{"_id":"640edbce4e8425cf700500e5","slug":"sister-nivedita-government-nursing-college-teaching-block-construction-not-completed-in-13-years-2023-03-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shimla News: हॉस्टलों में लग रहीं नर्सिंग प्रशिक्षु छात्राओं की कक्षाएं, टीचिंग ब्लॉक 13 साल बाद भी नहीं बना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shimla News: हॉस्टलों में लग रहीं नर्सिंग प्रशिक्षु छात्राओं की कक्षाएं, टीचिंग ब्लॉक 13 साल बाद भी नहीं बना
Mon, 13 Mar 2023 01:46 PM IST
अरविन्द ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला
संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Mon, 13 Mar 2023 01:46 PM IST
सार
सुषमा ठाकुर ने बताया कि 2010 में 5 करोड़ रुपये का बजट टीचिंग ब्लॉक बनाने के लिए मंजूर किया गया था। साल 2016-17 में मेडिकल कॉलेज के पास जगह भी देख ली गई थी लेकिन, आज तक इस बजट का इस्तेमाल नहीं हो पाया है।
विज्ञापन
प्रदेश नर्सिंग टीचर्स एसोसिएशन की अध्यक्ष जानकारी देतीं हुईं।
- फोटो : संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सिस्टर निवेदिता राजकीय नर्सिंग कॉलेज का टीचिंग ब्लॉक 13 साल बाद भी नहीं बन पाया है। अध्यापन कार्य के लिए भवन की व्यवस्था न होने के कारण नर्सिंग प्रशिक्षु छात्राओं को हॉस्टल में ही क्लासें लगाने पड़ रही है। एचपी स्टेट नर्सिंग टीचर्स एसोसिएशन की अध्यक्ष सुषमा ठाकुर ने शिमला में पत्रकार वार्ता में यह मुद्दा जोरशोर से उठाया।
विज्ञापन
पत्रकार वार्ता में एचपी स्टेट नर्सिंग टीचर्स एसोसिएशन और एचपी स्टेट नर्सेस एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि 2010 में 5 करोड़ रुपये का बजट टीचिंग ब्लॉक बनाने के लिए मंजूर किया गया था। साल 2016-17 में मेडिकल कॉलेज के पास जगह भी देख ली गई थी लेकिन, आज तक इस बजट का इस्तेमाल नहीं हो पाया है। प्रशिक्षुओं के लिए बने आवासीय ब्लॉकों में कक्षाएं लगानी पड़ रही है।
विज्ञापन
टीचिंग ब्लॉक बनकर तैयार होता तो कंप्यूटर लैब, मदर एंड चाइल्ड लैब के अलावा अन्य लैब यहां पर शिफ्ट होने से हॉस्टल में जगह खुलनी थी। साथ ही नर्सिंग प्रशिक्षु छात्राओं को हॉस्टल के एक कमरे में आठ-आठ के ग्रुप में नहीं रहना पड़ता। एचपी स्टेट नर्सिंग टीचर्स एसोसिएशन की अध्यक्ष सुषमा ठाकुर ने कहा कि अध्यापन कार्य के लिए भवन की मूलभूत सुविधा को पूरा नहीं किया गया तो आईएनसी निरीक्षण में इस कमी को गंभीरता से लेकर प्रशिक्षु छात्राओं का अगला बैच नहीं बैठने देगी।
विज्ञापन
2003 के बाद से टीचर्स स्टाफ की वरिष्ठता सूची भी नहीं बनी है। उन्होंने बताया कि नर्सिंग संस्थानों में सिस्टर ट्यूटर के 37 पद खाली है। एचपी स्टेट नर्सेस एसोसिएशन की अध्यक्ष सीता ठाकुर ने भी नर्सिंग ब्लॉक के भवन के लिए मंजूर करोड़ों के बजट का सालों बाद भी सदुपयोग न होने पर सवाल उठाए।