर टीम काम कर रही है। बम निरोधक दस्ते ने विस्फोटक सामग्री की ज्वलनशीलता, खतरे और किस तरह की और विस्फोट सामग्री होने की पड़ताल की। सारे सामान को भी पुलिस टीम ने सील किया है। बुधवार को एसआईटी प्रमुख डीआईजी सुमेधा और आईपीएस विमुक्त रंजन घटनास्थल पहुंचे थे। जबकि एसआईटी के तीसरे सदस्य एसपी ऊना अर्जित सेन ठाकुर इस केस के सिलसिले में दूसरी जगह जांच के लिए भेजे गए। डीआईजी सुमेधा ने बताया कि जांच पड़ताल की जा रही है। इससे ज्यादा अभी कुछ कहा नहीं जा सकता है।
बाथड़ी बेला में एक अन्य अवैध पटाखा फैक्टरी सील
वहीं, ऊना जिले के बाथड़ी बेला में भी अवैध रूप से पटाखे बनाने की फैक्टरी को प्रशासन ने सील कर दिया है। नोटिस के 24 घंटे के भीतर आवश्यक दस्तावेज पेश न कर पाने पर यह कार्रवाई की गई है। इसकी पुष्टि उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ठाकुर ने की। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को इस मामले में सख्ती कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। पत्रकारों के साथ बातचीत में उन्होंने कहा कि पीजीआई में भी घायलों के उपचार में सहूलियत के लिए नोडल अधिकारी तैनात किया गया है। प्रशासन मामले में कड़ी कार्रवाई कर रहा है और मामले के प्रत्येक पहलू की निष्पक्ष जांच की जा रही है। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
एक प्रश्न के उत्तर में बिक्रम ठाकुर ने कहा कि उद्योग विभाग का काम उद्योग लगाने में मदद प्रदान करना है, लेकिन उद्योगों में अवैध गतिविधियों को रोकने के लिए तंत्र विकसित किया जा रहा है। इससे पहले उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ठाकुर ने बुधवार को बाथू हादसे का घटनास्थल पर जाकर निरीक्षण किया और क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में घायलों से मुलाकात की। निरंतर निरीक्षण करने के दिए निर्देश उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ठाकुर ने विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक भी की। हादसे के प्रभावितों को अब तक 4.25 लाख रुपये की फौरी राहत प्रदान की गई है। बैठक में बिक्रम सिंह ठाकुर उद्योग तथा श्रम एवं रोजगार विभाग के अधिकारियों को निरंतर औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए और कहा कि नियमों की अवहेलना करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करें।
सभी उद्योगों की जांच कर हफ्ते में रिपोर्ट तलब
उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ठाकुर ने डीसी राघव शर्मा को निर्देश दिए कि जिला ऊना के सभी औद्योगिक यूनिट के बाहर नाम एवं कर्मचारियों की संख्या के बोर्ड लगाए जाएं। डीसी राघव शर्मा ने हादसे के संबंध में उद्योग मंत्री को विस्तार से जानकारी प्रदान की और कहा कि शव परिजनों को सौंप दिए गए हैं।